लंदन ने थेम्स नदी को प्रदूषण से बचाकर जीवित और स्वच्छ बनाया, जिससे नदी में जीवन लौट आया।
Key Takeaways
- प्रदूषण नियंत्रण और सीवेज ट्रीटमेंट से नदी को पुनर्जीवित किया जा सकता है।
- सिंपल इंजीनियरिंग सॉल्यूशंस जैसे पैरेलल सीवर लाइन्स प्रभावी साबित हुए।
- सतत प्रयास और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर से पर्यावरण संरक्षण संभव है।
- प्राकृतिक जल स्रोतों की सफाई से जैव विविधता और स्थानीय जीवन सुधरता है।
- सामुदायिक और सरकारी सहयोग से बड़े पैमाने पर पर्यावरण सुधार संभव है।
What the video covers
- करीब 2000 साल पहले लंदनियम शहर थेम्स नदी के किनारे बसाया गया था।
- 1800 तक लंदन दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला शहर बन गया, जिससे नदी में सीधा वेस्ट डंप होने लगा।
- 1800 में कोलेरा के कई प्रकोप हुए और 1957 तक नदी को बायोलॉजिकली डेड घोषित कर दिया गया।
- शहर की सीवेज लाइनों को नदी में सीधे मिलने से रोकने के लिए नई पैरेलल सीवर लाइन्स बनाई गईं।
- द्वितीय विश्व युद्ध में इंफ्रास्ट्रक्चर क्षतिग्रस्त होने से समस्या फिर से बढ़ी।
- 1976 तक दो बड़े सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट्स बनाए गए और पूरी सीवेज को ट्रीट किया जाने लगा।
- थेम्स बबलर नावों से नदी में ऑक्सीजन इंजेक्ट की गई।
- 500 करोड़ की लागत से टाइडवे सुपर सीवर टनल बनाई गई, जिससे बारिश के दौरान ओवरफ्लो रोका गया।
- आज थेम्स नदी स्वच्छ है और 155 से अधिक मछली प्रजातियां, सी हॉर्स, सील, डॉल्फिन सहित कई जीव लौट चुके हैं।
- लोग नदी में तैराकी, पैडल बोर्डिंग, फिशिंग और त्योहार मनाते हैं।
Chapters
- 00:00लंदन और थेम्स नदी का प्रारंभिक इतिहास
- 00:12नदी में प्रदूषण और आबादी का प्रभाव
- 00:35कोलेरा प्रकोप और नदी की बदहाली
- 00:50प्रारंभिक समाधान: पैरेलल सीवर लाइन्स
- 01:27द्वितीय विश्व युद्ध के बाद की चुनौतियां
- 01:40सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट्स और थेम्स बबलर
- 01:53टाइडवे सुपर सीवर टनल और आधुनिक उपाय
- 02:14आज की थीम्स नदी: स्वच्छता और जीवन
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Speaker A
कैसे लंदन ने एक पूरी तरह मर चुकी नदी को रिवाइव किया। करीब 2000 साल पहले लोगों ने ब्रिटेन की सबसे बड़ी नदी थेम्स नदी के किनारे लंडनियम नाम का शहर बसाना शुरू कर दिया, जिसे आज हम लंदन के नाम से जानते हैं।
Speaker A
अगले 1500 सालों तक शहर में कहीं भी जाने के लिए थेम्स में ही बोट से जाते थे, और जब यह जम जाती थी तब इसमें मेला लगा करता था। लेकिन फिर 1800 तक 25 लाख की पॉपुलेशन के साथ लंदन दुनिया का सबसे
Speaker A
पॉपुलेटेड शहर बन गया, और इस पॉपुलेशन से जो वेस्ट जनरेट हुआ उसे सीधा नदी में डंप किया जाने लगा, जिससे कुछ ही सालों में ऐसा लगने लगा कि नदी में पानी नहीं बल्कि [संगीत] ब्लैक इंक बह रही हो। कंटैमिनेशन
Speaker A
के चलते 1800 में लंदन में चार कोलेरा आउटब्रेक्स हुए, जिसमें हजारों लोग मारे गए, और 1958 में जब एक्सट्रीम हीट वेव्स आई तो नदी का सीवेज फर्मेंट होने लगा, जिसने स्मेल को अनबियरेबल बना दिया। नदी किनारे बने पार्लियामेंट हाउस में एमपीस का काम
Speaker A
करना इंपॉसिबल हो गया, और तब गवर्नमेंट को समझ आया कि सिचुएशन कितनी खराब है। सॉल्यूशन के लिए चीफ इंजीनियर को बुलाया गया। उन्होंने देखा कि शहर की सारी सीवेज लाइंस डायरेक्टली नदी में मिल रही हैं। उनका सॉल्यूशन सिंपल था। उन्होंने नदी के
Speaker A
दोनों साइड्स में नई पैरेलल [संगीत] सीवर लाइंस बना दी, जो शहर की सभी पुरानी पाइप से वेस्ट को इंटरसेप्ट करती थीं और उसे शहर से दूर ले जाकर नदी में डंप कर देती थीं। जिससे एटलीस्ट नदी का वो स्ट्रेच साफ रहने
Speaker A
लगा जहां आसपास शहर बसा हुआ था। करीब 100 सालों तक इस सिस्टम ने ठीक-ठाक काम किया। लेकिन फिर से बढ़ती पॉपुलेशन से यह ओवरलोड होने लगा, और फिर आया वर्ल्ड वॉर टू जिसमें यह पूरा इंफ्रास्ट्रक्चर डैमेज भी हो गया।
Speaker A
जिस कारण वापस से सीवेज नदी में मिलने लगा। 1957 तक तो नदी को बायोलॉजिकली डेड डिक्लेअर कर दिया गया। मतलब इसमें एक्वेटिक एनिमल्स का सर्वाइवल इंपॉसिबल था। अथॉरिटीज ने फिर से स्टेप इन किया, और इस बार सॉल्यूशन सीवेज को डायवर्ट करना नहीं
Speaker A
बल्कि उसे ट्रीट करना था। इन्होंने दो बड़े सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट्स बनवाए, और 1976 तक इंश्योर कर दिया कि नदी में मिलने वाला सारा सीवेज फुल्ली ट्रीटेड हो। इन्होंने थेम्स बबलर नाम की बोट्स भी डिप्लॉय करी, जो एक दिन में नदी में 30
Speaker A
टन्स फ्रेश ऑक्सीजन इंजेक्ट कर देती थीं। आल्सो इन्होंने 500 करोड़ लगा के थेम्स [संगीत] टाइडवे टनल नाम से सुपर सीवर टनल्स बनाई हैं, जो इतनी चौड़ी हैं कि इनमें साइड बाय साइड तीन बसेस चल सकती हैं। इन सुपर सीवर टनल्स से रेनफॉल के दौरान सीवेज
Speaker A
के ओवरफ्लो की सिचुएशन खत्म हो जाएगी। इन्हीं सब स्ट्रेटजीस के चलते आज थेम्स रिवर किसी भी मेजर सिटी की वन ऑफ [संगीत] द क्लीनेस्ट रिवर है। 155 स्पीशीज ऑफ फिश, सी हॉर्सेज, सील्स और डॉल्फिन्स यहां लौट चुकी हैं। ओकेजनली इवन व्हेल्स भी आ जाती
Speaker A
हैं। लोग यहां स्विमिंग, पैडल [संगीत] बोर्ड, टूर्स, फिशिंग कंपटीशंस और इवन टोटली थेम्स नाम से फेस्टिवल्स ऑर्गेनाइज करते हैं।
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