यह वीडियो मिस्र के फिरौन काल से लेकर मुसलमानों के फतह तक 5000 साल की इतिहास यात्रा बताता है।
Key Takeaways
- इजिप्ट की ताकत का मूल नाइल नदी और उसकी जल संपदा थी।
- फिरौनों ने खुद को देवता घोषित कर धार्मिक सत्ता स्थापित की।
- ममीकरण और पिरामिड निर्माण इजिप्ट की संस्कृति और अर्थव्यवस्था पर गहरा प्रभाव डाला।
- मुसलमानों के फतह के बाद इजिप्ट में राजनीतिक और सैन्य बदलाव हुए।
- इतिहास में बनी इसराइल और इजिप्ट के बीच संघर्ष ने क्षेत्रीय राजनीति को प्रभावित किया।
What the video covers
- मुसलमानों ने पैगंबर की भविष्यवाणी के अनुसार इजिप्ट को फतह किया और वहां के लोगों के साथ नेकी से पेश आए।
- फतह के बाद एक बीमारी फैली जिससे कई मुसलमान जनरल शहीद हुए, अमर बिन आस को आर्मी चीफ बनाया गया।
- इजिप्ट की ताकत नाइल नदी के पानी से आई, जिसने इसे दुनिया का सबसे रिच और ताकतवर इलाका बनाया।
- किंग नार्मल ने इजिप्ट को यूनाइट कर दुनिया की पहली बादशाहत स्थापित की।
- फिरौन ने खुद को खुदा घोषित किया और ममीकरण व पिरामिड निर्माण की परंपरा शुरू की।
- पिरामिड्स का निर्माण इजिप्ट की अर्थव्यवस्था को कमजोर करने लगा।
- यूसुफ अल सलाम ने मिस्र की अर्थव्यवस्था को पुनर्जीवित किया और प्राइम मिनिस्टर बने।
- बनी इसराइल की बढ़ती ताकत के कारण इजिप्ट में नए फिरौन ने सख्त नियम लागू किए।
- मूसा अल सलाम के दौर में बनी इसराइल और फिरौनों के बीच संघर्ष हुआ।
- इजिप्ट का डार्क एजेस काल शुरू हुआ और फलस्तीन में नई सुपर पावर उभरी।
Chapters
- 00:00इजिप्ट और फिरौन का परिचय
- 00:54मुसलमानों की फतह और बीमारी का संकट
- 01:37अमर बिन आस और इजिप्ट पर ध्यान
- 02:25नाइल नदी और इजिप्ट की ताकत
- 03:15किंग नार्मल और पहली बादशाहत
- 04:00फिरौन का खुदा बनने का दावा और ममीकरण
- 04:42पिरामिड निर्माण और इजिप्ट की अर्थव्यवस्था
- 07:04यूसुफ अल सलाम और इजिप्ट की पुनरुत्थान
- 09:05बनी इसराइल और फिरौनों के बीच संघर्ष
- 12:00मूसा अल सलाम का काल और डार्क एजेस
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Speaker A
इजिप्ट दुनिया की पहली बड़ी सुपर पावर फिरौन की सिटी है। इसी इजिप्ट के बारे में आप सल्लल्लाहु अल वसल्लम ने अपनी वफात से पहले ही क्लीयरली बता दिया था कि तुम मुसलमान जरूर एक दिन इजिप्त को फतह करोगे, लेकिन याद रखना जब तुम इजिप्त को फतह करो, तो वहां के आम लोगों के साथ नेकी से पेश आना क्योंकि वह तुम्हारे रिश्तेदार हैं।
Speaker A
नाउ आप सल्लल्लाहु अल वसल्लम की वफात के कुछ ही अर्से बाद मुसलमानों ने उमर बिन खता की लीडरशिप में रोमन और पर्जन एंपायर को हराकर उनसे यह सारे इलाके फतह कर लिए। लेकिन जैसे ही मुसलमानों ने यह सारे इलाके फतह किए, अचानक यहां पर एक बहुत बड़ा मसला हुआ। इन नए इलाकों में एक बहुत ही खतरनाक बीमारी हर तरफ फैल गई, जिससे
Speaker A
मुसलमानों की स्पीड तो खत्म हो ही गई, लेकिन इस बीमारी से मुसलमानों के सारे बड़े जनरल्स शहीद हो गए और नए जनरल्स को चांस मिला कि वह आगे आकर मुसलमानों को लीड कर सके। तो अब इन बड़े जनरल्स के शहीद होने की वजह से हजरत
Speaker A
उमर ने इन इलाकों में नए जनरल्स लगाए और यहां पर मुसलमानों का आर्मी चीफ अमर बिन आस रज अल्ला ताला अन्हो को बनाया। अमर बिन आस के आर्मी चीफ बनने के बाद आहिस्ता आहिस्ता यह बीमारी खत्म हो गई और जब हजरत
Speaker A
उमर को मदीना में इसका पता चला तो वो खुद हालात को कंट्रोल करने के लिए मदीना से मुसलमानों की फौज की तरफ गए। लेकिन ऑफकोर्स जाने से पहले उन्होंने मदीना और पूरे अरब का कंट्रोल हजरत अली रजला ला अ के हवाले
Speaker A
किया। मतलब ऑफकोर्स अगर हजरत उमर को इस सफर में कुछ हो जाता तो ऑटोमेटिक हजरत अली रजला ताला अ इस पूरी एंपायर के नए खलीफा बन जाते। जैसे ही हजरत उमर सीरिया पहुंचे, वहां उनकी मुलाकात नए आर्मी चीफ अमर बिन
Speaker A
आस से हुई और उन्होंने खलीफा उमर के सामने एक नया जबरदस्त प्लान रखा कि अब हमें रुक के बजाय एक नई दुनिया की तरफ जाना चाहिए। इजिप्ट पर। इजिप्ट ही क्यों? मुसलमान तो रोमन एंपायर के कैपिटल की तरफ भी जा सकते
Speaker A
थे क्योंकि इजिप्ट कोई आम इलाका नहीं था और पिछले हजारों साल से इजिप्ट दुनिया के सबसे रिच इलाकों में से एक था, जिसकी ताकत को कुरान में भी बार-बार एक्सप्लेन किया गया है। लेकिन आखिर इजिप्ट इतना पावरफुल बना
Speaker A
कैसे? आज से 5000 साल पहले दुनिया के हालात कुछ ऐसे थे कि दुनिया की सबसे इंपोर्टेंट चीज सिर्फ एक ही थी, पानी। और जिसके पास दुनिया में सबसे ज्यादा पानी होता था, वही पूरी दुनिया पर राज करता था। एंड ऑफ कोर्स उस जमाने से लेकर आज तक
Speaker A
दुनिया की सबसे बड़ी रिवर इजिप्ट में ही थी, नाइल रिवर। और आहिस्ता आहिस्ता इसी दरिया के पानी की ताकत की वजह से पूरी दुनिया से लोग इजिप्ट में आकर आबाद होने लगे, जिसकी वजह से इजिप्ट दुनिया का सबसे
Speaker A
ताकतवर इलाका बना और यहां के लोग दुनिया के सबसे रिच लोग बने। जिसके बाद इन्हीं लोगों में से एक आदमी खड़ा हुआ, किंग नार्मल, जिसने पूरे इजिप्ट को यूनाइट करके यहां पर दुनिया की सबसे पहली बादशाहत बनाई। बट वेट, ये तो 5000
Speaker A
साल पुरानी कहानियां हैं। तो आज हमें इस सब का कैसे पता है? इन दो टैबलेट्स को गौर से देखें। आज तक आपने जिंदगी में जितनी भी इजिप्शियन राइटिंग्स देखी हैं, उन सब में दुनिया की सबसे पुरानी इजिप्शियन राइटिंग्स यही दो टैबलेट्स हैं, जिसमें
Speaker A
किंग नार्म को क्लीयरली देखा जा सकता है। आहिस्ता आहिस्ता यही इजिप्शियन एंपायर ताकतवर होती गई और अगले 1000 साल तक इजिप्ट ही पूरी दुनिया पर राज करता रहा। 1000 साल तक दुनिया की सुपर पावर रहने के बाद अब इजिप्शियन फिरौन को यह बात कंफर्म
Speaker A
हो चुकी थी कि उनसे बड़ा इस पूरे यूनिवर्स में कोई भी नहीं है। जिसके बाद पहली बार उन्होंने एक ऐसा दावा किया जो उनसे पहले किसी ने नहीं किया था। इजिप्त के फिरौन ने अपने आप को बादशाह नहीं बल्कि खुदा कहा और
Speaker A
इन फिरौन ने इजिप्त में एक ऐसा रिलीजन बनाया कि फिरौन तो दुनिया में एक खुदा है, लेकिन तुम आवाम सिर्फ और सिर्फ तभी जन्नत जा सकते हो जब तक तुम अपने खुदा फिरौन के गुलाम रहो, ताकि कभी भी इजिप्ट के लोग
Speaker A
फिरौन के खिलाफ बगावत ना कर सके। तो अब पूरा इजिप्ट फिरौन की इबादत करने लगा। लेकिन आहिस्ता आहिस्ता इन फिरौन के रिलीजन में भी कुछ चेंजेज आने लगी और आखिर यहां पर एक बहुत ही अजीब कांसेप्ट आया कि हर
Speaker A
फिरौन खुदा नहीं है, बल्कि सिर्फ वही फिरौन खुदा रहेगा जिसका जिस्म उसके मरने के बाद भी हमेशा के लिए टिल दी एंड ऑफ टाइम बिल्कुल ठीक ठाक रहे। तो अब इन फिरौन की आपस में एक रेस स्टार्ट हुई कि कौन अपने
Speaker A
जिस्म को हमेशा के लिए सेफ रख सकता है। तो अब फिरौन अपने जिस्मों के साथ एक्सपेरिमेंट्स करने लगे, जिससे दुनिया में पहली बार ममीज का कांसेप्ट आया। तो अब जैसे ही कोई फिरौन मरता था, तो उस जमाने के
Speaker A
सर्जेंस सबसे पहले उस फिरौन के जिस्म से सारा खून निकाल देते थे और उसके बाद उस फिरौन की नाक में कुंडा एक हुक डालकर उसके दिमाग को उसके नाक से ही बाहर खींच लेते थे, जिसके बाद उसके जिस्म से सारे ऑर्गन्स
Speaker A
लंग्स, जिगर, कुर्दे सब निकाल लिए जाते थे, लेकिन सिर्फ दिल को बिल्कुल सेफ एक जार में रख दिया जाता था। जिसके बाद इस फिरौन के खाली जिस्म को बहुत ही केयरफुली अगले 40 दिन के लिए पानी में रख दिया जाता था
Speaker A
और इस पानी में एक स्पेशल नमक मिक्स किया जाता था। 40 दिन के बाद फिरौन को निकालकर उसके खाली जिस्म को रेत से भर दिया जाता था ताकि वो हमेशा के लिए अपने सही शेप में रहे। और फिर फाइनली फिरौन के जिस्म पर तेल
Speaker A
और हनी लगाकर उसके जिस्म पर हमेशा के लिए वाइट पट्टियां बांधी जाती थी और फिर उसे एक बहुत ही महंगे ताबूत में बंद कर दिया जाता था। इस ताबूत में फिरौन की जिस्म के साथ-साथ खाने पीने की चीजें, बहुत सारा
Speaker A
सोना और मोस्ट इंपोर्टेंट उसका दिल उसके साथ दफना दिया जाता था। आहिस्ता आहिस्ता मरने के बाद हर फिरौन अपनी मम्मी बनाने लगा और ये बिल्कुल एक आम सी बात बन गई। तो अब मरने के बाद खुदा बनने की यह रेस मम्मी
Speaker A
से भी आगे निकल गई और आने वाले नए फिरौन सिर्फ ममीज ही नहीं बल्कि अपने ममीज के ऊपर बड़ी-बड़ी बिल्डिंग्स बनाने लगे, जो पहले पहले तो सिर्फ नॉर्मल बिल्डिंग्स और टेंपल्स थे, लेकिन आहिस्ता आहिस्ता यह बिल्डिंग्स बड़ी होती गई और इस तरह दुनिया
Speaker A
में पहली बार पिरामिड्स का कांसेप्ट आया। तो अब जो भी फिरौन मरता था, वो अपनी मम्मीस पर एक से बढ़कर एक बड़े-बड़े पिरामिड्स बनाने लगे और हर फिरौन यह चाहता था कि उसका पिरामिड पिछले फिरौन से भी बड़ा पिरामिड
Speaker A
हो। और आहिस्ता आहिस्ता ये पिरामिड्स इतने बड़े हो गए कि आखिर एक फिरौन [संगीत] खुफूका दुनिया की सबसे बड़ी बिल्डिंग का टाइटल इसी पिरामिड के पास था। लेकिन 3500 साल बाद आखिर इस पिरामिड का रिकॉर्ड लंदन के इस चर्च ने तोड़ दिया। लेकिन यह चर्च भी
Speaker A
ज्यादा अरसा अपनी जगह पर खड़ा नहीं रह सका और इसके गिरते ही पिरामिड दोबारा दुनिया की सबसे बड़ी बिल्डिंग बनी। लेकिन आने वाले वक्त में आफल टावर और बाकी बिल्डिंग्स ने पिरामिड्स का यह रिकॉर्ड तोड़ दिया। आज दुनिया की सबसे बड़ी बिल्डिंग बुर्ज उल
Speaker A
खलीफा है। वी ऑल नो दैट जिसकी हाइट तो सबसे ज्यादा है, लेकिन वजन के हिसाब से अगर 12 बुर्ज खलीफा को मिला लिया जाए, तब भी यह एक पिरामिड ज्यादा भारी है। मतलब यह पिरामिड इतना बड़ा है कि इस पिरामिड के अंदर 2000
Speaker A
बड़ी-बड़ी ट्रक्स आसानी से पार्क की जा सकती हैं। नाउ सारे फिरौन ये पिरामिड्स तो बना ही रहे थे, लेकिन इन पिरामिड्स को बनाते हुए उन्हें इस बात का पता नहीं चला कि इनको बनाने के लिए बहुत ज्यादा पैसा
Speaker A
खर्च होता था। इसीलिए यह पिरामिड आज दुनिया का सबसे बड़ा पिरामिड है और इस पिरामिड के बाद आने वाले पिरामिड्स का साइज आहिस्ता आहिस्ता छोटा होने लगा। और सिर्फ पिरामिड्स ही नहीं बल्कि इन पिरामिड्स की वजह से पूरी इजिप्ट की इकॉनमी भी कमजोर होने लगी
Speaker A
और हजारों साल में पहली दफा ऐसा लग रहा था कि फाइनली इजिप्ट अपने सुपर पावर होने का टाइटल खो देगा। जैसे इजिप्ट की इकॉनमी बहुत ही कमजोर हुई, यह एगजैक्टली वही टाइम था जब मिस्र के बाजार में एक छोटा सा बच्चा
Speaker A
गुलाम बनाकर बेचा जा रहा था। लेकिन यह बच्चा बाकी सारे बच्चों से बिल्कुल डिफरेंट था। मतलब उस जैसा खूबसूरत वहां कोई भी नहीं था, जिसकी वजह से इस बच्चे को मिसर के एक बहुत ही पावरफुल मिनिस्टर ने अडॉप्ट
Speaker A
कर लिया और फिर आगे जाकर यही गुलाम बच्चा यूसुफ अल सलाम पूरे इजिप्ट का प्राइम मिनिस्टर बना। यूसुफ अल सलाम ने बादशाह के साथ मिलकर इजिप्ट की पूरी इकॉनमी को कंट्रोल किया और वो इजिप्ट जो इससे पहले
Speaker A
बिल्कुल टूटने वाला था, दोबारा उसे एक सुपर पावर बनाया। लेकिन उनकी वफात के बाद यूसुफ अल सलाम और उनके भाइयों की औलाद बनी इसराइल यहीं इजिप्त में रहने लगे और कुछ ही अरसे में इजिप्त के सबसे पावरफुल लोग
Speaker A
बन गए। लेकिन जैसे ही बनी इसराइल अपनी ताकत की पीक तक पहुंचे, अचानक इजिप्ट में दो बड़ी ताकतों के दरमियान एक बहुत बड़ी बड़ी जंग शुरू हुई, जिसमें एक नए फिरौन ने आकर पुराने खानदान को खत्म कर दिया और इजिप्ट
Speaker A
में एक नई बादशाहत बनाई। इस नए फिरौन ने इजिप्त के पुराने सारे रूल्स को तोड़कर एक नया निजाम बनाया, जिसमें सबसे इंपॉर्टेंट रूल यह था कि आज के बाद बाहर से आए हुए लोगों को इजिप्त में बिल्कुल भी बर्दाश्त
Speaker A
नहीं किया जाएगा। जिसके बाद ऑफकोर्स बनी इसराइल पर इजिप्ट में बहुत सख्त जुल्म किया जाने लगा। जिस तरह आज भी अमेरिका के नए सदर डोनाल्ड ट्रंप ने आते ही बिल्कुल उसी तरह अमेरिका से इमीग्रेंट को निकालने का प्लान बनाया है। अब इजिप्ट के
Speaker A
सारे बनी इसराइल को नए फिरौन ने आते ही बनी इसराइल के सारे कारोबार बंद कर दिए और उन्हें अपना गुलाम बना दिया। और इसी तरह अगले 400 साल तक बनी इसराइल इजिप्त के लोगों के गुलाम रहे। लेकिन इन 400 सालों
Speaker A
में बनी इसराइल के दिलों में सिर्फ एक ही उम्मीद थी कि एक दि...
Speaker A
में बनी इसराइल के दिलों में सिर्फ एक ही उम्मीद थी कि एक दिन जरूर उनका एक पैगंबर आएगा जो उन्हें इस सख्त गुलामी से निकालकर आजाद कर देगा और एगजैक्टली ऐसा ही हुआ 400 साल बाद अचानक एक दिन फिरौन के पास एक
Speaker A
नजूमी आया और उसने आकर फिरौन को बताया कि बहुत जल्द इजिप्ट की जमीन पर एक बच्चा पैदा होगा जिसका ताल्लुक बनी इसराइल के खानदान से होगा जो तुम फिरों की इस 3000 साल की एंपायर को खत्म कर देगा यह सुनकर
Speaker A
फिरौन बिल्कुल हैरान रह गया और उसने फौरन हुकम दिया कि बनी इसराइल में आज के बाद जो भी लड़का पैदा होगा उसको पैदा होते ही मार दिया जाए जिसके बाद उसके सोल्जर्स हर घर में जाकर माओ से बच्चे छीनकर उनको मारने
Speaker A
लगे लेकिन जिस बच्चे को वो असल में ढूंढ रहे थे मूसा अल सलाम वो उनके हाथ ना आ सका उसे वो मार नहीं सके बल्कि इस बच्चे को फिरौन अपने ही घर में पालने लगा यहां से आगे जो हुआ वो हम सबको बताए मतलब मूसा अल
Speaker A
सलाम ने पैगंबर बनने के बाद फिरौन के सामने आकर एक ही डिमांड रखी कि मेरे खानदान बनी इसराइल को गुलामी से आजाद कर दिया जाए और बहुत सारे मिरेकल्स के बाद आखिर फिरौन ने उनकी बात मान ली और बनी
Speaker A
इसराइल को आजाद करके इजिप्त से निकल की इजाजत दे दी जिसके बाद बनी इसराइल के 6 लाख लोग एक ही रात में 400 साल के बाद इजिप्त को छोड़कर फलस्तीन की तरफ रवाना हुए लेकिन अचानक पता नहीं ऐसा क्या हुआ कि
Speaker A
उस वक्त के फिरौन रसिस ने बनी इसराइल को इजाजत देने के बाद भी अपना किया हुआ वादा तोड़ दिया और अपनी पूरी फौज को जंग के लिए तैयार होने का हुकम दिया जिसके बाद रसेस अपनी फुल ताकत के साथ मूसा अल सलाम का
Speaker A
पीछा करने लगा लेकिन जैसे ही वो बनी इसराइल को खत्म करने के लिए उनके बिल्कुल करीब पहुंच एग्जैक्ट उसी वक्त अल्लाह ने मूसा अल सलाम और बनी इसराइल को बचा लिया और रसेस फिरौन और उसकी पूरी फौज को इस
Speaker A
पानी में खर्क कर दिया अब यहां पर एक बहुत बड़ा मसला है कि मूसा अल सलाम का जिक्र इजिप्त की पूरी हिस्ट्री टैबलेट्स राइटिंग्स में कहीं भी नहीं है मूसा अल सलाम की स्टोरी हमें सिर्फ बाइबल और कुरान में मिलती है लेकिन
Speaker A
एक चीज हिस्ट्री और इन आसमानी किताबों में कॉमन है मतलब आज दुनिया का हर हिस्टोरियन इस बात को मानता है कि मूसा मूसा अल सलाम के दौर के फिरौन रेंसिस के मरने के बाद इजिप्त कभी भी दोबारा अपने पैरों पर खड़ा
Speaker A
नहीं हो सका मतलब मूसा अल सलाम ने सिर्फ एक फिरौन को नहीं बल्कि इजिप्ट के पिछले 3000 साल की हुकूमत को हमेशा के लिए खत्म करने की शुरुआत की थी रसिस इजिप्त का आखिरी बड़ा फिरौन था जिसने अपने आप को और
Speaker A
अपनी पूरी फौज को अपने गुरूर की वजह से खत्म कर दिया था जिसके बाद पूरी दुनिया को यह समझ आ गई कि फिरौन कोई खुदा नहीं बल्कि सिर्फ एक आम इंसान है जिसके बाद बा यहां से पहली दफा इजिप्ट अपना सुपर पावर का
Speaker A
टाइटल आहिस्ता आहिस्ता खोने लगा और यहां के हालात इतने खराब हुए कि आज तक इस दौर को डार्क एजेस के नाम से याद किया जाता है जिसके कुछ ही अर्से बाद इजिप्त के पास फलस्तीन में दुनिया की एक नई सुपर पावर
Speaker A
सामने आई जिसके बादशाह का नाम था सुलेमान अल सलाम इसी तरह आने वाले वक्त में इजिप्त की ताकत कमजोर होती गई और इतनी कमजोर हुई कि बहुत सारी अंपायर्स ने यहां पर हमला करके इसे फतह किया जिनमें से एक बादशाह का
Speaker A
नाम था अलेक्जेंडर द ग्रेट लेकिन एलेग्जेंडर द ग्रेट की एंपायर के बाद फाइनली एक नई सुपर पावर द ग्रेट रोमन एंपायर ने आखिर इजिप्त को फुल ताकत के साथ फतह किया और अगले 600 साल तक रोमन एंपायर ही इजिप्त पर राज करती रही और कोई भी उनसे
Speaker A
इजिप्त छीन नहीं सका लेकिन अब फाइनली 600 साल के बाद रसूलल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की हदीस के पूरे होने का टाइम आ चुका था और मुसलमान उमर बिन खत्म की खिलाफत में रोमन एंपायर से इजिप्ट छीनने के के लिए उसके दरवाजे पर खड़े थे
Speaker A
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