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Is Protein Harmful to the Kidneys? ; New Research - 2025 | Lecture No 527

कीटो डाइट गुर्दों के लिए सुरक्षित है, हाई कार्बोहाइड्रेट डाइट गुर्दों को नुकसान पहुंचाती है, नई रिसर्च में यह साबित हुआ है।

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Key Takeaways

  • कीटो डाइट गुर्दों के लिए सुरक्षित और लाभकारी है।
  • हाई कार्बोहाइड्रेट डाइट गुर्दों को नुकसान पहुंचाती है।
  • प्रोटीन की सामान्य मात्रा गुर्दे के लिए हानिकारक नहीं है।
  • डायबिटीज़ और ब्लड प्रेशर गुर्दे फेल के मुख्य कारण हैं।
  • विटामिन D3, K2 और मैग्नीशियम सप्लीमेंट्स गुर्दे की सेहत में मदद करते हैं।

What the video covers

  • डॉक्टर थॉमस की 25 साल की रिसर्च में पाया गया कि हाई कार्बोहाइड्रेट डाइट गुर्दों को नुकसान पहुंचाती है, जबकि कीटो डाइट सुरक्षित है।
  • हाई कार्बोहाइड्रेट डाइट से ब्लड प्रेशर, ओबेसिटी और टाइप 2 डायबिटीज़ बढ़ती है, जो गुर्दे फेल होने के मुख्य कारण हैं।
  • 70% गुर्दे फेल मरीज डायबिटीज़ और 20-25% ब्लड प्रेशर की वजह से होते हैं।
  • प्रोटीन डाइट गुर्दों के लिए नुकसानदायक नहीं है; नॉर्मल प्रोटीन सेवन (1.5-2 ग्राम प्रति किलोग्राम) सुरक्षित और आवश्यक है।
  • लो प्रोटीन डाइट से मसल कमजोर होते हैं और गुर्दे की कार्यक्षमता प्रभावित होती है।
  • कीटो डाइट से गुर्दे की कार्यक्षमता में सुधार होता है और गुर्दे की बीमारी रुक सकती है।
  • मेटाबॉलिक एसिडोसिस, इंसुलिन रेसिस्टेंस और विसरल फैट गुर्दे की बीमारी के प्रमुख कारण हैं।
  • रिफाइंड फ्लोर, गेहूं, शुगर और सीड ऑयल्स गुर्दों के लिए हानिकारक हैं।
  • विटामिन D3, K2 और मैग्नीशियम ग्लाइसिनेट का सेवन गुर्दे की सुरक्षा के लिए जरूरी है।
  • दुनिया के अधिकांश नेफ्रोलॉजिस्ट कीटो डाइट को गुर्दे के लिए बेहतर मानते हैं, जबकि पाकिस्तान में अभी भी विरोध है।

Answers

Questions about this video

क्या कीटो डाइट गुर्दों को नुकसान पहुंचाती है?

नहीं, नई रिसर्च के अनुसार कीटो डाइट गुर्दों के लिए सुरक्षित है और गुर्दे की कार्यक्षमता में सुधार कर सकती है।

क्या हाई प्रोटीन डाइट गुर्दों को नुकसान पहुंचाती है?

नहीं, सामान्य मात्रा में प्रोटीन (1.5-2 ग्राम प्रति किलोग्राम) गुर्दों के लिए हानिकारक नहीं है, बल्कि लो प्रोटीन डाइट से मसल कमजोर हो सकते हैं।

गुर्दे फेल होने के मुख्य कारण क्या हैं?

डायबिटीज़ और उच्च रक्तचाप (ब्लड प्रेशर) गुर्दे फेल होने के सबसे बड़े कारण हैं, जो मुख्य रूप से हाई कार्बोहाइड्रेट डाइट से बढ़ते हैं।

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00:00
Speaker A
बिस्मिल्लाह रहमानिर्रहीम। अस्सलाम वालेकुम। आज मैं आपको एक बहुत जबरदस्त तहकीक बताने जा रहा हूँ। डॉक्टर थॉमस ने 25 साल तक गुर्दों पर तहकीक की कि गुर्दे फेल होने वाले मरीजों पर और कितनी खुशखबरी की बात है। उन्होंने कहा कि हाई कार्बोहाइड्रेट डाइट गुर्दों को डैमेज करती है। कीटो डाइट नहीं करती। ये उनकी बहुत अच्छी रिसर्च है। पेपर छपेगा इंशाअल्लाह, इसके बारे में डिटेल मैं आपको दोबारा बताऊंगा। अभी इन्होंने क्योंकि एक पडकास्ट किया है। उससे पहले बहुत पहले 10 साल पहले जसन फंग ने भी यही कह दिया था कि वो एक नेफ्रोजिस्ट भी हैं। उनकी बात की ज्यादा वैल्यू है। उन्होंने यही कहा था कि 70% कम हो गए हैं डायलिसिस मरीज। हमारे टोरंटो में इनके जो वार्ड हैं, यह डॉक्टर ब्रेड शेर के साथ इन्होंने पडकास्ट किया है। डॉक्टर ब्रेड शेर को आप जानते हैं कि इन्होंने मेंटल हेल्थ के ऊपर कीटो डाइट पर बहुत स्टडी की है। ये फिजिशियन हैं। बहुत अच्छे रिजल्ट हैं। बहुत से लेक्चर मैंने बनाए हैं और आगे भी आ रहे हैं। तो डॉक्टर साहब ये कहते हैं कि 10 में से नौ नेफ्रोलॉजिस्ट इस बात को मानते नहीं हैं कि हाई कार्बोहाइड्रेट डाइट गुर्दों को डैमेज कर रही है। कीटो डाइट गुर्दों के लिए बेहतरीन है। वो कहते हैं ये एल है। सिर्फ एक प्रोफेसर जसन फंग हैं या कुछ एक और होंगे। हमारे यहां भी एक दो हैं लाहौर में प्रोफेसर साहब जो कि मानते हैं। बाकी सारे कोई मानने को तैयार नहीं हैं। तो नंबर वन कॉज, सबसे बड़ी वजह गुर्दे फेल होने की, गुर्दे डिजीज की, वो कहते हैं प्रोटीन नहीं है। हाई कार्बोहाइड्रेट है। कैसे? हाई कार्ब से आपको होगा, ब्लड प्रेशर बढ़ेगा, ओबेसिटी बढ़ेगी, टाइप टू डायबिटीज होगी और गुर्दे फेल होने के। 40 से 45% मरीज जो गुर्दे फेल के हैं वो शुगर की वजह से आते हैं और 20-25% ब्लड प्रेशर से। तो ये कोई 80-75% गुर्दे फेल के मरीजों में दो बीमारियां हैं। बाकी सारी मिला के थोड़ी सी रह जाती है। तो डॉक्टर साहब ने 25 साल की तहकीक के बाद ये कहा है कि हाई कार्बोहाइड्रेट डाइट अनाज। हाई कार्बोहाइड्रेट क्या है? रिफाइंड फ्लोर, गेहूं, अनाज। गेहूं सबसे पहले और शुगर ये दोनों रिफाइंड फ्लोर हैं। ये देखिए मार्केटिंग कार्बोहाइड्रेट की। इसके बहुत से लोग कर रहे हैं। और उसके बाद दूसरी बड़ी चीज जितने सीड ऑयल हैं, ये सारे आप देख लें। ये सब खतरनाक हैं। जूस रिफाइंड फूड है। फ्रूट डायरेक्ट खा सकते हैं आप। ये जितनी बोतलें जूस की हैं, ये शुगर ये दो चीजें हैं। रिफाइंड शुगर, रिफाइंड अनाज दो बड़ी वजह हैं। और उसकी वजह देखें, पाकिस्तान दुनिया में डायबिटीज में टॉप पर आ गया हुआ है। अभी इस साल का डाटा आएगा फिर मैं आपको बताऊंगा। ये इसी की वजह है कि हम गेहूं छोड़ने को तैयार नहीं हैं। कुछ लोग चैनल पर आके खुदा का खौफ करना चाहिए। उनको बार-बार लोगों को रोटी किसी और तरीके से, आटे में 50 तरीके बता, असल चीज क्या है? जड़ से आप बीमारी खत्म नहीं कर सकते जब तक आप छोड़ेंगे नहीं। यही मैं बताता आ रहा हूँ। बाकी देखें फिर क्या होता है। ये डॉक्टर साहब हैं रॉबर्ट, ये भी यही कह रहे हैं कि सही खुराक लें। वही ये डॉक्टर साहब सारे वेस्टमैन भी तकरीबन सारी दुनिया एग्री होती जा रही है। सिवाय पाकिस्तान के प्रोफेसरों के, पूरी दुनिया में 99% लोग एग्री हैं कि लोकार्बो डाइट बेहतर है। तो दो साल की स्टडी है। अभी वो छपेगी कि बीटा हाइड्रोक्सी ब्यूटरेट जो कि कीटोन है, वो डायरेक्टली किडनी को हेल्प देता है। कोई नुकसान नहीं होता है। रिसर्च फाइंडिंग है इनकी। वो अभी आएगी, पेपर छपेगा क्योंकि पेपर छपने में छह-सात महीने लग जाते हैं। लेना होता है। बहुत लंबा चौड़ा काम है। तो इन्होंने इंटरव्यू में बता दिया पेपर अभी छपेगा। ये बात प्रोफेसर जसन फंग ने भी कह दी थी बहुत पहले। ये इनकी किताबें हैं और देखें ये 2 मिलियन की सबसे बेस्ट सेलिंग बुक रही है। ये ऐसी बात नहीं है कि कोई हवा में या कोई यूबर है। ये प्रोफेसर हैं नेफ्रोलॉजी के। तो प्रोफेसर थॉमस के मुताबिक हर डाइट मेटाबॉलिक एसिडोसिस कॉज करती है। इंसुलिन रेसिस्टेंस कॉज करेगी। टाइप टू डायबिटीज होगी। ब्लड प्रेशर होगा। वेट बढ़ेगा। विसरल फैट सबसे इंपॉर्टेंट खतरनाक चीज है। विसरल फैट जो दिल के गिर्द, आपके पेट में, लिवर के गिर्द, पैंक्रियाज के गिर्द जमा होता है, मसल के अंदर जमा होती है। इस पर भी लेक्चर आ रहे हैं आगे। इसे सबसे टॉक्सिक चीज कहते हैं और 70-80% जो ओबेसिटी है, वो क्रॉनिक गुर्दे फेल होने की बड़ी वजह है। ये तीन बीमारियां हैं। तो एसिड यूरिन जब हो जाता है मेटाबॉलिक एसिडोसिस में तो फिर यूरिक एसिड क्रिस्टल बन जाते हैं और किडनी स्टोन बनना शुरू हो जाते हैं। लंबी चौड़ी थ्योरीज हैं। तो इसे वो कहते हैं कि कोई ड्रग डॉक्टर साहब थॉमस कहते हैं कि आज तक ऐसी दवा नहीं हुई जो क्रॉनिक किडनी डिजीज को ठीक कर सके। गुर्दे फेल को। कोई डायलिसिस और ट्रांसप्लांट इलाज है। और कोई स्टडी आज तक ये साबित नहीं कर सकी कि हाई प्रोटीन डाइट गुर्दे को डैमेज करती है। सब हवाई बातें हैं। लोगों की सुनी सुनाई बातें हैं। इनकी रिसर्च ने ये साबित कर दिया। हम भी काफी देर से कह रहे हैं। मैंने भी इस पर काफी लेक्चर बनाए थे। डॉक्टर जसन फंग ने जब कहा था तो वो चैनल पर मौजूद है और मैं रेफरेंस दे दूंगा। वो आप जरूर सुन लें। तो लो प्रोटीन डाइट जो है वो सरकोपीनिया करती है। मसल कमजोर होते हैं। मेटाबॉलिक डिसऑर्डर हो जाता है। फिर किडनी डैमेज शुरू हो जाते हैं। वो जीएफआर कम होना शुरू हो जाता है। तो कीटो डाइट की दो साल की फॉलो अप इन्होंने किया। किडनी फंक्शन बेहतर हो गए। किडनी डैमेज रुक गई। जीएफआर बढ़ गया। बहुत अच्छे रिजल्ट हैं। वो आएंगे तो मैं आपको बता दूंगा। तो अभी ये इनकी स्टडी छपेगी। फिर इंशाअल्लाह डिटेल है। कितने परसेंट बढ़े, कितना जीएफआर बढ़ा। अभी इन्होंने सिर्फ एक इंटरव्यू किया है पडकास्ट। तो उसके बारे में इन्होंने बता दिया। तो समरी में क्या है? वही चीज है खलासा कि कीटो डाइट किडनी, गुर्दे हेल्थ के लिए बेहतरीन डाइट है। प्रोटीन जो हम लेते हैं, जिसको हाई प्रोटीन कहते हैं, ये नॉर्मल रिक्वायरमेंट है। 1.5 से 2 ग्राम प्रति किलोग्राम बॉडी वेट। वो बॉडी वेट जो आपका हाइट के साथ आइडियल होना चाहिए। इसमें मैं डिटेल बना दूंगा। वो नहीं जो आपका अभी वेट है। जो आपका फर्ज करें आपका आइडियल वेट 70 किलो है। अगर आप 90 हैं तो आप 70 किलो के हिसाब से प्रोटीन लेंगे। ये इसमें ज़हन में रखना। अगर आपका 50 किलो है तो फिर भी आप 70 किलो टारगेट है तो 70 किलो के हिसाब से लेंगे प्रोटीन। ये इसको कहते हैं एडिक्वेट प्रोटीन। ये ज्यादा बिल्कुल नहीं। और फिर बाद में याद रखना विटामिन डी3, के2 और मैग्नीशियम ग्लाइसिनेट ये हर हाल में लेने हैं। इसको तीनों पर कोई बहस नहीं रही। अभी मैग्नीशियम का बड़ा फायदा ये है कि कैल्शियम ज्यादा नहीं होगा। गुर्दे में स्टोन नहीं बनेंगे। डैमेज नहीं करेंगे। जो लोग कहते हैं कीटो डाइट और विटामिन डी से मैग्नीशियम इसलिए विटामिन डी के साथ जरूरी होता जा रहा है। यह डिटेल लेक्चर है जो डॉक्टर साहिबा से मेरी रिक्वेस्ट होगी कि वो असल लेक्चर सुना करें। ये बाकी तो मैं इनके लिए आसान करके बयान करता हूँ शॉर्टकट। ये लेक्चर है आप सारा सुन लें डिटेल में। ये मैंने बनाए थे गुर्दे फेल के लिए। आप सारे चैनल पर जाकर देख लें। ये डॉक्टर साहब का लेक्चर जरूर सुनें। इन्होंने बहुत पहले कह दिया था। इसी को दोबारा कंफर्म कर रहे हैं। ये सही से सुन लेना। अच्छा जी। अल्लाह हाफिज।
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Speaker A
गुर्दों को डैमेज करती है। कीटो डाइट नहीं करती। ये इनका बहुत अच्छी रिसर्च है। पेपर छपेगा इंशा्लाह इसके बारे में डिटेल मैं आपको दोबारा बताऊंगा। अभी इन्होंने क्योंकि एक पडकास्ट किया है। उससे पहले बहुत पहले 10 साल पहले जसन फंग ने भी यही
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Speaker A
कह दिया था कि वो एक नेफ्रोजिस्ट भी हैं। उनकी बात की ज्यादा वैल्यू है। उन्होंने यही कहा था कि 70% कम हो गए हैं डायलिसिस मरीज। हमारे टोरेंटो में इनके जो वार्ड है यह डॉक्टर ब्रेड शेयर के साथ इन्होंने
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Speaker A
पडकास्ट किया है। डॉक्टर ब्रेड शेर को आप जानते हैं कि इन्होंने मेंटल हेल्थ के ऊपर कीटो डाइट पे बहुत स्टडी की है। ये फिजिशियन है। बहुत अच्छे रिजल्ट हैं। बहुत से लेक्चर मैंने बनाए हैं और आगे भी आ रहे
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Speaker A
हैं। तो डॉक्टर साहब ये कहते हैं कि 10 में से नौ नेफ्रोलॉजिस्ट वो इस बात को मानते नहीं है कि हाई कार्बोहाइड्रेट डाइट गुर्दों को डैमेज कर रही है। कीटो डाइट गुर्दों के लिए बेहतरीन है। वो कहते हैं
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Speaker A
ये एल है। सिर्फ एक प्रोफेसर जसन फंग है या कुछ एक और होंगे। हमारे यहां भी एक दो हैं लाहौर में प्रोफेसर साहब जो कि मानते हैं। बाकी सारे कोई मानने को तैयार नहीं है। तो नंबर वन कॉज सबसे बड़ी वजह गुर्दे
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Speaker A
फेल होने की, गुर्दे डिजीज की वो कहते हैं प्रोटीन नहीं है। हाई कार्बोहाइड्रेट है। कैसे? हाई कार से आपको होगा, ब्लड प्रेशर बढ़ेगा, ओबेसिटी बढ़ेगी, टैप टू डायबिटीज होगी और गुर्दे फेल होने के। 40 से 45% मरीज जो गुर्दे फेल के हैं वो शुगर की वजह
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Speaker A
से आते हैं और 2025% ब्लड प्रेशर से तो ये कोई 80 75% गुर्दे फेल के मरीजों में दो बीमारियां हैं। बाकी सारी मिला के थोड़ी सी रह जाती है। तो डॉक्टर साहब ने 25 साला तहकीक के बाद ये कहा है कि हाई
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Speaker A
कार्बोहाइड्रेट डाइट अनाज। हाई कार्बोहाइड क्या है? रिफाइंड फ्लोर गंदम अनाज। गंदम सबसे पहले और शुगर ये दोनों रिफाइंड फ्लोर है। ये देखिए मार्केटिंग कार्बोहाइड्रेट की। इसके बहुत से वो कर रहे हैं लोग। और उसके बाद दूसरी बड़ी चीज जितने सीड ऑयल है
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Speaker A
ये सारे आप देख लें। ये सब खतरनाक है। जूसेस रिफाइंड फूड है। फ्रूट डायरेक्ट खा सकते हैं आप। ये जितने बोतलें जूस सब ये शुगर ये दो चीजें हैं। रिफाइंड शुगर रिफाइंड अनाज दो बड़ी वजह है। और उसकी वजह
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Speaker A
देखें पाकिस्तान दुनिया में डायबिटीज में टॉप पे आ गया हुआ है। अभी इस साल का डाटा आएगा फिर मैं आपको बताऊंगा। ये इसी की वजह है कि हम गंदम छोड़ने को तैयार नहीं है। कुछ लोग चैनल पे आके खुदा का खौफ करना
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Speaker A
चाहिए। उनको बार-बार लोगों को रोटी किसी और तरीके से आटे में 50 तरीके बता असल चीज क्या है? जड़ से आप बीमारी खत्म नहीं कर सकते जब तक आप छोड़ेंगे नहीं। यही मैं बताता आ रहा हूं। बाकी देखें फिर क्या
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Speaker A
होता है। ये डॉक्टर साहब है रॉबर्ट ये भी यही कह रहे हैं कि सही खुराक ले। वही ये डॉक्टर साहब सारे वेस्टमैन भी तकरीबन सारी दुनिया एग्री होती जा रही है। सिवाय पाकिस्तान के प्रोफेसरों के पूरी दुनिया में 99% लोग एग्री है कि लोकार्बो डाइट
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Speaker A
बेहतर है। तो दो साल की स्टडी है। अभी वो छपेगी कि बीटा हाइड्रोक्सी ब्यूटेटरेन जो कि कीटोन है वो डायरेक्टली किडनी को हेल्प देता है। कोई नुकसान नहीं होता है। रिसर्च फाइंडिंग है इनकी। वो अभी आएगी पेपर छपेगा
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Speaker A
क्योंकि पेपर छपने में छ सात महीने लग जाते हैं। लेना होता है। बहुत लंबा चौड़ा काम है। तो इन्होंने इंटरव्यू में बता दिया पेपर अभी छपेगा। ये बात प्रोफेसर जसन फंग ने भी कह दी थी बहुत पहले। ये इनकी
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Speaker A
किताबें हैं और देखें ये 2 मिलियन का सबसे बेस्ट सेलिंग बुक रही है। ये ऐसी बात नहीं है कि कोई हवा में या कोई यूबर है। ये प्रोफेसर हैं नेफ्रोलॉजी के। तो प्रोफेसर थॉमस के मुताबिक हर डाइट मेटाबॉलिक
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Speaker A
एस्टोसिस कॉज करती है। इंसुलिस्टेंस कॉज करेगी। टैबो डायबिटीज होगी। ब्लड प्रेशर होगा। वेट भरेगा। विसल फैट सबसे इंपॉर्टेंट खतरनाक चीज विसल फैट है जो दिल के गिर्द आपके पेट में लिवर के गिर्द पैंकक्रियाज के गिर्द जमा होता है मसल के
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Speaker A
अंदर जमा होती है इस पे भी लेक्चर भी आ रहे हैं आगे इसको सबसे टॉक्सिक चीज कहते हैं और 70 80% जो ओबेसिटी है वो कोनिक गुर्दे फेल होने की बड़ी वजह ये तीन बीमारियां है तो एसिड यूरिन जब हो जाता है
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Speaker A
मेडबो एस्ट्रोसिस में तो फिर यूरिक एसिड क्रिस्टल बन जाते हैं और किडनी स्टोन बनना शुरू हो जाते हैं। लंबी चौड़ी थ्योरीज है। तो इसे वो कहते हैं कि कोई ड्रग डॉक्टर साहब थॉमस कहते हैं कि आज तक ऐसी जाद नहीं
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Speaker A
हुई जो के क्रॉनिक किडनी डिजीज को ठीक कर सके। गुर्दे फेल को। कोई डायलिसिस और ट्रांसप्लांट इलाज है। और कोई स्टडी आज तक ये साबित नहीं कर सकी कि हाई प्रोटीन डाइट गुर्दे को डैमेज करती है। सब हवाई बातें
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Speaker A
हैं। लोगों की सुनी सुनाई बातें हैं। इनकी रिसर्च ने ये साबित कर दिया। हम भी काफी देर से कह रहे हैं। मैंने भी इस काफी लेक्चर बनाए थे। डॉक्टर जसन फ ने जब कहा था तो वो चैनल पे मौजूद है और मैं रेफरेंस
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Speaker A
दे दूंगा। वो आप जरूर सुन लें। तो लो प्रोटीन डाइट जो है वो सरकोपीनिया करती है। मसल कमजोर होते हैं। मेटाबॉलिक डिसऑर्डर हो जाता है। फिर किडनी डैमेज शुरू हो जाते हैं। वो जीएफआर कम होना शुरू हो जाता है। तो कीटो डाइट की दो साल का
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Speaker A
फॉलो अप इन्होंने किया। किडनी फंक्शन बेहतर हो गए। किडनी डैमेज रुक गई। जीएफआर बढ़ गया। बहुत अच्छे रिजल्ट हैं। वो आएंगे तो मैं आपको बता दूंगा। तो अभी ये इनकी स्टडी छपेगी। फिर इंशाल्लाह डिटेल है। कितने परसेंट बढ़े, कितना जीएफआर बढ़ा।
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Speaker A
अभी इन्ह सिर्फ एक इंटरव्यू किया है पडकास्ट। तो उसके बारे में इन्होंने बता दिया। तो समरी में क्या है? वही चीज है खलासा कि कीटो डाइट किडनी गुर्दे हेल्थ के लिए बेहतरीन डाइट है। प्रोटीन जो हम लेते हैं जिसको हाई प्रोटीन कहते हैं ये नॉर्मल
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Speaker A
रिक्वायरमेंट है। 1ढ़ से 2 ग्राम पर ग्राम बॉडी वेट वो बॉडी वेट जो आपका हाइट के साथ आइडियल होना चाहिए। इसमें मैं डिटेल बना दूंगा। वो नहीं जो आपका अभी वेट है। जो आपका फर्ज करें आपका आइडियल वेट 70 kg है।
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Speaker A
अगर आप 90 है तो आप 70 केजी के हिसाब से प्रोटीन लेंगे। ये इसमें ज़हन में रखना। अगर आपका 50 किलो है तो फिर भी आप 70 किलो टारगेट है तो 70 किलो के हिसाब से लेंगे प्रोटीन। ये इसको कहते हैं एडिक्वेट
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Speaker A
प्रोटीन। ये ज्यादा बिल्कुल और फिर बाद में याद रखना विटामिन डी3, K2 और मैग्नीशियम ग्लाइसनेट ये हर हाल में लेने हैं। इसको तीनों पे कोई बहस नहीं रही। अभी मैग्नीशियम का बड़ा फायदा ये है कि कैल्शियम ज्यादा नहीं होगा। गुर्दे में
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Speaker A
स्टोन नहीं बनेंगे। डैमेज नहीं करेंगे। जो लोग कहते हैं कीटो डाइट और विटामिन डी से मैग्नीशियम इसलिए विटामिन डी के साथ जरूरी होता जा रहा है। यह डिटेल लेक्चर है जो डॉक्टर साहिबा से मेरी रिक्वेस्ट होगी वो असल लेक्चर सुना करें। ये बाकी तो मैं
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इनके लिए आसान करके बयान करता हूं शॉर्टकट। ये लेक्चर है आप सारा सुन ले डिटेल में। ये मैंने बनाए थे गुर्दे फेल के लिए। आप सारे चैनल पे जाके देख लें। ये डॉक्टर साहब का लेक्चर जरूर सुने। इन्होंने बहुत पहले कह दिया था। इसी को
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Speaker A
दोबारा कंफर्म कर रहे हैं। ये सही से सुन लेना। अच्छा जी। अल्लाह हाफिज।
Topics:कीटो डाइटगुर्दे की सेहतप्रोटीन और गुर्देहाई कार्बोहाइड्रेट डाइटडायबिटीज़ और गुर्देगुर्दे फेलनेफ्रोलॉजी रिसर्चमेटाबॉलिक एसिडोसिसविटामिन सप्लीमेंट्सओबेसिटी और गुर्दे

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