डॉ. शिखा शर्मा और वैद्य राजेश कपूर के साथ आयुर्वेदिक जीवनशैली से स्वस्थ जीवन के रहस्य।
Key Takeaways
- डॉक्टर और दवाइयां बीमारियों को बढ़ावा देती हैं, प्राकृतिक उपचार अपनाएं।
- प्राकृतिक भोजन और जीवनशैली से स्वास्थ्य बेहतर होता है।
- धूप में बैठना कैंसर से बचाव करता है, सनस्क्रीन पर भरोसा न करें।
- जेनेटिकली मॉडिफाइड और केमिकल युक्त खाद्य पदार्थ स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हैं।
- आयुर्वेदिक ज्ञान और सच को समझकर जीवन में सुधार लाएं।
What the video covers
- बीमारियों के बढ़ने का कारण डॉक्टरों और दवाइयों पर अधिक निर्भरता है।
- डॉ. जोहन्ना बुडविक के प्रोटोकॉल से कैंसर रोगियों को फायदा हुआ है।
- प्राकृतिक और देसी भोजन का सेवन स्वास्थ्य के लिए आवश्यक है।
- संसाधनों और सरकारी नीतियों में सुधार की जरूरत है ताकि जहरयुक्त खाद्य पदार्थों से बचा जा सके।
- धूप में बैठना कैंसर से बचाव में मददगार है, सनस्क्रीन के मिथक को चुनौती दी गई।
- शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए आभार और सच्चाई महत्वपूर्ण हैं।
- जेनेटिकली मॉडिफाइड खाद्य पदार्थों से बचना चाहिए।
- आयुर्वेदिक उपायों और प्राकृतिक जीवनशैली को अपनाकर रोगों से बचा जा सकता है।
- स्वास्थ्य सुधार के लिए घरेलू उपाय और प्राकृतिक दवाओं का उपयोग बढ़ाना चाहिए।
- सिस्टम से आजादी और सच को समझकर नई पीढ़ी को जागरूक करना जरूरी है।
Chapters
- 00:00बीमारियों के बढ़ने के कारण और डॉक्टरों की भूमिका
- 02:14डॉ. जोहन्ना बुडविक का कैंसर उपचार प्रोटोकॉल
- 05:08सरकारी नीतियां और जहरयुक्त खाद्य पदार्थों की समस्या
- 07:50सच को समझना और सिस्टम से आजादी की जरूरत
- 10:17स्वस्थ जीवन के लिए प्राकृतिक खाद्य पदार्थों का चयन
- 12:43धूप और सनस्क्रीन पर शोध और मिथक
- 24:05आयुर्वेदिक घरेलू उपाय और स्वास्थ्य सुधार
- 46:17आयुर्वेदिक जीवनशैली अपनाने के लाभ और प्रेरणा
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Speaker A
वह क्या रीज़न है कि यह बीमारियां और बीमार पड़ने वाले लोग भी बढ़ते ही जा रहे हैं। यह कुछ कम नहीं होंगे। जितने डॉक्टर ज्यादा लाए, जितनी दवाइयां ज्यादा लाए, उतनी बीमारियां ज्यादा। डॉक्टर प्लस दवाइयां बराबर है बीमारियां।
Speaker A
सामने तो है। बीमारी का सबसे बड़ा कारण डॉक्टर जोहन्ना बुडविक उन्होंने लाखों कैंसर के रोगियों को क्योर कर दिया। मरने के बाद आज उनका जो बुडविक प्रोटोकॉल है उससे लाखों रोगी ठीक हो रहे हैं। मुझे समझ नहीं आता जनता क्या कर रही है। सनस्क्रीन
Speaker A
लगाओ, धूप में रहो, धूप से बिल्कुल बताओ। यूवी रेज आपको ये करेंगी वो झूठ बोलते हैं। मेरे पास इस समय 10 रिसर्च पेपर है जो ये बता रहे हैं धूप में बैठने से कैंसर। बड़े तो फिर भी कई बार अवॉयड कर लेते हैं
Speaker A
कि चलो थोड़ा बहुत ध्यान लेते हैं अपनी तरफ लेकिन बच्चों को जैसे ही होता है जुकाम, खांसी डॉक्टर्स के पास भागते हैं। जैसे पैकेट का दूध जहर है ऐसे टूथपेस्ट है। बच्चों का ब्लड ब्रेन बैरियर है ही नहीं। यानी डिफेंस सिस्टम नहीं है।
Speaker A
कमाल की बात आपने बताई है। जो थैंकफुल नहीं होता, जिसमें ग्रेटट्यूड नहीं होता, वो कभी स्वस्थ नहीं होता। बेईमान आदमी कभी स्वस्थ नहीं होता। चीनी हटा दो अपनी लाइफ से। 100 साल की उम्र तक एक दांत नहीं झड़ेगा। कभी घुटने में दर्द
Speaker A
नहीं होगी। तीन चीजें हटाओ। जोड़ने के लिए तो बता ही चुका हूं मैं। कितना आसान है सब कुछ और मेरे ऊपर प्रभु की बहुत कृपा है। मुझे वो सब नजर आ रहा है। नमस्ते। स्वागत है आपका एक बार फिर से डॉ.
Speaker A
शिख पडकास्ट में। आज हमारे साथ हैं वैद्य राजेश कपूर जी और आज हम बहुत जरूरी चीजें डिस्कस करने वाले हैं। वह यह कि कैसे वह जो पहला सुख निरोगी काया होती है उसको हम पा सकें। कैसे यह डॉक्टर्स के चक्कर लगाना
Speaker A
हम बंद करें और अपना ख्याल खुद रखना सीखें। बहुत सारी चीजें बहुत ही आसान शब्दों में आज हम सीखेंगे और अपनी जिंदगी को बेहतर बनाएंगे और अपनी आने वाली जनरेशंस को भी बेहतर बनाएंगे। पूरा पडकास्ट ध्यान से सुनना है। कोई भी
Speaker A
क्वेश्चन अगर मन में आए तो कमेंट सेक्शन में जरूर पूछना है ताकि मैं दोबारा से फिर उनसे वो सारे क्वेश्चंस के आंसर्स जो है वो पूछ सकूं। नमस्ते वैद जी कैसे हैं आप?
Speaker A
मैं बहुत अच्छा हूं। आप कैसी हैं? मैं बहुत अच्छी हूं और बहुत ही खुशकिस्मत फील कर रही हूं कि आज आप हमारे स्टूडियो में आए हैं। जी। जी तो आज हम आपसे यही जानना चाहते हैं कि ना मुझे ऐसा लगता है
Speaker A
कि ये जो टेक्नोलॉजी है ये तो बहुत ज्यादा हमारी एडवांस होती चली जा रही है। नए-नए कई तरह की इन्वेंशंस हो रही हैं। इतने हम लोग मल्टीविटामिनस खा रहे हैं। इतनी तरह की दवाइयां, इतनी ज्यादा टेक्निक्स लेकिन वो क्या रीजन है कि ये बीमारियां और बीमार
Speaker A
पड़ने वाले लोग भी बढ़ते ही जा रहे हैं। ये कुछ कम नहीं हो रहे। वाह! कितनी सही बात को आपने पकड़ा। जोज दवा की मर्ज बढ़ता गया जोज दवा की। जितने डॉक्टर ज्यादा लाए जितनी दवाइयां ज्यादा लाए उतनी बीमारियां ज्यादा बढ़ गई
Speaker A
फिर तो समझ आ जाना चाहिए डॉक्टर प्लस दवाइयां बराबर है बीमारियां सामने तो है पर मीडिया ने इतना दिमाग को हमारे धो दिया हमको सच नजर ही नहीं आ रहा बीमारी का सबसे बड़ा कारण कोई है तो ये
Speaker A
दवाई और डॉक्टर है। अच्छा अगर आपको इसके बारे में प्रमाण चाहिए, प्रूफ चाहिए तो आप एक किताब के 11 पेज पढ़ लीजिए। नेट के ऊपर अवेलेबल है। इसलिए अवेलेबल है क्योंकि उस डॉक्टर ने अमेरिका में सर्वे किया डॉक्टर गैरी नल ने चार डॉक्टरों ने
Speaker A
उसको पता था गायब करते हुए उसने अपलोड कर दिया। किताब भी Amazon पर है डेथ बाय मेडिसिन। आगे लिखी है बाय गैरी नल। चार डॉक्टरों का सर्वे है। वो बता रहे हैं कि यह क्लेम गलत है कि डब्ल्यूएचओ के हिसाब
Speaker A
से दुनिया में सबसे ज्यादा कार्डियक प्रॉब्लम से लोग मरते हैं। गैरनल का सर्वे कहता है चार डॉक्टरों का सबसे ज्यादा लोग अमेरिका में मरे दवाई खाकर। हर पढ़ा लिखा समझदार आदमी क्या करेगा? बीमार डॉक्टर के पास जाएगा। अब आज की बात है जहां मैं रात
Speaker A
को ठहरा था। उस आदमी के थोड़ी दांत दर्द हो गई। पस पड़ गई। दवाई खाई डशन खराब हो गया पेट में किडनी में दर्द होने लग गई भूख मर गई जोड़ों में दर्द शुरू हो गई एक महीने के
Speaker A
अंदर और पस वो अभी तक है वो दोबारा लौट आई है यही सबके साथ हो रहा है पर क्योंकि उस पर प्रॉपर सर्वे नहीं हो रहा है इसलिए रिपोर्ट नहीं बन रही वो डॉक्टर गैरील ने सर्वे किया है अभी आपको आपने नाम भी नहीं
Speaker A
सुना होगा डॉक्टर जोहन्ना बुडविक जर्मन की थी। नाम नहीं सुना। क्यों नहीं सुना नाम? पता है आपने क्यों नहीं सुना? क्योंकि उन्होंने लाखों कैंसर के रोगियों को क्योर कर दिया। अपनी जिंदगी में हजारों को कर दिया। मरने के बाद आज उनका जो वुडविक
Speaker A
प्रोटोकॉल है उससे लाखों रोगी ठीक हो रहे हैं। तो आप सच को समझ ही नहीं रहे। आपको बचाएगा कौन? कैसे ठीक हो जाएंगे आप? केवल सरकार नाटक करेगी कि हम आपके लिए इतना ₹1 लाख पर हेड दे रहे हैं। नाटक मतलब दिखावा
Speaker A
नहीं है। उनको समझ कहां है उनकी प्लानिंग? बिल्कुल गलत प्लानिंग है। आप साबित कर दो कि उनकी प्लानिंग सही है। आप 10 लाख मत दो। आप हर परिवार को अच्छा भोजन बिना जहर का भोजन उपलब्ध करवा दो। बिना जहर का आप
Speaker A
उनको जो है वह सामग्री प्लास्टिक वूलन यह सब बंद करो ना आप नयलॉन की आप वूल बनाकर उनको दे रहे हैं। नयलॉन की चप्पल दे रहे हैं। पैकेट में बंद आप उनको जहरीला खाना खिला रहे हैं। मुझे समझ नहीं आता जनता
Speaker A
क्या कर रही है? ये जो सोशल वर्कर है ये क्या कर रही हैं? सरकारी एजेंसियां क्या कर रही हैं? हर पैकेट देसी गाय का घी पीछे क्या लिखा है? साफ लिखा है। उन्होंने तो सच लिख दिया। कानून से बचने को। पीछे छोटा सा लिखा हुआ है। इट
Speaker A
डजंट रिप्रेजेंट ट्रू नेम। इट्स ट्रेड नेम। अरे आप व्यापारियों को जहर खलाने के लिए कानून बना रहे हैं। ये क्यों इजाजत होनी चाहिए कि मिसलीडिंग इंफॉर्मेशन आप पैकेट के ऊपर छापो। हम हर जगह गलत गलत फिर आप रो रहे हैं। जी
Speaker A
हमारे लोग बीमार हैं। आप लाखों करोड़ों रुपया उनके स्वास्थ्य के ऊपर खर्च कर रहे हैं। कोई अकल का काम कर रहे हैं आप। जो जहर खिलाने का प्रोसेस बंद करो। आपके ब्रेड में, बिस्कुट में, हर चीज में आपके
Speaker A
केमिकल डने हैं। आपने परमिशन दे दी है। एक का भी केमिकल का मुझे नाम बताओ जो प्रिजर्वेटिव है जो कैंसर नहीं करता। हर प्रिजर्वेटिव के ऊपर लिखा होता है रिसर्च पेपर। इससे कैंसर होता है। आपके परमिशन देने से बॉडी सिस्टम नहीं चलता है। प्रभु
Speaker A
की व्यवस्था आपके कानून से नहीं चलती है। आपको प्रभु के कानून के नेचर के कानून के हिसाब से चलना होगा। अब तो उल्टा कर रहे हो। सृष्टि को आप प्रकृति के नियमों को अपने कानून से चलाने की कोशिश कर रहे हैं।
Speaker A
कोई अकल का काम कर रहे हैं। फिर कह रहे हैं हमारे लोग बीमार है। अरे बीमार बनाने के लिए ही तो आप काम कर रहे हैं। मैं नहीं कहता नियत खराब है। पर अकल भी कहां है?
Speaker A
आपकी प्लानिंग ही बिल्कुल गलत है। फिर आपके लोग मरेंगे नहीं जल्दी। औसत आयु आपकी 60 साल नहीं रहेगी। सही बात है। फिर औसत आयु भी तो फ्रॉड है ना। अंग्रेजों के आने से पहले इस देश में कभी कोई
Speaker A
एपिडेमिक नहीं फैला। बीमारी नहीं फैली। अंग्रेजों के आने के बाद करोड़ों लोग भुखमरी से प्लेग से मर गए। उनके कारण और जो लोग मर गए तो उन्होंने औसत आयु निकाल के बता दिया। 30 से 35 साल थी। 1900
Speaker A
में आपकी आयु औसत आयु। फ्रॉड नहीं है ये। आपके आंकड़े सारे फ्रॉड। सब कुछ मिस इंटरप्रेटेड। तो आपने हमारे देश के इंटेलेक्चुअल कर क्या रहे हैं जो मुझको नजर आ रहा है तुमको क्यों नहीं आ रहा क्योंकि आप देखना नहीं
Speaker A
चाहते अब मुफ्त का वेतन खा रहे हैं ईमानदारी से काम नहीं कर रहे हैं और करोगे तो ये सब नजर आएगा और ये सब करने के बाद आपके बच्चों को आपकी पत्नी को आपके बेटे और बेटी को और आपको कैंसर नहीं हो रहा है
Speaker A
क्या आप भी तो मर रहे हो आप काहे के बुद्धिमान हो जी काहे के एडमिनिस्ट्रेटर आईएएस हो इस सच को आप भी तो देखो उसी ट्रैप में घूम रहे गोलू के बैल की तरह हमको भी वही घुमा रहे हो। मैं तो इसीलिए
Speaker A
यह सब बात कर रहा हूं कि हम स्टैप से बाहर निकले। आप लोगों की सहायता से हम सच को सामने लाए। मैं ये सब गुस्सा निकालने के लिए थोड़ी बोल रहा हूं। मैं जानता हूं बात में अगर दम है, सच है तो दिल में उतरती
Speaker A
है। और दिल में उतरेगी तो अवेयरनेस नहीं आएगी। एक नई जनरेशन खड़ी होगी। मुझे पूरा विश्वास है। जो कहेगी यह नहीं चलेगा। हम यह बोलने वाले क्रांतिकारी पैदा होंगे। अब अंग्रेजों से और मुसलमानों से आजादी नहीं इस सिस्टम से आजादी चाहिए जो आपको बीमार
Speaker A
बनाने के लिए बनाया गया है। बिल्कुल सही बात है। आपने बहुत अच्छी बात की है कि हमको उसी चक्रव्यूह में नहीं फंस के रहना है। सर्कल में फंसे हुए हैं हम। और मैं जानता हूं आप लोग इससे बाहर निकल
Speaker A
सकते हैं। आपको कोई रास्ता दिखाने वाला नहीं मिला। हम आपको रास्ता दिखा रहे हैं। मैं लीड नहीं करूंगा। आप ही लीड करो। पर जो मैं टॉर्च जलाई है उसकी रोशनी तो ले लो। उसकी रोशनी में देखो और सच को समझो और आगे
Speaker A
बढ़ो। कौन रोकेगा हमें? कोई नहीं रोक सकता। हम आपको सच नजर आ गया तो हमारी नौजवान पीढ़ी सब कुछ बदलने का दम रखती है। मुझे पूरा विश्वास है। तो वो बदलाव लाने की हम शुरुआत कहां से करें? क्योंकि सिस्टम
Speaker A
आपने कर दी शुरुआत। मैंने बोला आपके इस पॉडकास्ट पे आ गया। लोगों में गया तो आपके तो लाखों नहीं करोड़ों लोग हैं देखने वाले आपको। तो इस देश को जागने से कौन रोकेगा?
Speaker A
ये जो कलयुग का रावण है कब तक आपके दिमाग को कैप्चर करके रखेगा? आपकी बुद्धि की सीता का हरण किया हुआ है इस रावण ने। वो कब तक रहेगी कैद में? वो एक दिन त
Speaker A
पहुंचाएगी। इससे मुक्त होंगे। आने वाली पीढ़ियां इस भीष सर्कल से बाहर निकलेगी। इस विश्वास के साथ ही मैं काम कर रहा हूं। बहुत अच्छा विश्वास है और वाकई में यह पूरा भी बहुत जल्दी होगा और अवेयरनेस लानी आपने शुरू कर
Speaker A
दिया। धीरे-धीरे सब इसको इंप्लीमेंट भी अब करना शुरू करेंगे। आप जैसे कैपेबल लोग तभी तो मिल रहे हैं क्योंकि प्रभु की इच्छा है कि ऐसा हो। तो कहां मैं हिमाचली एक कोने में बैठा हुआ छोटे से शहर में कहां आप दिल्ली के लोग हम
Speaker A
मिल रहे हैं ये तो कुछ बात है ना होना। बिल्कुल सही। प्रोसेस का उस प्रभु की इच्छा का एक हिस्सा है। होगा। तो आपने काफी चीजें बताई। एक आपने कहा कि मेडिकल सिस्टम जो है वो भी हमें बहुत
Speaker A
बीमार बना रहा है दवाइयां। दूसरा हमारा जो डाइट है वो भी हमें बहुत बीमार बना रही है। तो अब हम शुरुआत कहां से करें? हम पहले अपना डाइट के बारे में बात करते हैं कि इस टाइम पे क्या चीजें हैं जो गड़बड़
Speaker A
हम खा रहे हैं और कैसे हम उसको कहां करें? शुरुआत करें रेवोल्यूशन तो जब नौजवान करेंगे तब करेंगे। अभी पहला काम आपकी जितनी फल सब्जियां हैं उनको आप कोशिश करिए जेनेटिकली मॉडिफाइड ना हो। अच्छा तो कैसे पहचान करेंगे? जिस चीज की आपको
Speaker A
पहचान करनी है उसको यहां पे रखो और जांच कर लो। बहुत आसान है। देखिए ये बादाम आपने मुझे खाने के लिए रखा था। मैंने नहीं खाया। क्यों नहीं खाया?
Speaker A
क्योंकि मुझे पता है ये कैलिफोर्निया का बादाम है। जैसे ट्रंप खतरनाक है। ऐसे बादाम भी खतरनाक है। सारी दुनिया के लिए खतरा बना हुआ है ट्रंप। ये बादाम भी उसी का है कैलिफोर्निया का। तो इसकी तो सबसे ज्यादा ऐड होती है कि हां
Speaker A
स्पेशल बादाम है ये। तो आप देखिए जो ऐड होती है वो सही भी होगा। ये तो ऐसा तो नहीं होता ना। ज्यादा उसी की होती है जो नकली होता है। जो असली होता है तो बिना ऐड के बिक जाता
Speaker A
है। सोने के लिए ऐड करता है कोई सोना ले लो सोना ले लो। जो नकली होता है वो गहरों की पब्लिसिटी होती है। ले लो। ये बादाम भी वही नकली जा रहा है। प्रूफ क्या है? एविडेंस क्या है? आप हाथ सीधा
Speaker A
करो। ऐसे ऐसे करो आप। मैं दबाऊंगा। आपको रोकना है। जी। एक उंगली से दबा रहा हूं। रोकिए। अरे आप तो मजबूत है। मैं पूरे हाथ से दबाऊं। मैंने सोचा था महिला है ताकत कम होगी पर आप में तो प्रभु कृपा से ताकत ठीक है
Speaker A
लीजिए ये बादाम पकड़िए यह सेंसर है यहां छूने के बाद बहुत जरूरी बात अंडरलाइन करने की बात छूने के बाद यहां कुछ हुआ कोई मैसेज गया कोई मैसेज नहीं आपको कोई मैसेज गया ही नहीं तो आपको लगा कुछ भी तो नहीं हुआ ये
Speaker A
वैद जी तो फालतू की बात कर रहे हैं देखो मेरी फालतू की बात जरा ये देखो एक उंगली से दबाया पूरे हाथ से नहीं दबाता एक उंगली को से दबाने में आधी ताकत लगी है। दर्शकों को यही लगा मिले हुए हैं ये।
Speaker A
नहीं नहीं मिले हुए नहीं है। मैंने वाकई में फिर से और ज्यादा स्टेप कर लिया था। लगाओ बादाम फेंकने पड़ जाएंगे। ये जहर है बादाम। ऐसे काजू सब लोग खा रहे हैं सेहत बनाने को। काजू कतली बर्फी जो प्रिय लोग हैं उनको सबसे महंगी बर्फी
Speaker A
काजू की कतली। हां जी। और कतली नहीं कतला है। देखो क्या बचा? शायद थक तो नहीं गए आप? लाओ जरा इसको हटा के देखें। अब करो। कोई शक है?
Speaker A
तो आप जहर खा रही हैं। तो ये बॉडी में सेंसर है कोई जो बॉडी को ये सेंसर है ना?
Speaker A
अच्छा। पर ब्रेन पे भरोसा मत करना। इसको नहीं पता लगता। बॉडी को पता लगता है। तो आपको क्या करना है? एक तरफ अधिकतम वजन उठाओ जो आप उठा सकते हैं। फिर जिस चीज की जांच करनी है उस हाथ में रख लो या उसके ऊपर हाथ रखो।
Speaker A
ताकत कम हो गई तो खाने के लायक नहीं है। वो जीएम है। बंद गोभी हार्ड वाली और सबसे खतरनाक बात चुकंदर जहरीला है आपका। कैंसर है खीरा। अब खीरा खूब खा रहे हैं। वो लंबीलंबी तरें आ रही है। वो बाजार में मैंने जांच की वो
Speaker A
ठीक है। खीरा आपका 12 14 साल से पूरा जेनेटिकली मॉडिफाइड है। कैंसर करता है। डाइजेशन खत्म। जो एक देसी खीरा आता है और एक वो अंग्रेजी खीरा देसी है ही नहीं मार्केट में। दिखा दो। एक बिल्कुल डार्क ग्रीन कलर का आता है और
Speaker A
एक लाइट ये हर रोज नई-नई इन्वेंशन करते हैं। आपको बनाकर नए-नए वो देते हैं ताकि आप कहीं तो ट्रैप हो जाए। आप ट्रैप हो जाते हैं। मार्केट में एक भी खीरा सही नहीं है। जो ऑर्गेनिक नाम से आता है वो भी
Speaker A
आप धतूरा जानते हैं आप? नाम सुना होगा। धतूरा एक जहर होता है। हां जी। हां जी। आग जानते हैं, कनेर जानते हैं। हां जी। आग तो जानते हैं ना?
Speaker A
आग को आप ऑर्गेनिक उगाएंगे तो क्या बिना जहर का उगेगा? जहर ही उगेगा ना। अरे बीजी गलत है। ऑर्गेनिक का क्या मतलब है? उगाने वाला अगर ईमानदार है तो उगा तो गलत रहा है। ऑर्गेनिक जहर उगा रहा है वो। तो क्या
Speaker A
हम खा लेंगे? ये सब खीरा गलत, शिमला मिर्च तीनों गलत। मटर आपका 100% जहरीला है। बीज गलत है। केमिकल की बात नहीं कर रहा हूं। खाएंगे तो कैंसर होगा। मेरे एक बेटे का आर्ट ऑफ लिविंग का टीचर विज़न चला गया। रात
Speaker A
को मटर खाया। सुबह एक आंख की विज़न खत्म। दूसरे टीचर को उसी का साथी है। ब्लड आने लगा स्कूल में सवेरे मटर खाकर। आप मटर खूब खा रहे हो। तो पहला काम आपने पूछा क्या करें? जी जेनेटिकल मॉडिफाइड चीजें छोड़ दो। शिमला
Speaker A
मिर्च, मटर, खीरा, चुकंदर छोटा-छोटा एक अच्छा आता है। आप पहचान नहीं पाएंगे इसलिए मत खाओ। और ये ड्राई फ्रूट में यह बादाम मत खाओ। अगर आपका डाइजेशन अच्छा है तो गुरबंदी खाओ, मामरा खाओ, काजू है ही नहीं बाजार में सही वाला। सब गलत
Speaker A
है। मत खाओ। पिस्ता ये ठीक है। गलत भी आ सकता है। तो जितने जेनेटिकल मॉडिफाइड क्रॉप्स हैं वो सब जहर हैं। कैंसर करेंगे। आपकी सबसे बड़ी प्रॉब्लम है आपकी वीट गेहूं। हम एक वीट पहली नाम की किताब है वो बता रहा
Speaker A
है डॉक्टर अमेरिका का कार्डियोलॉजिस्ट। मेरे 100% रोगी क्योर हो गए हर बीमारी के। गेहूं छोड़ दी। अच्छा। उस व्यक्ति को ये नहीं पता ये मॉडिफाइड वीट है। एलर्जी हो रही है वीट से। हमने वीट गेहूं खिलाई एलर्जी वाले को कुछ नहीं
Speaker A
हुआ मैंने नहीं मेरे एक साथी ने अनपढ़ वैद कुछ नहीं हुआ तो उस अनपढ़ वैद को जो समझ है वो पढ़े लिखों को डॉक्टरों को नहीं है वो जेनेटिकल मॉडिफाइड वीट है जी तो आपका बहुत बड़ा खतरा है ये नमक फाइंड तेल सफेद
Speaker A
चीनी और आपका आटा गेहूं सब्जियां तो 15 है 20 है चार छोड़ दी आटे का क्या करोगे वो सबसे बड़ा खतरा है। ईश्वर ने आपको सामर्थ्य दी है तो ₹40 किलो का आटा मत खाओ। ₹120 किलो की खपली गेहूं खाओ।
Speaker A
खपली गेहूं सोना मोती गेहूं खाओ। देसी गेहूं कोई खाओ। मध्य प्रदेश से आ रही है। उसकी एनर्जी मैंने देखी पंजाब में एक के घर में थी। बहुत टेस्टी रोटी थी। मैं गेहूं से डरता हूं। बहुत स्वादिष्ट स्वादिष्ट गेहूं भी
Speaker A
गेहूं हाथ में पकड़ी तो ताकत आई। वो सही गेहूं थी। तो आप घर में 12 14000 की मशीन लगा लो आटा पीसने की। अच्छी गेहूं ₹100 किलो की मंगाओ। पीस कर खाओ। आधा जौ डाल दो। आपके घर से बीमारियों और डॉक्टर बाहर हो
Speaker A
जाएंगे। क्यों? जौ का काम है बॉडी टॉक्सिन को बाहर निकालना। देसी चना हो छोटे वाला, झुर्रियों वाला, रिंकट वाला वही खाना है जो सिकुड़ा हुआ है। जो प्लेन है वो जीएम है। हां। हां कई आजकल बड़े सुंदर-सुंदर आते
Speaker A
हैं। हां वो एक फिल्म का डायलॉग है ना हर चीज चमकती है जो उसको सोना नहीं कहते। सुंदर खतरनाक भी हो सकता है। साधु रावण भी हो सकता है जो हरण करने आया है आपका। है ना? होता ये है। रावण हमेशा भेष बदल कर
Speaker A
आता है। ये सारे जीवम जो है ये भेष बदल कर आए हुए रावण है। आपके स्वास्तिक की सीता का हरण करने आए हैं। तो वो नहीं। ये जो झुर्रियों वाला चना जब उबलता है ना सुगंध आती है खाना खाओ तो मन ही नहीं भरता खाकर
Speaker A
ध्यान में है ये टेस्ट हां जी वो चना मिलाओ ज मिलाओ कितना मिलाना आपकी इच्छा है पर गेहूं आधी खपली और इतनी स्वादिष्ट लगती है जिनके घर पे मैं परसों रात था खाना खाने के बाद एक रोटी सूखी मैं ऐसे ही
Speaker A
खा गया रुका नहीं गया जब मैंने उसको बताया तो कहते रात को मैं घर 12:00 बजे पहुंचा हूं आपको छोड़कर पति पत्नी ने दोनों ने कहते हमने वही सूखी रोटी खाई मजा आ गया खाकर क्योंकि खपली गेहूं होती है स्वाद
Speaker A
सोना मोती आधा जौ तो आपके स्वास्थ्य का 50% नहीं 75% बीमा हो गया मुश्किल है क्या सिंपल 100 दवाइयां नहीं खानी ₹100 किलो की गेहूं खानी है हम दूसरा काम रात का चावल स्टिकी राइस कोरिया में बड़ा मशहूर है जो पकने के बाद चिपक
Speaker A
जाता है सबसे महंगा चावल है आप कौन सा चावल खा रहे एक-एक एक एक दाना बिखरा हुआ अलग क्यों है अलग हो सकता है प्लास्टिक कोटेड हो आप प्लास्टिक खा रहे हैं जो चिपकता ही नहीं है वो खाओ जो चिपक जाता है और वो
Speaker A
चावल ठंडा करके कांच के बौले में मिट्टी के बर्तन सबसे अच्छा उसमें पानी डालकर मसल कर रख दो सुबह तक फर्मेंट हो जाएगा आपके गट बैक्टीरिया का सबसे अच्छा आहार है यह चावल फर्मेंटेड सुबह इसको मैंने क्या किया बंद
Speaker A
को भी आज मैंने यही दोनों टाइम खाया सुबह भी दोपहर भी और भूख लग रही है हम तो क्या किया तड़का तैयार किया टमाटर बंद गोभी वगैरह सब अच्छी वाली बंद गोभी बाजार में मिल गई सब तड़का अच्छे से बनाया कम
Speaker A
तेल में मैंने बनाकर चावल डाले और गैस बंद मिलाया जिसके पास ठहरा था उस अपने साथी को भी यही नाश्ता करवाया मैंने भी किया और दोपहर का खाना भी यही खाया फ्रेश पॉडकास्ट करने वाले ने पूछा आप खाना खा
Speaker A
रहे हैं गुरु जी कहीं नींद सुस्ती तो नहीं आएगी आलस तो नहीं आएगा अभी तक एनर्जी लेवल हाई है ये वो चावल तो ये खाओ तो वो भी कुछ ऐसे जैसे आपने गेहूं बताया कि खपली गेहूं तो ये कोई नाम
Speaker A
चावल भी आपका ऐसा होना चाहिए पर चावल में स्प्रे तो भयंकर है बड़ा आसान काम है आधा चम्मच मीठा सोडा डालो पानी डालो मूंग की दाल हो मोठ हो कोई दाल है कोई चावल है चावल के 15 मिनट बाद
Speaker A
दालों को आधे घंटे बाद पानी निकाल दो धोकर पका दो ज्यादातर जहर निकल गया मीठे सोडे में अल्कलाइन ने उसको ले लिया जहर को पकाओ फिर कितना आसान काम है मिलेट्स मिलेट्स मिलेट्स ये क्या हो गया आपको अरे भैंस को
Speaker A
शुगर को हट्टेखट्टे पहलवान को मिलेट्स पच जाएंगे आप डेलिकेट लोग शहर के जिनका डाइजेशन कमजोर है मिलेट कैसे पचाओगे भारी होता है पचने में थोड़ा खाया कभी खाया आप रोज खा रहे हैं हम यानी अब आंखें बंद करके भागने की आदत पड़ गई है
Speaker A
आपको बिना एनालाइज एनालाइज किए बिना सोचे समझे यह खाओ ना और फिर अगर आपका घर में आटा बच गया अच्छे वाला दिन में फेंकना नहीं है फ्रिज में रखना नहीं है अगर आपके पास अच्छे दूध का दही बना हुआ है ये पैकेट
Speaker A
वाले दूध जितने भी है कंपनी का नाम नहीं लूंगा सब नकली है प्रिजर्वेटिव वाले हैं जहर है ताजा दूध भैंस का या देसी गाय का उसका दही बना हो बस उसमें आटे को गूंदो मसल दो रख दो रात भर में फर्मेंट होगा
Speaker A
सुबह खाओगे खाने के एक घंटे बाद कहोगे खाना लाओ पूरे पेट का बैक्टीरिया बनेगा विटामिन बी पूरा हो जाएगा हां जिसकी सबको कहते हैं सबको कमी है ब्लड बन नहीं रहा है और दूसरे आपको सूरज के खिलाफ खड़ा किया जा रहा है।
Speaker A
आपके खिलाफ एक कास्परेसी चल रही है डर्मेटोलॉजिस्ट की सनस्क्रीन लगाओ धूप में रहो धूप से बिल्कुल बताओ कपड़े पहनो गोगल पहनो ये धूप में जाना नहीं है यूवी रेज आपको ये करेंगी वो करेंगी झूठ बोलते हैं मेरे पास इस समय 10 रिसर्च पेपर है 12 13
Speaker A
रिसर्च पेपर है जो ये बता रहे हैं धूप में बैठने से कैंसर ठीक हुआ जो धूप में बैठते हैं उनको कैंसर कम हुआ जो धूप में नहीं बैठते सनस्क्रीन लगाते हैं 130% उन औरतों में कैंसर बढ़ गया ओ नेवी में अमेरिका के आठ गुना ज्यादा
Speaker A
कैंसर मिला है। क्यों? वो अंदर काम कर रहे हैं। लगातार धूप कम मिल रही है। हाई एल्टीट्यूड पे जो लोग रहते हैं उसमें कैंसर 18 20% ज्यादा मिला है। धूप नहीं है। आप कह रहे हैं धूप से कैंसर होता है।
Speaker A
बताओ ये सर्वे झूठ है कि तुम झूठे हो? हमको बीमार बनाने का एक बहुत बड़ा स्कैम नहीं चल रहा। पर साथ ही वो बता रहे हैं कितनी धूप लेनी जितने से जलन ना हो। स्किन ना जले लाल ना
Speaker A
हो जाए स्किन उतनी धूप आप जैसे गोरे लोगों को केवल 15 मिनट बैठना है धूप में पूरा सेरोटोनिन बन जाएगा हैप्पीनेस हेल्थ हेल्थ की वेल्थ आपके ऊपर बरसेगी सूरज की रोशनी में बैठो 15 मिनट कितने 150 ग्राम हरे पत्ते खाकर या पीसकर
Speaker A
हरे पत्ते पांच छह तरह के पानी मिलाओ 70-80 ग्राम पत्ते उसका रस निचोड़ो कांच के गिलास में पी जाओ सर्दी है तो थोड़ा अदरक डाल लेना पीकर 15 20 मिनट धूप में बैठो बिना कॉस्मेटिक्स के सुंदर हो जाओगे
Speaker A
अच्छा ग्रो आएगा हेल्थ बनेगी बीमारियां हर बीमारी में इंप्रूवमेंट होगी ही क्यों इम्युनिटी बढ़ गई जी सेरोटोनिन बन गया और जब सेरोटोनिन बना तो रात को मेलाटोनिन बनने की गारंटी होगी ये उसका रॉ मटेरियल है हम नींद की भी बहुत समस्या है लोगों को
Speaker A
नींद गोलियां खा रहे हैं ना बढ़िया नींद आएगी वाइट लाइट नहीं जलाना अच्छा एक और बड़ी बात बताऊं इंटरेस्टिंग बहुत अच्छी बात है जो मुझे पसंद है जो बेईमानी करते हैं धोखा ठगी लोगों के साथ चीटिंग करते हैं उनकी बॉडी
Speaker A
में कभी भी सेरोटोनिन नहीं बनता डिस्ट्रॉय हो जाता है गट बैक्टीरिया मर जाता है अभिशाप मिल गया आप लोगों को जीवन भर बीमार रहने का और स्ट्रेस में जीने का अगले जन्म में पाप जो भुगतोगे वो तो बाद
Speaker A
की बात है इसी जन्म में तुम्हारा जीवन बर्बाद हो गया। जो लोग चीटिंग कर रहे हैं, धोखा दे रहे हैं, ठगी बेईमानी की कमाई कर रहे हैं। तो हम पे कृपा मत करो। सुखी होना है तो स्वयं पे कृपा करो और बेईमानी का खाना बंद
Speaker A
करो। हम तो सही बात है। अगर सुखी होना है तो बिना गोली के, बिना जहर के बिना ट्रकोलाइजर के नींद आएगी। तो आपने चने का जैसे बताया था दालों में भी ऐसा ही कुछ उनको भी वही मीठा सोडा डालो। उससे
Speaker A
और जो बड़ी-बड़ी मोटी मूंग है जीएम हो सकती है। दालें भी बन गई है। जीएम हम है ना आपके पास फार्मूला दे दिया हाथ में पकड़ो और देख लो। अच्छा दालों का अभी दालों का भी मैं एक बार कहीं कोई वीडियो देख रही थी कि एक तो
Speaker A
छिलके वाली होती है और एक धुली हुई होती है। जो चमकीली है उसके ऊपर जहरीली पॉलिश है। चमकीली दाल नहीं लेनी। दाल और चावल सही हुआ जिसमें हाथ डालो हाथ में धूल लगे। एक क्विंटल की 90 किलो की बरी कहां-कहां से
Speaker A
धक्के खाते आ रही है। रगड़ लगकर धूल नहीं बनेगी। अगर उसमें प्लास्टिक कोटिंग है, पॉलिश है तो रगड़ से धूल नहीं बनेगी। तो सुंदर चीज खाओगे तो पछताओगे। धूल वाली तुरंत गलती है खाने में टेस्टी होती है। वो खाओ ना और याद करो आपकी बूढ़ी
Speaker A
दादी क्या करती थी? नानी क्या करती थी? जब दाल बन थी, हल्दी डाली, कड़छी लेकर बैठ गए। झाग निकाल कर फेंक देंगे। जहर जितना ज्यादा होगा उतनी ज्यादा जहर झाग निकलेगी। फेंक दो। उसके बाद उसको पकाओ। कितना आसान काम है।
Speaker A
आप जितनी आसानी ढूंढ रहे हैं, उतनी जीवन मुश्किल दोघर हो रहा है। ये आप करो तो जीवन सरल हो जाएगा, सुखी हो जाएगा। और जिन लड़कियों को पिज़्ज़ा, बर्गर और होटल का खाना खाना है तो भूल जाओ कि कभी मां
Speaker A
बनोगी। भूल जाओ कभी स्वस्थ हो जाओगी। ड्रम बनोगी इतनी मोटी या सूखकर कांटा बन जाओगी। केमिकल खा रहे हो ना? हार्मोनल डिसऑर्डर होना है। पीरियड्स डिसऑर्डर होना ही होना है। इर्रेगुलेट होना ही है। मत सोचो होटल का खाना खाकर आप स्वस्थ रह पाओगे। मैं
Speaker A
यात्रा में जाता हूं। कभी होटल का खाना नहीं खाता। ढाबे का खाना खाता हूं। जहां ट्रकों की लाइन लगी हो। अच्छा। सफाई नहीं होती। पर जहर नहीं वो मुझे खिलाएगा। फ्रिज का प्रिजर्वेटिव वाला खाना नहीं खिलाएगा। 5 सिक्स स्टार। हमारा एक
Speaker A
भारत विकास परिषद है। फाउंडर मेंबर था मैं उसका। 2000 3000 5000 6000 फीस हर साल बढ़ती जा रही थी और होटल में हर महीने खाना मीटिंग जब हुई हाथ जोड़कर 1820 साल के बाद मैंने क्लब छोड़ दिया बीमार होता
Speaker A
था होटल के खाने से बड़े लोग हैं अब मैं तो बड़ा आदमी नहीं हूं जो पैसे देकर जहर खाऊंगा मेरे पास तो बुद्धि का पैसा है मैंने छोड़ दिया वो क्लब यात्रा में कभी ढाबे में खाना पड़ता है तो उस ढाबे में खाऊंगा जहां
Speaker A
पर ट्रक की लाइन लगी वहां बासी खाना नहीं मिलेगा सफाई का मैं अपनी थाली लेकर जाता हूं। अपना कांच का बॉल रख लेता हूं। एक बोरोसिल का चम्मच अपना उसमें डलवा कर ले आए। गाड़ी में बैठ के खा लिया। कभी बीमार
Speaker A
नहीं हुआ। जितनी बार ट्रेन का खाना खाया हफ्ता 10 दिन बीमार रहा। जिस दिन प्लेन का खाना खाया महीना भर बीमार रहा। उनमें प्रिजर्वेटिव्स होते हैं। सब जहर प्रिजर्वेटिव। और है क्या? एक आपको टोस्ट जहर डालकर ₹600 में खिला रहे हैं।
Speaker A
ठीक है भाई बड़े आदमी हो तो जहर सस्ता क्यों खाओगे? खाओ और भुगतो। तो जो लोग खा ही रहे हैं जो मतलब इतना बड़ा नहीं खा पाते तो कौन स्वस्थ है?
Speaker A
हम बड़े से जितने बड़े आदमी उतने ज्यादा बीमार तो कुछ ऐसा टूटने वाला आपसे ज्यादा स्वस्थ है। वो कुछ ऐसा कर सकते हैं कि कुछ अगर ऐसा खा लिया है तो कुछ डिटॉक्स करने के लिए कुछ पी लें या कुछ खा लें तो उसका असर खत्म।
Speaker A
खा चुके हैं उनके लिए नींबू है। जेनेटिकल मॉडिफाइड क्रॉप्स खाई है तो नींबू पानी में डालकर पी लो। अगर आपको सूट करता है बीज वाला नींबू देसी 5 मिनट में ब्लॉटिंग खत्म। नॉर्मल में गरम में पानी साधे पानी में।
Speaker A
अच्छा कांच के गिलास में पियो। पीते ही आप कहोगे एनर्जी आ गई। क्या हुआ? वो फैक्ट्री बंद हो गई जो पेट में जहर बना रही थी। टॉक्सिक प्रोटीन बना रही थी जीएम वाली। बंद हो गई। यू हो गया। समाधान है। आप सीखने वाले बनो।
Speaker A
बिल्कुल सही बात है। बहुत जरूरत है यह सीखने की और हर किसी को हर लाइफ की स्टेज में ही जरूरत है। तो जो लाइफ की स्टेजेस की हम बात कर रहे थे। आप कह रहे थे कि जो यूथ है वो रिवोल्यूशन लेकर आएगा। अगर हम
Speaker A
बात करें बच्चों की तो जो मेडिकल है ना लोग बड़े तो फिर भी कई बार अवॉयड कर लेते हैं कि चलो थोड़ा बहुत ध्यान लेते हैं अपनी तरफ। लेकिन बच्चों को जैसे ही होता है जुकाम, खांसी डॉक्टर्स के पास भागते
Speaker A
हैं। लूज मोशन क्योंकि मेरी अपनी दो बेटियां हैं तो मैंने इस चीज को प्रैक्टिकली देखा है कि बच्चों को छोटी से छोटी मैक्सिमम डॉक्टर्स ऐसे हैं जो आप जाएंगे और सबसे पहले उनको एंटीबायोटिक दे दिया जाता है और जिसका कि हम सब जानते हैं कि इम्युनिटी
Speaker A
पे तो फिर बच्चों का कैसे ध्यान जो छोटे बच्चे हैं मोस्टली उनको जुखाम, खांसी हर चौथे पांचवे दिन ही आजकल लगा रहता है। तो उससे कैसे उनकी इम्युनिटी कैसे बिल्ड हो और ठीक कैसे करें?
Speaker A
कोई सोर्स हो तो शुद्ध शहद ले लो। हम गर्म पानी में शायद जहर बन जाता है। अच्छा पतले होने के लिए पी रहे हो हम हां मोस्टली कहते हैं कि वो गलत बिल्कुल गलत तो शहद ले लो ठंडे पानी में
Speaker A
उस बच्चे को शहद चटाओ थोड़ा-थोड़ा इम्यूनिटी को बढ़ाने के लिए शहद कमाल की चीज है। असली हो बाजार में सब नकली मिलता है। सही जगह से लेना अच्छा शहद। दूसरा एक चम्मच पनवाड़ी वाला चूना छोटा चम्मच 5 ग्राम वो चूना ले लेना एक
Speaker A
बोतल पानी में डाल देना और पीले रंग की बोतल हो तो सबसे बढ़िया ना हो तो सेलोफिन पेपर उसके बाहर लगा दो वो जेलेटिन पेपर डबल उसके बाहर लगाओ टेप चिपका दो पीली बोतल बन गई उसमें पानी भरो ऊपर से तीन
Speaker A
उंगल खाली रखना चार उंगल या छोटा सा चम्मच चूने का डाल दो उसमें आधा ग्राम केसर डाल दो किसी बढ़िया वुडन सरफेस उस पे चार दिन धूप में रख दो। टॉनिक बन गया। बस अपने बच्चे को अगर साल दो साल का है
Speaker A
पांच बूंद। अगर वो 810 साल का है तो 10 बूंद दिन में तीन बार उसको दो। हड्डियां बनेगी। दांत सुंदर बनेंगे। जो चीनी खाने से कैल्शियम डिस्ट्रॉय हो गया वो कैल्शियम बन जाएगा। लीवर काम करने लगेगा। भूख बढ़िया लगेगी। ज्डिस ठीक होने लगेगा और
Speaker A
बच्चे की इम्युनिटी बढ़ जाएगी। धूप में बिठाओ। और कितने दिन तक उसको स्टोर करके रख सकते हैं पानी को? दो चार महीने चूने का पानी खराब नहीं होता है। अच्छा चूना प्रिजर्वेटिव है। बड़े भी ले सकते हैं। बड़ों को लेना है एक चम्मच ले लो।
Speaker A
खाने के साथ दाल सब्जी में डालकर लो तो आपकी हड्डियां बनेगी। कमर की दर्द, घुटनों की दर्द, गायब, सुंदर दांत बनेंगे। हार्ट मजबूत हो जाएगा। ब्रेन बढ़िया बनेगा। ये छोटे से टोटके से। तो बच्चों को धूप में जरूर बिठाइए। मालिश करके। बढ़िया
Speaker A
घी, तेल की मालिश हफ्ते में एक बार करो। और बच्चे बहुत डेलिकेट है। उनका डिफेंस सिस्टम नहीं है। उनको हमसे ज्यादा नुकसान होता है। इसलिए कभी टूथपेस्ट नहीं नेवर। अच्छा टूथपेस्ट तो जहर ही है। जी पूरी बॉडी को
Speaker A
ये खत्म कर देता है। चाहे किसी का बनाओ चाहे देसी हो चाहे विदेशी हो। जैसे पैकेट का दूध जहर है। ऐसे टूथपेस्ट भी ज़हर है। नहीं लेना है बिल्कुल भी। मंजन करो, दातुन करो, उंगली से करो, दातुन से करो। वो आपको
Speaker A
बिल्कुल नहीं लेना। बच्चों का बीवी भी ब्लड ब्रेन बैरियर है ही नहीं। यानी डिफेंस सिस्टम नहीं है। उनको हमसे कई गुना ज्यादा नुकसान होता है गलत चीज का। इसलिए कृपा करो अपने बच्चों पे उनके पांव में नायलून की जुराब हटा दो।
Speaker A
अच्छा। कृपा करो उनके ऊपर उनके नायलून की चप्पल, जूते हटा दो। नहीं है मुझे पता है। प्योर लेदर का पतावा उनके जूते में डालो। और बमबू की, हेमप की, रेशम की जुराबें ढूंढ कर लाओ। 100% प्योर कॉटन लाओ। वह जुराब
Speaker A
पहनाओ तो आपके बच्चे की सेहत चार दिन में लगेगा कि बन गई। लगातार बॉडी में जहर जा रहा है। टूथपेस्ट का जुराब का, नायलॉन का सारा नयलॉन और फिर नयलॉन के तो तकिए लगाए हुए हैं आपने। चद्दर बिछाई हुई है। गद्दे नयलॉन के हैं।
Speaker A
अरे प्रभु क्या करें आपके लिए? रोज पढ़ते हो कि प्लास्टिक से मछलियां मर गई समुद्र में। मछलियों की चिंता है। कुछ अपनी भी चिंता कर लो। आप भी मर रहे हैं इस प्लास्टिक से और आपके बच्चे भी उससे दूर जाओ।
Speaker A
बिल्कुल सही बात है। इंडक्शन माइक्रो ओवन क्या है? सोने के कमरे में टेलीविजन कितना खतरनाक है। हम तो ये सब बदलो। बच्चों की आंखों का कैसे ध्यान रखें? आजकल तो छोटी-छोटी उम्र में बच्चे चश्मा लगाकर घूम रहे हैं। तो
Speaker A
दांत गल रहे हैं वो नहीं आपने ध्यान दिया। 100 साल के बूढ़े के दांत 32 होते थे। आज छ साल के बच्चे के दांत गल गए हैं। चीनी बंद करो। हम हड्डियों का सबसे बड़ा दुश्मन रिफाइंड शुगर है। मिठाई में चॉकलेट में सब जगह वही
Speaker A
है। और चॉकलेट में तो आपका किडनी डैमेज होती है। अच्छा हम तो सिंथेटिक है ना उसमें ऑयल से बना हुआ है वो। रिफाइंड ऑयल से बना है चॉकलेट। तो तो जाहिर है बहुत कम चॉकलेट ओरिजिनल मिलता है तो वो तो नहीं चलेगा तो बच्चों
Speaker A
की सेहत चाहिए तो पैक फूड नहीं देना है तो सेहत बनेगी बनेगी धूप में बिठाओ बिल्कुल सही बात है धूप में तो अब सब सुबह उठते ही संस्कृत मंत्र सुनाओ कई यूनिवर्सिटी में दुनिया के संस्कृत मंत्रों के ऊपर सर्च हुई है मेमोरी शार्प
Speaker A
होती है हम तो कोई एक मंत्र आप ऐसा वैदिक मंत्र आते हैं ना उसमें शांति मंत्र वैदिक एक शांति मंत्र आधे घंटे लगा दो सुबह मोबाइल में डाउनलोड करके उनको रख लो बस सुनो समझ आए ना आए बच्चे शांत हो
Speaker A
जाएंगे और एक कमाल बताऊं जादू सिखाते हैं हम बच्चों को सोने के बाद मोर पंख का मुट्ठा ले ऐसे झुला देना सुबह उठेंगे हंसते हुए अरे वाह उठने से पहले उनको मोर पंख झुला देना दो मिनट बच्चों का स्ट्रेस गायब आपका गायब हो
Speaker A
जाएगा पत्नी थकी हुई आई है आते गुस्सा करेगी मोर पंख जला दो पतिदेव घर में आ रहे हैं थके हुए चिड़चिड़ करेंगे ये वो हम तो क्या करो मोर पंख से झाड़ दो उनको मंत्र बोले बिना हो गया काम सम्मान पूर्वक मोर
Speaker A
पंख को रखो मोर पंख में शरीर से अलग होने के बाद भी लाइफ होती है प्रेयर सुनता है आपका जैसे पानी सुनता है ना प्रेयर ऐसे वो भी सुनता है सम्मान पूर्वक रखो कमाल की बात आपने बताई तो आप ये जो बता
Speaker A
रहे थे ना कि जो हम जेनेटिकली मॉडिफाइड चीजों के अभी आपने कहा कि हम जादू बताते हैं कि मोर पंख से जादू हो जाएगा। तो मुझे ध्यान है हम बात कर रहे थे तो आप बता रहे थे कि वो भी एक जादू आप बताते हैं कि
Speaker A
जिससे कि जो जेनेटिकली मॉडिफाइड है उसको ठीक किया जा सके। कर सकते हैं ना वो कैसे कर सकते हैं हम?
Speaker A
आप पिरामिड बनाइए 1 मीटर बाय 95 सें.मी. का नीचे 100-100 सें.मी. का स्क्वायर ऊपर 95 सें.मी. की भुजाएं। लोहे को छोड़कर जो मर्जी लगा लो। हम उसके अंदर जो चीज रखोगे एक रात में जीएम क्रॉप नॉन जीएम हो जाएगी।
Speaker A
अच्छा जहरीली चीजें ठीक हो जाएंगी। ऐसे कैसे होगा? उस एंगल की खोज की है हम भारतीय ऋषियों ने हमारे आपको बताते नहीं है। द सेल्टिक ड्रड नाम की किताब पढ़िए आप। और दूसरी किताब है इंडिया इन ग्रीस। पिरामिड हमारे द्रविड़
Speaker A
ब्राह्मणों ने वहां जाकर बनाए हैं। इनको बहुत तकलीफ होती है बताने में कि भारतीयों ने बनाई है। इसलिए बोलते हैं एलियन ने बनाई है। है ना? भारत को श्रेय देने में इनको बहुत तकलीफ होती है। बहुत छोटी बुद्धि है। संकीर्ण सोच है। तामसिक सोच
Speaker A
है। ये सच कैसे बोलेंगे? हम लोगों ने बनाए हैं हमारे पूर्वजों ने वो। ऐसा मकल्लस एंगल जो 5000 साल के बाद भी वहां पर मास गलता सड़ता नहीं है। यह मिरेकल होगा उसके नीचे डीएनए चेंज हो जाएगा। जो ह्यूमन
Speaker A
एफर्ट से खराब किया गया ठीक हो जाएगा और दवाई बन जाएगी आपकी सारी चीजें टेस्टी हो जाएंगी। दूध उसके नीचे रख दो। मैंने रखा था जड़ खौर में वृंदावन में रखा। अरे 48 डिग्री टेंपरेचर में दूध सड़ा ही नहीं।
Speaker A
सूख गया, पत्थर बन गया, टेस्टी हो गया, मिठास बढ़ गई, बदबू नहीं आई। तो इतना बड़ा वरदान आपके पास आपके पूर्वजों का है। बना लो ना हर घर में एक पिरामिड 1 मीटर, 1 मीटर 1 मीटर, 95 सें.मी. ऊपर
Speaker A
इसी डायमेंशन में गत्ते की टोपी बना के पहना देना। क्योंकि ऊपर की नोक आप एक्यूरेटली मिला नहीं पाओगे। इसी डायमेंशन में कैसे बनाओगे गत्ते की टोपी? 9 1/2 इंच प्रकार खोलो। सर्कल बनाओ गत्ते के ऊपर। उसके बाद 10 इंच प्रकार
Speaker A
खेलो। चार बार चाप लगाओ। लाइनों को मिला दो। सेंटर से भी मिलाओ। किनारे से मिलाओ। काट कर चार भुजाएं बनी। हल्का सा कट मिला के मोड़ के टेप लगा दो। पिरामिड बन गया। एग्जैक्ट। उसके ऊपर टोपी पहना दो।
Speaker A
बस उसके नीचे रखो और देखो आपकी हर चीज टेस्टी हो जाएगी। नॉन जीएम हो जाएगी। क्या चाहिए आपको? गलना सड़ना। शेल्फ लाइफ। हम चार दिन नहीं बढ़ेगी 40 दिन सूख जाएगी सब्जियां सड़ेगी नहीं टेस्टी हो जाएगी पूरे उसके जो गुण है एंजाइम उसके मिनरल्स
Speaker A
विटामिन सब इंटैक्ट रहेंगे तो कहीं ना कहीं वो एनर्जी का भी रोल है क्योंकि एन के शर्मा जी जबरदस्त एनर्जी है वो हां पडकास्ट हुआ था तो उन्होंने ये बोला था कि मेडिटेशन भी करो तो पिरामिड वाली शेप के नीचे करो तो
Speaker A
उसके लिए आप 1 मीटर के बजाय तीन गुना कर दो इसका रेशियो यही है 10 9:30 तो कमाल की बात आपने बताई है सर ये डायमेंशन कोई नहीं बताता। राइट राइट पिरामिड पिरामिड करते हैं फिर लाखों रुपया मांगते हैं।
Speaker A
हम आपको फ्री बता रहे हैं। जो थैंकफुल नहीं होता जिसमें ग्रेटट्यूड नहीं होता वो कभी स्वस्थ नहीं होता। मेरे जैसे लोगों का आप एहसान नहीं मान सकते तो मत मानो। कम से कम थैंकलेस तो मत बनो। तो क्या होगा? आपका
Speaker A
नुकसान होगा। थैंकफुल हो जाओगे। सेरोटेटिन बनेगा। थैंकफुल होने से बिल्कुल जो थकलेस होता है कभी स्वस्थ नहीं होता बेईमान आदमी कभी स्वस्थ नहीं होता भरोसा नहीं है ना आप लोगों को पढ़ लो मेनी लाइफ्स मेनी मास्टर्स 84 जन्म की कहानी है
Speaker A
एक औरत की क्या किया क्या फल मिला क्रिश्चियन डॉक्टर की लिखी हुई किताब है ब्राइन विज़ की पढ़ के देखो तो फिर एक किताब है लाइफ आफ्टर डेथ एमडी डॉक्टर की लिखी पिछले जन्म में क्या हुआ? क्या भुगतना
Speaker A
पड़ा? आप सनातनी होने के बावजूद आपको शक है कि कर्म फल होते हैं कि नहीं होते? अरे देख लो ना 100 से ज्यादा किताबें जो बता रही है एमडी डॉक्टर की लिखी हुई जो किया सो काटना पड़ेगा। कहां जाओगे बचकर?
Speaker A
जी बिल्कुल। छल छिद्र कपट मोहि ना भावा। ये छल छिद्र कपट करोगे तो भगवान के दरबार में आपके लिए कोई स्थान नहीं है। तो सबसे जरूरी चीज है स्वस्थ रहना सबसे जरूरी चीज है कि अपने भाव स्वस्थ अच्छे करें
Speaker A
हम मन से बीमार है हम शिकायत कंप्लेंट कंप्लेंट दूसरों का बुरा ठगी आप स्वस्थ आपको कौन भगवान भी नहीं बना सकता आदमी डॉक्टर की क्या बात है आप सुधर जाओ तो आपके लिए रास्ते खुल जाएंगे हम नहीं तो दरवाजे बंद है बिल्कुल सही बात
Speaker A
है। हम दरवाजे खोलने की बात करते हैं। अभी आपने कहा कि डॉक्टर को भूल जाओगे। तो हमने क्योंकि डाइट के बारे में कवर कर लिया। अगर हम डॉक्टर्स की बात करें हमने जो आपने स्टार्टिंग में कहा था कि छोटी-छोटी चीजों
Speaker A
के लिए हम दवा ले रहे हैं और डॉक्टर्स के पास जा रहे हैं। तो कुछ एक चीजें ऐसी जो कि हम लोगों को रेगुलरली लोग डॉक्टर्स के पास जा रहे हैं। बताया मैंने बेटे आपको बताया ना एक तो
Speaker A
फर्मेंटेड राइस। हां जी। 20 कीमती बात बता रहा हूं मैं। दूसरे 70 ग्राम पत्तों का रस सुबह पीना धूप में बैठना। सांवले आदमी को आधा घंटा बैठना। हम और अच्छा सोचना ग्रेटट्यूड और रात को खाना हां सूरज डूबने के बाद
Speaker A
खाना नहीं खाना 30 साल उम्र ज्यादा हो जाएगी। अभी आपको पता ही नहीं आप 30 साल कम जी रहे हैं। कोई डिवाइस ऐसी है ही नहीं जो बताए कि कितनी जल्दी मरे। औसत देख लो। 100 साल जीने वाले आज 60 70 साल में मर रहे
Speaker A
हैं। 100 साल की उम्र में खेत में काम करने वाले दया खा के जिंदा रह रहे हैं। इससे तो समझ जाओ कि कहीं तो गड़बड़ है रात को खाना सूरज डूबने के बाद नहीं। तो कुछ खाने का ऐसा भी है कि जैसे हमारे
Speaker A
शरीर के सबके अलग-अलग वात पित्त कफ वाले होते हैं लोग। तो उन सबकी अलग-अलग कुछ दिनचर्या रहनी चाहिए कि कुछ मुश्किल है ये करना। मगर जी त्रिफला और गिलोय ऐसे हैं जो वात पित्त कफ को सम करते हैं। तो क्या करो 12 महीने
Speaker A
त्रिफिले का एक टुकड़ा कांच के गिलास में भिगो दो। गर्मी है तो ठंडा उसको मसल कर पी जाओ छानकर। सर्दी है तो थोड़ा बॉईल कर लो। आजीवन पियो। कोई भी पी सकता है। दूसरा त्रिफला घर में बनाओ। बाजार में पता
Speaker A
नहीं कितना रद्दी होगा। क्या-क्या पीसा होगा। हरड़, बेहड़ा, आंवला इसी क्रम में 100 ग्राम, 200 ग्राम, 400 ग्राम जांच कर लेना हाथ में पकड़ के। जीएम तो नहीं है। आंवला जीएम आता है। अच्छा लेकर एक दो चार की रेशो में पीसकर कांच के
Speaker A
जार में रखो। बस खाना है तो खा लो। नहीं तो और भी तरीका है। एक चम्मच गिलोय के साथ पानी में भिगो दो। सुबह उसको छानकर पी जाओ। आप देखो स्वास्थ्य आपका कहां से कहां पहुंचता है। छोटे से प्रयोग से। अमृता है
Speaker A
यह। स्वर्ग में देवताओं के लिए अमृत धरती में लोगों के लिए अमृता यानी गिलोय गुडूची ये लेना शुरू कर दो आपकी आंतों में इनफ्लेमेशन है सूजन है इसलिए जोड़ों में दर्द है हम इसलिए 100 ग्राम बढ़िया हल्दी 20 ग्राम
Speaker A
काली मिर्च मिलाकर कांच के जार में रखो और इसी पानी के साथ गिलोय वाले पानी के साथ 2 ग्राम रोज खा लो लाइनिंग की इनफ्लेमेशन जाएगी आपकी जोड़ों की दर्द चली जाएगी रात का खाना नहीं है ड्राई फ्रूट
Speaker A
हम मिठाइयां नहीं तला नहीं तो जो दूध है वो भी लेना चाहिए कि नहीं क्योंकि आजकल बहुत कहते हैं कि दूध तो पूरा निकली है 101 करोड़ किलो दूध पैदा होता है 70 करोड़ किलो बिकता है वो क्या होगा ज़हरी तो होगा
Speaker A
हम भूल जाओ घर में दूध बना लो ना काले वाला सिंघाड़ा सूखा मिलता है उसको लेकर 101 20 सिंघाड़े भिगो दो जितना दूध चाहिए पांच सात गुरबंदी 10 बादाम भिगो दो एक मुट्ठी तिल भिगो दो सबको छानकर सुबह
Speaker A
बारीक पीसकर पेस्ट बनाओ। पानी डालो। कपड़े से छानो और किसी अच्छे बर्तन में स्टील में नहीं मिट्टी में, लोहे में सिरामिक में पकाओ। लगातार चलाना दूध बन गया। इसका पनीर बना लो, मक्खन बना लो, खीर बना लो। और क्या चाहिए?
Speaker A
सब कुछ बन जाएगा। दूध पी लो। फ्लेवर चाहिए तो छोटी इलायची डालो। मोटी इलायची डालो। केसर डालो। जो डालना है डालो। जो फ्लेवर चाहिए पी लो। इसके नकली होने का तो सवाल ही नहीं। मूंगफली का भी बन सकता
Speaker A
है तो बनाना मत। क्योंकि पूरी उत्तर भारत में मूंगफली ज्यादातर जेनेटिकल मॉडिफाइड है। मैं कोल्हापुर गया था। वहां पे एक मूंगफली थी ₹120 किलो। बड़ी-बड़ी सुंदर-सुंदर सफेद छिलका। एक छोटी थी। ब्राउन कलर का छिलका था उसका ₹110 किलो था
Speaker A
वह दाना वो देखा वह नॉन जीएम था मिल जाए तो वह मूंगफली कल्टीिवेशन उसी की करो उसको पीसकर रात को भिगो दो पीसकर उसका दूध बना लो आसान है जी कोल्हापुर जैसी जगह के आपको मिलने वाले हो महाराष्ट्र में हाथ में पकड़ के देख लो
Speaker A
मूंगफली कैसी है बढ़िया वाली है तो उसी का तेल निकलवा लो केवल आटा पीसने की मशीन नहीं घर में लगानी एक 35000 की तेल की मशीन मशीन भी लगा लो। 35 परिवारों के लिए हो जाएगी। ये आटा पीसने की मशीन आपको तो
Speaker A
10 दिन में एक बार 15 दिन में बारी आएगी। 15 परिवार एक मशीन से चल जाएंगे। केवल प्लानिंग की जरूरत है। एनर्जी और पैसा ज्यादा नहीं लगता। और जो फिर लाइफ स्टैंडर्ड क्वालिटी बढ़ती है। स्वास्थ्य मिलता है। पहला सुख निरोगी
Speaker A
काया। आपके पास पहला ही सुख नहीं है। दूसरा कहां से आएगा? बिल्कुल सही बात है। तो वो प्राप्त करने के तरीके हम बता रहे हैं आपको। करो ना जी। बिल्कुल। तो कुछ ऐसी कोई तीन चीजें हो जो हमें अपनी दिनचर्या में शामिल कर लेनी
Speaker A
चाहिए आपसे। सबको निकाल देनी चाहिए। अच्छा निकालने वाली सेंधा नमक खाओ। ये नमक हटा दो। ज़हर है। वो जो आयोडीन कहते हैं कि आयोडीन वाला झूठ बोलते हैं। आयोडीन सिंथेटिक है। ज़हर है वो सिंथेटिक। आयोडीन बॉडी में कभी एसिमिलेट नहीं होती। हार्ट
Speaker A
फेल करेगी। फिर आयोडीन कहां से? आपको झूठ बता रहे। सेंधे नमक में आयोडीन नहीं है। एनालिसिस पढ़ लो। आपकी कई वेजिटेबल में आयोडीन है। क्या जरूरत है?
Speaker A
नंबर दो चीनी हटा दो अपनी लाइफ से। जो मां प्रेगनेंसी में चीनी नहीं खाती सफेद वाली। बच्चे को 10 12 साल की उम्र तक चीनी नहीं खिलाती। 100 साल की उम्र तक एक दांत नहीं झड़ेगा। अच्छा। कभी दांत दर्द कमर दर्द नहीं होगी। कभी
Speaker A
घुटने में दर्द नहीं होगी। क्या चाहिए आपको? यह हटाओ लाइफ स्टाइल में से और तीसरी चीज रिफाइंड तेल हटा दो। तीन चीजें हटाओ। जोड़ने के लिए तो बता ही चुका हूं मैं। कौन सा आटा खाना, कौन सा वो
Speaker A
फर्मेंटेड राइस खाना, हरे पत्तों का रस पीना। तीन चीजें तो बता दी। बहुत खूबसूरत बताई है। सबने नोट कर लिया होगा कि अब इनको जिनके पास भी घर में है सब हटाना शुरू करेंगे। और फिर सवाल आएंगे बेटी आपके पास।
Speaker A
अगली बार फिर करेंगे समाधान। हां बिल्कुल बिल्कुल नोट करके सारे समाधान करने का पूरा प्रयास एक चीज और पूछूंगी जो आप मुझसे पहले कह रहे थे कि जो भी हम मेकअप करते हैं जो भी कॉस्मेटिक्स यूज़ कर रहे हैं ये हमको दिखने
Speaker A
में वही जो आपने कहा ना कि सुंदर चीजें जो हम क्रीम बनाई है जिसको लगाने के बाद अभी आपका सांवला लड़का जो सबसे काले रंग का था वो सुंदर हुआ ना वो क्रीम हम अभी केवल मेंबर्स को मेंबरशिप ₹100 एक्स्ट्रा लेकर
Speaker A
दे रहे थे। अच्छा कि ओनली फॉर मेंबर्स नॉट फॉर सेल वो थी तो अब हमने उसको बंद कर दिया है। अब हम उसका लाइसेंसिंग प्रोसेस कर रहे हैं। जिस दिन पूरा हो जाएगा दो एक महीने लगेंगे। उस दिन आपको वो क्रीम अवेलेबल
Speaker A
करवाएंगे जिसको लगाने के बाद उसी टाइम आप सुंदर हो जाएंगे। और तब तक के लिए क्या ध्यान देना के लिए आप जो जहर लगा रहे हैं मत लगाओ और कुछ तो कर सकते हैं। जो मसूर की दाल बिना पॉलिश की देसी चना
Speaker A
मुल्तानी मिट्टी तिल और सरसों सब लेकर पीस लो पीसकर इसकी इतना सा लेकर पानी में भिगो दो या अच्छा दही हो छाछ तो उसमें भिगो दो उसको चेहरे पर लगाओ उसी टाइम सुंदर चेहरा ना हो तो हमको पकड़ लेना
Speaker A
हम होगा हमारी क्रीम ₹100 की ग्राम है ये ₹100 की 500 ग्राम है 250 ग्राम तो बनी नहीं जाएगी। यही शरीर पे लगाकर नहाओ उसी दिन ताकत आ जाएगी क्योंकि बॉडी से जहर निकाल देगी। तो आपको जरूरत ही नहीं है क्रीम लगाने की।
Speaker A
हंठ लाल चाहिए। बढ़िया दूध में गाय भैंस का दूध हो उसमें केसर के दो धागे डालकर मलो। होठों पे मल दो। 15 20 दिन में होठ परमानेंट लाल हो जाएंगे। क्या चाहिए? और सही बात है। आप इसके बारे में भी कुछ बता
Speaker A
रहे थे। हां। जी। यह एक ऐसा जादू है जिससे आप जेनेटिकल मॉडिफाइड क्रॉप्स को नॉन जीएम एक सेकंड में बना सकते हैं। अच्छा कैसे बना सकते हैं? दोबारा ये बादाम पकड़िए आप दो तीन फिर करिए ऐसे तो पूरी ताकत लगाइए।
Speaker A
दब गया। ऐसे रख दीजिए। कि काजू आप बड़े शौक से खा रहे हैं। मैं कह रहा था ना कतली नहीं कत्ल है अपने प्रियजनों का। बताइए। अब आप देखिए इसके बिना आप में ताकत है कि नहीं?
Speaker A
है ना? अब इस मैं जादू करता हूं और आपको सिखा भी दूंगा यह जादू। अब देखिए मैंने इसको जादू किया है। अब देखो इसकी एनर्जी कोई परिवर्तन हुआ। करोड़ों डॉलर लगे हैं इसको बिगाड़ने में। आपको बीमार बनाने के लिए प्लानिंग से खराब
Speaker A
किया है। इसको पहले नेचर में नहीं था यह चीज। अब देखिए यह बादाम कोई नेचुरल नहीं है। ये वही बादाम है जो एक उंगली से मैं आपका हाथ दबा रहा था। ठीक हो गया। अब ये काजू ये बदला
Speaker A
हम कैसे बदलना है? अरे सनातनियों तुलसी की पूजा करते हो उसके रहस्य भी तो सीख लो। तुलसी का स्पर्श किया जो मानवीय प्रयास के द्वारा शरारती तत्वों के द्वारा डीएनए खराब किया था। रिवर्स हो गया। करोड़ों डॉलर पे पानी फिर गया उनके। खत्म। आप अपने
Speaker A
खेत में भी जो पानी देते हैं वहां एक मुट्ठा तुलसी पानी में दबा देना। वहां छूकर पानी खेत में जाएगा। तो आपकी कपास हो चाहे कोई क्रॉप हो। खासकर मक्का बहुत खतरनाक है आपका। पूरा नॉन जिएम हो जाएगा।
Speaker A
नेपियर घास गौओं को खिला रहे हो उस घास में भी वही पानी दे देना। 100 लीटर से 300 लीटर दूध हो गया हमारा भुवनेश्वर में। अच्छा गौशाला में तीन गुना दूध पड़ा है। क्योंकि आपके नेपियर घास भी जहरीली है। गाय भी
Speaker A
बीमार कितना आसान है सब कुछ और मेरे ऊपर प्रभु की बहुत कृपा है। मुझे वो सब नजर आ रहा है। जो मैं आपको बताना चाहता हूं आप लोगों की सहायता से। बिल्कुल बिल्कुल तो बहुत सारी चीजें आपने बताई है और किसी के भी मन
Speaker A
में कोई भी अब क्वेश्चन अगर आता है तो वो कमेंट में जरूर शेयर करना ताकि नेक्स्ट टाइम जब आप आएंगे तो हम वो सारी जो भी आपके माइंड में क्वेश्चंस है उन सबको प्रेम और दुआओं के कारण शायद मैं बहुत
Speaker A
जिंदा रहूंगा और जब तक जिंदा रहूंगा बताता रहूंगा। बिल्कुल बिल्कुल तो हमें आपसे बहुत कुछ सीखना है। जी आपका बहुत-बहुत धन्यवाद आने के लिए। आपका भी बहुत-बहुत धन्यवाद और आपके लिए शुभकामनाएं। जी थैंक यू क्योंकि आप मेरी इस YouTube फैमिली का
Speaker A
पार्ट हैं तो डेफिनेटली आप उनमें से हैं जो अपनी पर्सनल ग्रोथ की जर्नी पे हैं जो कहीं ना कहीं अपनी लाइफ में अपने हायर सेल्फ से कनेक्ट होना चाह रहे हैं और अपनी जिंदगी को बेहतर बनाना चाहते हैं। इसी
Speaker A
जर्नी को थोड़ा और आसान बनाने के लिए ना मैं बहुत समय से एक बुक पर काम कर रही थी और वो फाइनली बुक रेडी हो चुकी है जिसका नाम है द वे बैक टू यू। बैक टू यू मतलब
Speaker A
क्योंकि हम लाइफ में इतनी रिस्पांसिबिलिटीज, इतने काम, इतने एक्सटर्नल वर्ल्ड में बिजी हो जाते हैं ना कि हमारा इनर वर्ल्ड में जो हमारा इनर सेल्फ जो हमारा हायर सेल्फ होता है, उसको हम कहीं ना कहीं खो देते हैं। और जब हम
Speaker A
उसके साथ डिस्कनेक्ट हो जाते हैं, तो लाइफ के हर एरिया में हमें इशूज़ फेस होने शुरू हो जाते हैं। हम अपनी लाइफ के प्रॉब्लम्स के लिए दूसरों पे डिपेंडेंट होना शुरू हो जाते हैं कि वह उनका सॉल्यूशन हमें देंगे
Speaker A
आके लाइफ में क्यों सब कुछ बढ़िया नहीं हो रहा है? क्यों ओवरथिंकिंग चल रही है?
Speaker A
क्यों स्ट्रेस चल रहा है? क्यों मुझसे कोई प्यार नहीं करता? क्यों सब मुझे धोखा देकर चले जा रहे हैं? तो इस हर क्यों का जवाब सिर्फ हमारे अंदर होता है। लेकिन वो तब निकलता है जब हम अपने इनर सेल्फ जो हमारा
Speaker A
हायर सेल्फ है, हमारी जो सिक्स सेंस इंट्यूशन है उसके साथ कनेक्ट हो जाते हैं। उसके साथ एक हो जाते हैं। एक्सटर्नल वर्ल्ड में चीजों को ढूंढने के चक्कर में हम जो उसको भूल गए होते हैं या उसको कभी
Speaker A
हमने खोजा ही नहीं होता है। उस तक जब हम पहुंच जाते हैं ना तो जिंदगी जो एक्सटर्नल वर्ल्ड में हम जी रहे हैं वो बहुत आसान और बहुत ब्यूटीफुल हो जाती है। हमारी क्योंकि कहते हैं कि हमें एक्सटर्नल वर्ल्ड में
Speaker A
लोगों से कितना प्यार मिलेगा या हमें यूनिवर्स कितना कुछ देगा वह इसी बात पे डिपेंड करता है कि हम अपने इनर सेल्फ से कितने ज्यादा कनेक्टेड हैं। हम कितना खुद से प्यार करते हैं। तो हमारा खुद से जो
Speaker A
प्यार की जर्नी है उसको स्ट्रेंथन करने के लिए और हमारे इनर सेल्फ को हील करके जो हमारा परफेक्ट हायर सेल्फ है उसके उस वर्जन में टैप इन करने के लिए ही जो यह बुक है द वे बैक टू यू। इसमें प्रॉपर
Speaker A
गाइडेड एक्सरसाइजज़ भी हैं जिसको कि अगर आप दिल से फॉलो करोगे ना तो आपको और कुछ करने की जरूरत नहीं होगी। आप फाइनली अपने उस हायर सेल्फ वाले वर्जन के अंदर टैप इन कर जाओगे जो एक्चुअली आपको इस जिंदगी को
Speaker A
बेहतर तरीके से जीने के लिए बना हुआ है। अगर आपको ऐसा लगता है कि आप कहीं ना कहीं इस भागदौड़ में अपने इनर सेल्फ से डिस्कनेक्ट हो गए हुए हो तो इस बुक को बाय करने का जो लिंक है वो मैं डिस्क्रिप्शन
Speaker A
में आपके साथ शेयर कर दूंगी। जरूर लीजिए अगर आप सीरियसली चाह रहे हैं अपने एक्सटर्नल वर्ल्ड को बेटर करना।
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