धारावी, मुंबई का सबसे बड़ा स्लम, जहां 12 लाख से ज्यादा लोग रहते हैं, इसकी इतिहास, जनसंख्या, उद्योग और सांस्कृतिक महत्व पर जानकारी।
Key Takeaways
- धारावी जनसंख्या घनत्व और सामाजिक विविधता का अद्भुत उदाहरण है।
- शिक्षा और तकनीकी नवाचारों में धारावी की जनता ने महत्वपूर्ण प्रगति की है।
- स्थानीय उद्योग और रिसाइक्लिंग धारावी की आर्थिक ताकत हैं।
- धारावी का सांस्कृतिक और फिल्मी महत्व इसे विश्व स्तर पर पहचान दिलाता है।
- यह क्षेत्र सामाजिक चुनौतियों के बावजूद आर्थिक और सांस्कृतिक रूप से समृद्ध है।
What the video covers
- धारावी मुंबई के बीचोबीच लगभग 2 वर्ग किलोमीटर में फैला एशिया का सबसे बड़ा स्लम है, जहां 12 लाख से अधिक लोग रहते हैं।
- यह क्षेत्र 18वीं सदी में मछुआरों का इलाका था, जो बाद में दलदल बन गया और फिर आवासीय क्षेत्र में तब्दील हो गया।
- धारावी की जनसंख्या विभिन्न धर्मों से मिलकर बनी है, जिसमें 60% हिंदू, 20% मुस्लिम और 1% अन्य धर्म के लोग शामिल हैं।
- यहां की शिक्षा दर 69% से अधिक है, जो इसे भारत का सबसे ज्यादा पढ़ा-लिखा स्लम बनाती है।
- धारावी में लगभग 500 से अधिक मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स हैं, जो कपड़ा, चमड़ा, स्टील आदि का उत्पादन करती हैं और विश्वभर में उत्पाद भेजती हैं।
- रिसाइक्लिंग धारावी की प्रमुख इंडस्ट्री है, जिसमें प्लास्टिक, लोहा और अन्य कचरे को पुनः उपयोग किया जाता है।
- धारावी बॉक्स नामक जंग वेंडर बैंड स्थानीय प्रतिभा का उदाहरण है, जो कचरे से बने उपकरणों से संगीत बनाता है।
- धारावी विदेशी पर्यटकों के लिए लोकप्रिय स्थल है, जहां गाइडेड टूर भी उपलब्ध हैं।
- यह क्षेत्र बॉलीवुड फिल्मों की शूटिंग के लिए प्रसिद्ध है, जैसे स्लमडॉग मिलेनियर और धारावी।
- धारावी की वार्षिक आय 650 मिलियन से 1 बिलियन अमेरिकी डॉलर तक है, जो कई देशों की अर्थव्यवस्था से अधिक है।
Chapters
- 00:00धारावी का परिचय और जनसंख्या
- 00:28धारावी का इतिहास और विकास
- 00:56धारावी की भौगोलिक स्थिति और जनसंख्या विवरण
- 02:33धारावी के सामाजिक और धार्मिक पहलू
- 02:54धारावी में शिक्षा और तकनीकी नवाचार
- 03:53धारावी की आर्थिक गतिविधियां और उद्योग
- 04:52रिसाइक्लिंग उद्योग और रोजगार
- 05:47धारावी बॉक्स बैंड और सांस्कृतिक पहलू
- 06:13पर्यटन और बॉलीवुड में धारावी
Full Transcript — Download SRT & Markdown
Speaker A
मैं लगभग दो किलोमीटर के एरिया में 12 लाख लोगों का रहना हैरानी वाली बात है, ना? लेकिन ऐसा ही कुछ हाल है सपनों के शहर मुंबई के बीच में बसने वाले सबसे बड़े स्लम एरिया धारावी का, जहां पर रहने वाली
Speaker A
जनसंख्या कई देशों की जनसंख्या से भी कहीं ज्यादा है। और आज के इस वीडियो में भी हम आपको वर्ल्ड के one up the Big असलम धारावी के बारे में बहुत सारी इंट्रस्टिंग फैक्ट बताने वाले हैं ताकि नंबर वन मुंबई
Speaker A
शहर के बीचोबीच मौजूद धारावी स्लम का यह एरिया 18वीं सदी में का लैंड हुआ करता था, जहां पर मछुआरे मछली पकड़ने का काम करते थे। लेकिन जैसे-जैसे समय बीतता गया, वैसे-वैसे साइलेंट का पानी दलदल बनता गया
Speaker A
जिसके कारण यहां पर मछली पकड़ने का काम खत्म हो गया। और फिर लोगों ने यहां पर रहना और घर बनाना शुरू कर दिया। शुरुआत में जो लोग आकर यहां पर बसे, उन्होंने अपने लिए बड़े-बड़े घर बनाए, लेकिन जैसे- जैसे
Speaker A
जनसंख्या बढ़ती गई, वैसे-वैसे घरों का आकार छोटा होता गया। और ही देखते धारावी एशिया का सबसे बड़ा स्लम एरिया बन गया। ट्रैक नंबर टू धारावी को एशिया का सबसे बड़ा असलम कहा जाता है, लेकिन यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि
Speaker A
यह जनसंख्या के हिसाब से एशिया का सबसे बड़ा असलम है, जबकि एरिया के हिसाब से अगर देखें तो यह मेक्सिको के ने जांच दल को उर्जा और कराची के ओरांगी असलम के बाद से एशिया का दूसरा और दुनिया का तीसरा सबसे
Speaker A
बड़ा आश्रम है। लगभग 200 ग्र किलोमीटर के एरिया में फैला यह असलम मुंबई के दो रेलवे लाइंस, वेस्टर्न और सेंट्रल रेलवे के बीच मौजूद है। और मुंबई की प्राइम लोकेशन पर बसा हुआ यह असलम चारों ओर से माहिम,
Speaker A
बांद्रा तीन और माटुंगा जैसे फेमस इलाकों से घिरा हुआ है। ट्रैक नंबर थ्री धारावी में रहने वाले लोगों की कुल संख्या का सटीक पता लगाना तो काफी मुश्किल है, लेकिन पिछले कुछ सालों में हुई जनगणना के हिसाब से यह अंदाजा लगाया जाता है इस समय विशाल
Speaker A
झुग्गी बस्ती के अंदर 12 लाख से भी ज्यादा लोग रहते हैं। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इस्लाम की आबादी दुनिया के कई सारे देश जैसे कि फिजी, बाहरी बहामास और ग्लैंड की कुल जनसंख्या से भी कहीं ज्यादा है। और इस
Speaker A
आबादी की वजह से ही इसको दुनिया का सबसे घना इलाका भी कहा जाता है, क्योंकि इतनी कम जगह में लाखों लोग इस तरह से यहां पर रहते हैं। वह वाकई में एक कमाल की बात है। यह रहने वाले लोगों में 60% हिंदू, 20%
Speaker A
मुस्लिम, एक्सपोज्ड इन सई और 1% अन्य धर्म के लोग हैं। ट्रैक नंबर फॉर द एक स्लम एरिया होने के बावजूद भी धारावी के लोगों में टैलेंट की कोई कमी नहीं है। साल 2016 में यह रहने वाली 12 से 14 साल की को
Speaker A
जीनियस लड़कियों ने तीन अलग-अलग Android एप्लीकेशंस बनाकर सबको हैरान कर दिया था। इनमें पहली एप्लीकेशन का नाम लड़ाई है मेरा हक है। लोग एक लड़ने एप्लीकेशन है और इस एप्लिकेशन के जरिए लोग हिंदी, इंग्लिश और गणित के कुछ बेसिक पढ़ाई कर सकते हैं।
Speaker A
इसके अलावा दूसरी एप्लीकेशन का नाम है विमेन फाइट बैक, जो कि महिलाओं की सुरक्षा के लिए बनाई गई है। और अंत में तीसरी एप्लीकेशन पानी है जीवन के नाम से बनाई गई है। इस एप्लिकेशन को यहां पर रहने वाले लोगों के बीच पानी
Speaker A
के लिए होने वाली मारा-मारी को खत्म करने के लिए बनाया गया है। दरअसल यह एप्लीकेशन नल के अंदर पानी आते ही अपने रजिस्टर्ड यूजर्स को अलर्ट मैसेज भेज देती है। और इस ऐज लोगों को पता चल जाता है कि नल में
Speaker A
पानी आ चुका है। और इससे लोगों का काफी समय बच जाता है, क्योंकि इस एप्लिकेशन के आने से पहले लोग कई घंटे नल के पास खड़े होकर पानी के आने का इंतजार करते थे। इसके अलावा धारावी को भारत का सबसे ज्यादा
Speaker A
पढ़ा-लिखा स्लम एरिया माना जाता है, क्योंकि यहां के लोग पढ़ाई-लिखाई को भी काफी महत्व देते हैं। और दोस्तों, आपको यह बात जानकर काफी हैरानी होगी कि इस इलाके का साक्षरता दर 69% से भी ज्यादा है। और एक स्लम एरिया होते हुए भी इस तरह का
Speaker A
साक्षरता दर होना वाकई में कमाल की बात है। ट्रैक नंबर फेर धारावी के अंदर कपड़ा, मिट्टी के भर में चमड़ा और स्टील आदि का उत्पादन करने वाली लगभग 500 से भी ज्यादा मैन्युफैक्चरिंग यूनिट मौजूद हैं। आपको जानकर काफी हैरानी होगी कि झुग्गी बस्ती
Speaker A
में लगभग 15 हजार से भी ज्यादा सिंगल रूम वाले कारखाने चलाए जाते हैं। और इन कारखानों में बने हुए प्रोडक्ट्स कई अलग-अलग ई-कॉमर्स वेबसाइट के जरिए सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया भर में ही बेचे जाते हैं। और यही वजह है कि अकेले ही
Speaker A
धारावी की एनुअल इनकम 650 मिलियन अमेरिकी डॉलर से एक बिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंच जाती है, जो कि किरिबाती, टोंगा और तू आलू जैसे कई सारे देशों के इकोनोमी से भी कहीं ज्यादा है। और इसी से यह अंदाज़ा लगाया जा
Speaker A
सकता है इधर आ भी में चलने वाली यह पनडुब्बी भारत एक नवमी में भी अपना कितना योगदान देते होंगे। सेट नंबर सिक्स धारावी में रिसाइक्लिंग का काम भी काफी बड़े पैमाने पर होता है। और इसी को यहां की
Speaker A
प्रमुख इंडस्ट्री भी कहा जाता है। धारावी के अंदर सिर्फ मुंबई या महाराष्ट्र ही नहीं बल्कि पूरे भारत से आने वाले प्लास्टिक वेस्ट कोरिया उपयोग किया जाता है। और रिसाइक्लिंग का यह काम धारावी के ढाई लाख से भी ज्यादा लोगों
Speaker A
को रोजगार देता है। और इस एरिया में प्लास्टिक के अलावा भी लाश और मेटल जैसे वैस्टीज को भी रिसाइकल करने का काम किया जाता है। और यह काम करने वाला हर व्यक्ति 10 से 14 हजार रुपए प्रतिमाह तक आसानी से
Speaker A
कमा लेता है, जो कि हमारे भारत की मिनिमम मजदूरी वेतन से काफी अच्छा है। ट्रैक नंबर 72 धारावी के अंदर धारावी बॉक्स नाम का एक जंग वेंडर काफी ज्यादा फेमस है। इस बैंड के अंदर झुग्गी में रहने वाले 12 से
Speaker A
15 ऐसे लड़के हैं, जो कि कचरा बीनने का काम करते हैं। और इस बैंड की खासियत यह है कि यह लोग म्यूजिक को बनाने के लिए ओरिजिनल म्यूजिक इंस्ट्रूमेंट की जगह पर पानी के डिब्बे, सिक्स कांच की बोतलें और धातुओं से
Speaker A
बनी हुई कुछ दूसरी चीजों का इस्तेमाल करते हैं। और यही वजह है कि यह बैंड इतना ज्यादा क्रिएटिव और टैलेंटेड माना जाता है। ट्रैक नंबर 8 धारावी सिर्फ भारत या एशिया में ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया में प्रसिद्ध
Speaker A
है, क्योंकि भारत घूमने आने वाले विदेशी लोगों की लिस्ट में इस्लाम एरिया का नाम सबसे ऊपर रहता है। वैसे यह बात काफी हैरान करने वाली है कि आज भारत घूमने आने वाले विदेशी लोग दिल्ली और ताजमहल जैसी फेमस
Speaker A
जगहों को छोड़कर धारावी घूमना ज्यादा पसंद करते हैं। और यही वजह है कि जिन विदेशी लोगों को धारावी का गाइडेड टूर भी ऑफर किया जाता है। और इस गाइडेड टूर के जरिए यह विदेशी लोग धारावी के जीवन को काफी बारीकी
Speaker A
से देख पाते हैं। ट्रैक नंबर नाइन धारावी हमेशा सही हिंदी फिल्म इंडस्ट्री से बॉलीवुड का एक अहम हिस्सा रहा है। मशहूर फिल्म डायरेक्टर और राइटर सुधीर मिश्रा 1992 में आई धारावी नाम के अपने फिल्म के अंदर रोम के लोगों के लाइफ को काफी अच्छे
Speaker A
से दिखाया था, जिसके लिए इस फिल्म में नेशनल अवॉर्ड भी जीता था। इसके अलावा ऑस्कर विजेता फिल्म स्लमडॉग मिलेनियर भी धारावी स्लम में शूट की गई थी। इन दोनों फिल्मों के अलावा और भी बहुत सारी फिल्मों जैसे कि
Speaker A
अ दीवार, सलाम बॉम्बे, परिंदा, भूतनाथ रिटर्न आ है और गली ब्वॉय की शूटिंग भी धारावी में की गई है। और इन सबके अलावा बॉलीवुड में काम करने वाले जूनियर कलाकार सबसे बड़ी संख्या में धारावी से ही आते हैं। और यही
Speaker A
वजह है कि बॉलीवुड और धारावी का यह नाता अटूट है। तो दोस्तों, यह थे धारावी से जुड़े हुए कुछ इंट्रस्टिंग फैक्ट। कि आप कभी स्लम एरिया में गए हैं या फिर अगर आप यहीं पर रहते हैं तो फिर हमें कमेंट करके जरूर
Speaker A
बताइएगा। आपका बहुमूल्य समय देने के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद है।
Topics:धारावीमुंबई स्लमजनसंख्यारिसाइक्लिंगबॉलीवुडशिक्षास्थानीय उद्योगसांस्कृतिक महत्वपर्यटनस्लम जीवन











