Victim ने किया CID को गुमराह | CID | सी.आई.डी. | Most V… — Transcript

सीआईडी की जांच में राइसिन जहर से हुई मौतों का रहस्य और गायब लोगों का कनेक्शन सामने आता है।

Key Takeaways

  • राइसिन जहर से हुई मौतें एक संगठित साजिश का हिस्सा लगती हैं।
  • मृतक और गायब लोगों के बीच गहरा संबंध है।
  • घटना स्थल पर बाहरी व्यक्ति का प्रवेश असंभव था, जिससे अंदरूनी साजिश की संभावना बढ़ती है।
  • सीआईडी जांच में तकनीकी उपकरणों और कंपनी के रिकॉर्ड की मदद ली जा रही है।
  • मामले में कंपनी के उच्च पदस्थ अधिकारियों की भूमिका संदिग्ध है।

Summary

  • सीआईडी टीम एक रहस्यमय मामले की जांच कर रही है जिसमें कई लोग गायब हो गए हैं।
  • घनश्याम और चंद्रा नामक दो व्यक्तियों की मौत राइसिन जहर से हुई है।
  • मृत्यु के समय घर के दरवाजे और खिड़कियां बंद थीं, जिससे बाहरी व्यक्ति का प्रवेश असंभव था।
  • जहर राइसिन था, जो बहुत खतरनाक और तेजी से असर करने वाला है।
  • मृतकों का संबंध एक ही कंपनी से था, जो इलेक्ट्रॉनिक स्टोर गिस्मो से जुड़ी है।
  • कंपनी के पूर्व सीईओ प्रमोद ने कुछ लोगों को फ्री शॉपिंग वाउचर्स दिए थे, जिनका उपयोग मौतों से पहले हुआ था।
  • सीआईडी को एक माइक्रोपिन कैमरे का हिस्सा मिला जो जहर के साथ जुड़ा हुआ था।
  • तीन मौतें हुई हैं और तीनों मृतक एक ही कंपनी के कर्मचारी या पूर्व कर्मचारी थे।
  • सीआईडी जांच में कंपनी के दो संभावित सप्लायर्स से संपर्क किया गया।
  • सीईओ प्रमोद की भी हालत गंभीर हो गई है, जिससे मामला और जटिल हो गया है।

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00:33
Speaker A
नहीं, मतलब वो अपने घर भी नहीं रहती। मुझे तो डर लग रहा है कि कहीं उसे कुछ हो तो नहीं गया ना। सना का एक दोस्त भी गायब हो गया यामिनी। हो सकता है इन दोनों की गायब होने की वजह
00:44
Speaker A
एक ही हो। हर्ष, ये तो वही लड़का है जो सना के साथ था। ऐसी क्या जरूरी बात थी कि तू रात तक नहीं रुक सकता था? मैं जानता हूं सुनील, तू तुझे मेरी बात पे यकीन नहीं आएगा। यह
00:55
Speaker A
घबराए हुए लग रहा है। कुछ हो तो नहीं गया। कल रात को सना को राहुल देखा था अपने घर में। तो पर जब वो वहां पर गई तो राहुल था ही नहीं। और सिर्फ खून पड़ा था। क्या बकवास कर रहा है? मैं सच कह रहा हूं सुमित। इसलिए वो मेरे घर उसे अपने घर में
01:13
Speaker A
रहने से डर लग रहा था। इसलिए सला के घर पे ताला लगा हुआ है। ये सला का भी ना दिमाग खराब हो गया है। वो है कहां पर अभी? ओ वो नहीं है सुनील, नहीं है मतलब सला गायब हो गई
01:27
Speaker A
गायब हो गई है, गायब हो गई मतलब तू साफ-साफ बता हुआ क्या कल, कल मेरे लेकर बस आई थी सला को लेकर बस, बस सला को लेकर गायब हो गई बस ये लोग किस बस के बारे में बात कर रहे तुम्हें खजाना मिल गया।
01:53
Speaker A
चाहे उस ट्रेन की तरह ये बस भी एक आत्मा हो सकती है। और फिर तेरे घर पे एक अजीब इंसान उसको लेकर गायब ये क्या मार गया? तो वो सरा मैं जा रहा हूं। सुनील, सुनील रुक जा। सुनील चलो।
02:18
Speaker A
दो आ पापा क्या हुआ पापा? पापा ठीक तो हो आप क्या हुआ पापा? पापा दरवाजा खोलो। पापा क्या हुआ पापा? पापा आप ठीक तो है? पापा दरवाजा खोलो पापा ओ गॉड पापा पापा दरवाजा खोलो पापा आहा ठंडी हवा अच्छा गिफ्ट दिया हमारे सीईओ प्रमोद साहब
05:37
Speaker A
ने, नहीं वैसे भी हमें इस घर में एसी की सख्त जरूरत थी। अच्छा घनश्याम जी, मतलब आपको इस घर में मेरी जरूरत नहीं है। अरे मैडम, अगर ऐसी बात होती तो क्या मैं दूसरी शादी करता?
05:52
Speaker A
अच्छा अच्छा चलो बहुत रात हो चुकी। अभी हमें सोना चाहिए। चलो सो जाते। हर आवाज तो ऐसी आ रही थी जैसे ही उनका कोई गला दबा रहा हो। सांस लेने में तकलीफ हो रही हो। फिर अचानक से उनके फ्लोर पे गिरने की आवाज
06:56
Speaker A
आई और शांत हो जाओ। कमरे का दरवाजा अंदर से बंद। हां सर। दरवाजा तो आपके आने के बाद खुला। समझ में नहीं आ रहा। खिड़की पर ग्रिल है। दरवाजा अंदर से बंद था। अंदर कोई था भी नहीं फिर भी। ऊपर से ये फ्लैट 13 फ्लोर पे है सर। तो
07:24
Speaker A
इसलिए बाहर से चढ़ के अंदर आना थोड़ा मुश्किल लगता है। अगर चंद्र जी को किसी ने मारा भी होता तो कोई ना कोई निशान तो होते यहां पर। अगर गला खोद के मारा होता तो गले पर उंगलियों के निशान। किसी हथियार से मारा होता तो।
07:49
Speaker A
हथियार के निशान होते। घाव के निशान होते, खून के धब्बे होते मगर यहां पर तो कुछ भी नहीं। सब कुछ साफ ये कैसे हो सकता है सर? शायद इन्हें किसी दवा का रिएक्शन हुआ। आपके पापा को कोई तकलीफ थी? वो किसी चीज की दवा लेते थे?
08:19
Speaker A
हां, वो सिर्फ ब्लड प्रेशर की दवाई लेते थे। ये यहां कुछ लगा हुआ है पाउडर जैसा। इन्होंने सोने से पहले कुछ और खाया?
09:20
Speaker A
जी नहीं। रात को खाना खाया था हम दोनों ने बस ये पाउडर जैसी चीज है क्या ये अभी पता लगाते हैं। ओह माय गॉड, राइसिन, राइसिन। हां, राइसिन बहुत ही खतरनाक जहर है, जरा सा छुआ और आदमी गया काम से।
10:19
Speaker A
इसका एक्शन टाइम दया बस चाय की चुस्की जितना कुछ ही पलों अंदर जाता है, चोक कर देता है बॉडी को और इंटरनल ब्लीडिंग शुरू हो जाती है। जहर यहां आया कैसे? सर ये खिड़की के पास से कुछ मिला सर।
10:37
Speaker A
क्या है? देखूं जरा। कैमरा पर यहां पर तो कोई सीसीटीवी कैमरा है ही नहीं। लेकिन ये लेंस कहां से आया?
10:59
Speaker A
लेंस कहां से आया? पता नहीं सर, पापा लेकर आए होंगे। मयूर, मयूर, मयूर, मयूर, मयूर, मयूर आप दोनों के अलावा कोई और भी यहां रहता है? जी नहीं। हम दोनों ही रहते हैं। इंदु जी जब आप दोनों सो रहे थे उस वक्त
11:23
Speaker A
खिड़कियां बंद थी या खुली हुई थी? हमने इस घर में नया एसी लगवाया है। इसलिए सारे खिड़कियां और दरवाजे बंद किए थे। मैडम आप दोनों के सिवा घर में कोई नहीं था। घर की खिड़कियां और दरवाजे सब बंद थे। मतलब बाहर से कोई तीसरा आदमी अंदर आ नहीं
11:40
Speaker A
सकता था। और आपके पति की मौत एक बहुत ही तेज जहर से किया गया है। और वो जहर सिर्फ आपके पति को दिया गया है। आपको नहीं आप कहना क्या चाहते हैं कि मैंने अपने पति को मारा है?
11:56
Speaker A
मैडम अपने गुस्से को काबू में रखिए। ये हमारा काम है कि हम इस केस के हर पहलू को देखें। सर कहीं इस नए एसी का कनेक्शन इस केस से तो नहीं है? हो सकता है उसकी हवा से नहीं, फ्रीडी ऐसा नहीं हो सकता क्योंकि अगर ऐसा होता तो पति पत्नी दोनों पर उस जहर का
12:17
Speaker A
असर था। ये जहर राइसिन घर में आया कैसे? मिस्टर घनश्याम को ये जहर पिया कैसे गया?
12:56
Speaker A
बॉस बॉडी में रेसिन ज्यादा मात्रा में नहीं गया था, इसीलिए बच गया है। ये एंटीनोट लगा दिया है, बच जाएगा, चिंता की कोई बात नहीं है। चलो वेरी गुड निखिल, मयूर को दूसरे कमरे में लेकर जाओ, मजा संभाल के हां
13:17
Speaker A
आराम से आराम से सांके वो जो लेंस हमें चंद्रा के घर से मिली थी उसके बारे में कुछ पता चला अब तक तो तारी का चेक करिए बस एक ही तरीके से दो-दो खून घनश्याम और चंद्रा एक ही तरीके से और वो भी राइस
13:40
Speaker A
पोइजन से, राइस से। पर सर इन दोनों विक्टिम्स को राइस पाउडर दिया किसने होगा? वही तो, वो तो हम पता लगा ही लेंगे पूर्वी मगर पता नहीं क्यों मुझे ऐसे लग रहा है कि दोनों के बीच में कोई ना कोई संबंध जरूर
13:59
Speaker A
है। कोई ना कोई संबंध जरूर है। सर हां। सर घनश्याम और चंद्रा एक ही कंपनी के लिए काम करते थे। जी, गिस्मो इलेक्ट्रॉनिक स्टोर। मैंने कहा ना कोई ना कोई कनेक्शन तो जरूर है इस घनश्याम और चंद्रा में। दोनों एक ही
14:15
Speaker A
कंपनी के लिए काम करते थे। जी, गिनो इलेक्ट्रॉनिक स्टोर। हेलो क्या? ठीक है। ओके। सर कल्याण में एक और मौत हुई है। एक औरत की। मंजू नाम है उसका। कैसे? सर गला घोटने से और वो रूम में अकेली थी। मंजू की मौत गला घोटने से हुई।
14:48
Speaker A
लेकिन वो कमरे में अकेली ही थी। अकेली थी। राइसिन इस राइसिन पोइजन की गुत्थी तो अब वहीं पर सुलझेगी। जीग इज नो स्टोर। ये है माइक्रोपिन कैमरा का एक हिस्सा और ये वहां पे लेंस नंबर दिख रहा है।
15:34
Speaker A
जरा ज़ूम करो तारिका। ज़ूम करो इसे। हां। अब क्लियर है। एक मिनट हां, ए सीटी 129098 और एक मिनट ये देखो सचिन ये जो तुम्हें वाइट डार्क स्पॉट दिखाई दे रहे हैं सर ये दरअसल राइस के क्रिस्टल्स हैं। तो इसका मतलब सर वो कैमरा उस डिवाइस पे
16:08
Speaker A
लगाया गया था जिसपर राइस लोड किया गया। बिल्कुल, अब ये पता करना है सर कि वो है क्या? हम वो कौन सी ऐसी चीज है जो आसानी से खिड़की के अंदर घुस जाती है और ऊंची से ऊंची जगह चली जाती है। एक काम करो। चलो
16:25
Speaker A
पता करो कि ये कैमरा कौन-कौन सी कंपनी बनाती है। सीटी 9 098 सर आने के लिए सर ये कैमरे दो कंपनी बनाती है सर, एक बोर में है सुपरविजन, दूसरी नोएडा में है ZB कंपनी। ओके, एक काम करो तुम बोर वाली कंपनी को फोन
16:55
Speaker A
लगाओ मैं नोएडा में फोन लगाता हूं। सर हेलो हेलो ZB कंपनी जी बोलिए जी मैं मुंबई सीआईडी से इंस्पेक्टर सचिन बोल रहा हूं। सीआईडी से जी हां मैं आपके सेल्स ऑफिसर से बात करना चाहता था। सर आप होल्ड कीजिए। मैं आपका कॉल कनेक्ट
17:12
Speaker A
कर देता हूं। ठीक है। देखिए मैं मुंबई सीआईडी से इंस्पेक्टर निखिल बोल रहा हूं। मुझे ये सुपरविजन कंपनी के क्या अच्छा अच्छा अच्छा ओके शिफ्ट हो गई है। ओके थैंक यू सर। सर ये बोर वाली कंपनी एक साल पहले बंद हो चुकी है। अब वहां पे कोई और कंपनी है।
17:33
Speaker A
हेलो हेलो सर मेरे सीनियर लाइन पे है। आप बात कीजिए। जी जी कहिए मैं मिस्टर राजेश बोल रहा हूं। मिस्टर राजेश मैं सीआईडी से इंस्पेक्टर सचिन बोल रहा हूं। मुंबई से जी जी कहिए। हमें थोड़ी मदद चाहिए थी आपकी। कैसी मदद सर? देखिए राजेश जी हम यह जानना
17:48
Speaker A
चाहते हैं कि आपकी कंपनी 129 ACT 129 098 इस सीरीज के कैमरा आप पिछले दो हफ्तों में मुंबई में कहां-कहां भेजे सर आप प्लीज मुझे अपना फैक्स नंबर दे दीजिए। जैसे ही मुझे पता चल जाएगा मैं आपको तुरंत फैक्स कर दूंगा।
18:04
Speaker A
ठीक है। थैंक यू। सर आखिर ये तो बताइए कि बात क्या है? देखिए कल रात इस शहर में तीन फोन हो गए हैं और जिन तीन लोगों का फोन हुआ है वो तीनों आपके स्टोर के रिटायर्ड एम्प्लाई थे।
18:43
Speaker A
क्या किन-किन का मर्डर हुआ है सर? घनश्याम, चंद्रा और मैडम मंजू। सर मुझे आपको कुछ बताना है। जी बोलिए। सर, जिन तीन लोगों के नाम आप ले रहे हैं, वो तीनों ही कल हमारे स्टोर में शॉपिंग के लिए आए थे। और कुछ फ्री वाउचर्स से कुछ शॉपिंग भी की थी। स्पेशल गिफ्ट वाउचर।
19:06
Speaker A
सर, हमारे पुराने सीईओ मिस्टर प्रमोद ने कुछ छह लोगों को फ्री शॉपिंग वाउचर्स दिए थे। जिनमें से एक उन्होंने खुद भी रखा था और सबने कल शाम को अपनी पसंद के कुछ गैजेट्स खरीदे थे। और बाकी तो सर मिस्टर गौतम और मिस्टर आशीष। सर सर पूरे स्टोर में राइससेस का नामोनिशान
19:26
Speaker A
भी नहीं है। सर ये कुछ वाउचर्स मिले। इन्हीं फ्री वाउचर्स की बात कर रही थी आप? सर मैं इन्हीं वाउचर्स की बात कर रही थी। ओके। आशीष, गौतम और प्रमोद इन तीनों की जान खतरे में है। आइए साहब आइए वो बगीचे में बैठे हैं प्रमोद जी
20:12
Speaker A
जरा रुकिए साहब उठिए साहब। वो सीआईडी वाले मिलने आए हैं आपसे। अब साहब उठिए साहब। साहब साहब साहब को क्या हो गया साहब? एक मिनट पीछे हटिए। वैसा ही केस है। ये देखो नाक में राइसिन पाउडर। हम क्या हुआ साहब को सर? इधर आओ। एक बात बताओ।
20:51
Speaker A
कौन आया था इनसे मिलने? कोई नहीं आया था साहब। घर में आने का और कोई रास्ता है? नहीं साहब। बस एक ही रास्ता है साहब। वो जिससे हम लोग आए हैं। और कौन-कौन रहता है तुम दोनों के अलावा?
21:06
Speaker A
इस घर में। कोई नहीं साहब बस। हम दो ही रहते हैं साहब। और कितने सालों से काम कर रहे हो यहां पर?
21:15
Speaker A
पांच छ साल से साहब, पांच छ साल से। क्या हुआ है साहब? सर ये भी तो हो सकता है कि मिस्टर प्रमोद ने बाकी तीन खून करके आत्महत्या कर ली हो।
21:42
Speaker A
इसका बॉक्स वगैरह कहां है? पैकेजिंग का जो कचरा था वो वो वहां साहब कचरे के डब्बे में। खोला किसने था?
21:49
Speaker A
मैंने खोला था साहब। मास्क पहन लो। सर हो सकता है रायसेन इसी पैकेजिंग में यहां तक पहुंचाओ। कभी ना अगर ऐसे होता तो ये नौकर पहले मरता ना क्योंकि उसने ही बॉक्स खोला था। संभल के सर यहां तो जरा सा भी राइस नहीं मिला तो फिर राइसन यहां आया कैसे?
22:33
Speaker A
हां सर सर हम लोग अलीबाग पहुंचने वाले हैं। हां सर इलेक्ट्रॉनिक स्टोर के एक्स ऑपरेशन ऑफिसर गौतम के बेटे की एनिवर्सरी पार्टी है वहां। हां सर हम वहां पहुंचते ही आपको रिपोर्ट कर देंगे। या थैंक यू। सर पहाड़ी में बहुत लोग होंगे।
22:51
Speaker A
हां सर। अगर राइस का अटैक होता है तो बहुत बेगुनाह लोग अपनी जान गवा बैठेंगे। नहीं हम ऐसा होने नहीं देंगे। तीन जगह भेजा है। सर फैक्ट्स आ गया। मुंबई में तीन जगह कैमरास भेजे गए हैं। तो चलो फिर इन तीनों कंपनियों के मालिक के दर्शन कर लेते हैं।
23:45
Speaker A
मिस्टर आशीष सर कहीं हमें आने में देर तो नहीं हो गई? आशीष मिस्टर आशीष जी हां मैं आशीष ओ ग्रेट आप ठीक है क्यों मुझे क्या हुआ नहीं कुछ नहीं अरे सुनिए आप लोग तो बस घुसे जा रहे हैं।
24:10
Speaker A
आप है कौन आप लोग? देखिए हम लोग सीआईडी से हैं। सीआईडी क्यों सब ठीक तो है? नहीं ठीक नहीं है आशीष जी कुछ प्रॉब्लम है। क्यों क्या बात है? आप घनश्याम, चंद्रा, प्रमोद और मंजू को जानते हैं? जी हां, ये सब मेरे कलीग्स हैं। हम साथ
24:28
Speaker A
में काम किया करते थे। लेकिन बात क्या है? बात एक्चुअली इन चारों की मौत हो गई है। क्या?
24:37
Speaker A
मौत लेकिन कैसे? वही पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं हम लोग। अ आशीष जी क्या कल आपने जीो शोरूम से कोई सामान खरीदा था? गिफ्ट वाउचर से? जिया कहां है वो? वो सोफे के पीछे वो बॉक्स जी हां
24:59
Speaker A
आपने इसे खोला तो नहीं जी नहीं वो कंपनी से एक टेक्नशियन आने वाला था बस उसका इंतजार कर रहा हूं अच्छा किया आपने हाथ नहीं लगाया है आप थोड़ा पीछे हो जाइए लेकिन आप लोग बताते क्यों नहीं कि बात
25:10
Speaker A
क्या है थोड़ा खतरा है आशीष जी आपको बाद में बताएंगे आप पीछे आ जाइए खतरा जी पीछे प्लीज लेकिन इसमें तो कुछ भी नहीं है। वो जानलेवा पाउडर राइस से गिफ्ट बॉक्स में नहीं आया तो फिर उन लोगों के पास पहुंचा कैसे
26:43
Speaker A
सर आप यहां सचिन तुम यहां क्या कर रहे हो सर चंद्रा जी के यहां जो हमें कैमरास मिले थे जिसप रायसेन के कुचांश भी मिले थे वो सारे कैमरा आज आशीष जी ने मंगवाए थे सर ये क्या बोल रहे हो आप लोग? कौन सा कैमरा सर? मेरे समझ में कुछ नहीं आया।
27:05
Speaker A
कितने कैमरे मंगवाए थे इन्होंने? 10 कैमरा से। बकवास कर रहा है सर ये ऑफिसर। मैंने कोई कैमरा नहीं मंगवाया। सर ये ऑफिसर झूठ बोल रहा है सर। झूठ बोल रहा है। अच्छा। और हमारे इस ऑफिसर के झूठ बोलने की वजह सबूत है हमारे पास। नोएडा की जेड ब्राइड
27:26
Speaker A
कैमरा कंपनी ने पैक्स भेजा है जिसप आपका नाम और आपकी कंपनी 24 सीटी का नाम लिखा है। सर बिलीव मी सर ये कैमरा और कंसाइनमेंट से मेरा कोई लेना देना नहीं है सर। मैंने तो कभी बिज़नेस किया ही नहीं। मैं तो जिंदगी
27:42
Speaker A
भर सिर्फ नौकरी करता आया हूं सर। सर ट्रस्ट मी। तो फिर आपका नाम और नंबर कंसाइनमेंट में कैसे है?
27:48
Speaker A
सर मुझे पता नहीं है सर। तो आप कहना चाहते हैं कि आपने कोई नया कंसाइनमेंट रिसीव नहीं किया है। जी नहीं अभी पता चल जाएगा कंसाइनमेंट रिसीव किया या नहीं तलाशी चलिए भाई आइए केक काटेंगे प्लीज कम आओ
28:14
Speaker A
अनिल यहीं पे तो हूं काटे केक बिल्कुल बिल्कुल काटिए यस अरे रुको अभी सर जितने भी लोग राइसन की वजह से मरे हैं वो राइस उन तक जी गगिस्मो इलेक्ट्रॉनिक स्टोर से ही पहुंची थी। आदर्श मुझे इस बात का डर है कि गौतम जी ने
29:05
Speaker A
अपने बेटे को देने वाला गिफ्ट कहीं खोल ना दिया हो। राहुल ओम गौतम जी देखिए हम लोग सीआईडी से हैं। मामला थोड़ा सीरियस है। क्या हुआ सर? आपने जीगिस्मो से जो इलेक्ट्रॉनिक सामान खरीदा था हम उसके सिलसिले में आए हैं। जी गिस्मो
30:04
Speaker A
आइए आइए। राहुल क्या कर रहे हो? राहुल मेरी बात सुनो। राहुल। मम्मी मम्मी किस सर से आवाज़ आई है। यहां से मम्मी मम्मी मम्मी। मम्मी। संगीता संगीता सर। सर प्लीज एम्बुलेंस बुलाइए ना सर। क्या हो गया सर इसको? मम्मी
30:50
Speaker A
आप लोग जरा बाहर जाइए और हां किसी भी चीज को हाथ मत लगाना। प्लीज प्लीज सर चलिए सर पल्स नहीं है। सर ये देखिए नाक के पास कुछ वाइट पाउडर जैसा है। जरूर ये राइस है। ये क्या है?
31:29
Speaker A
तो ये चक्कर है। सर मुझे अंदर कुछ नहीं मिला। मुझे भी कुछ नहीं मिला सर। सर सर कैमरास नहीं मिले सर लेकिन किचन के एक कोने में ये पड़ा हुआ था सर सफेद पाउडर कहीं ये राइस तो नहीं
32:40
Speaker A
हां सर लगता तो ऐसा ही है मिस्टर आशीष ये राइसन पाउडर आपके यहां क्या कर रहा है ये राइस ये राइस क्या है क्या सर राइस सर अब राइस क्या है ये भी नहीं मालूम इन्हें सर ये क्या हो रहा है सर ये सब मैंने नहीं किया है सर सर ये मुझे
33:10
Speaker A
फंसाने की कोशिश कर रहा है सर बाकी के कैमरे कहां है जो आपने खरीदे थे प्लीज सर मुझे कुछ नहीं मालूम मैं बेकसूर हूं सर ये कैमरा राइसिंग मैं कुछ नहीं जानता सर आई एम जस्ट इग्नोसेंट सर सर इनको कुछ याद नहीं आ रहा है इनकी इनकी
33:25
Speaker A
याददाश्त थोड़ा कमजोर हो गई है। अगर आप कहें तो नहीं नहीं इनको ब्यूरो ले चलते हैं। वहां की हवा पानी अच्छी है। वहां आपको सब याद आ जाएगा। चलिए सर प्लीज सर आइए आइए। मैं बेकसूर हूं सर। सर मुझे सर
33:38
Speaker A
सर आप मुझे 100 बार भी पूछेंगे तो मेरा जवाब एक ही होगा सर। कि ये मैंने नहीं किया है सर। मैंने किसी को नहीं मारा है। तो फिर आपके नाम पे वो कैमरास किसने मंगवाए? और वो राइस वो आपके यहां कहां से आया?
33:49
Speaker A
मैं सच कह रहा हूं सर। मुझे नहीं मालूम। मुझे कोई फंसाने की कोशिश कर रहा है सर। कौन फंसा रहा है आपको? कौन फंसाएगा आपको? हां?
33:56
Speaker A
सर, मुझे अगर मालूम होता तो मैं पहले ही बता देता था ना आपको। देखिए आप झूठ बोल रहे हैं। पांच-पांच लोगों का खून करने के बाद ये मासूम बनने का नाटक मत कीजिए। समझे? मैंने कुछ नहीं किया है। मैं बेकसूर हूं
34:08
Speaker A
सर। मुझे जाने दीजिए सर। प्लीज। सर ये आदमी तो बहुत टेढ़ा लग रहा है। लगता है आसानी से मुंह नहीं खोलेगा। सचिन लगता है ये सच बोल रहा है। सर लेकिन सारे सबूत तो इसी की तरफ इशारा कर रहे हैं। सबूत तो पैदा भी किए जा सकते हैं सचिन।
34:39
Speaker A
जरा सोचो। सारे कैमरा अपने नाम पर मंगवाना और फिर राइसन पोइजन अपने ही घर में छुपा के रखना। जो आदमी ये सारा प्लान करके इतनी होशियारी से सब कुछ कर रहा है क्या वो इतनी मामूली सी गलती करेगा?
35:01
Speaker A
ये कुछ और ही चक्कर है। कुछ और ही चक्कर है ये। सर अब पता कैसे लगेगा कि सबके पीछे है कौन?
35:10
Speaker A
उस डिलीवरी बॉय से पूर्वी कूरियर कंपनी के डिलीवरी बॉय से उस लड़के से जिसने वो सारे कैमरा आशीष के घर पर पहुंचाए थे। उस डिलीवरी बॉय से मिल गया सर। डिलीवरी नंबर है एमयू एम 16912718k16 इसकी डिलीवरी हुई थी। यस सर। ये पैकेट जिस दिन हमें मिला था
35:48
Speaker A
डिलीवरी उसी दिन हुई थी। इसका रिकॉर्ड है हमारे पास। किसने की थी डिलीवरी? डिलीवरी बॉय इज पीयूष। पीियूष जरा बुलाओ उसे। पीयूष जरा बाहर आओ। जी सर आपने बुलाया। पीयूष सीआईडी वाले तुमसे कुछ बात करना चाहते हैं। सीआईडी
36:14
Speaker A
क्यों मैंने क्या किया? नहीं नहीं घबरा मत। बस हमारे सवालों का सीधा-सीधा जवाब दो। साहब मैं किसी लफड़े में तो नहीं पड़ जाऊंगा ना। तू टेंशन मत ले और साहब को इस डिलीवरी के बारे में बता। देख ध्यान से।
36:32
Speaker A
डिलीवरी किया ना साहब किसको की थी साहब जिसका नाम है उसी को किया ना सारा ये है वो आदमी साहब रोज इतने लोगों से मिलते हैं घाई रहता है पहचानने को कहां फुर्सत मिलता है सर मैंने कहा ना आपसे कि इसने मुझे कोई डिलीवरी नहीं दी
36:58
Speaker A
आप लोग तो मुझे बस फसाने की कोशिश कर रहे हैं। आशीष जी एक मिनट और देखो कोई जल्दी नहीं है। ध्यान से देख के बताओ। यही थे। लगता तो यही है साहब। झूठ बोल रहा है सर ये। जबरदस्ती मुझे
37:24
Speaker A
प्यार की कोशिश कर रहा है ये। बजाई डिली तूने। थोड़ा झूठ बोल रहा है एक मिनट एक मिनट झूठ बोल रहे हैं सर तुमने इन्हें डिलीवरी दी थी तो चालान पे साइन तो लिया होगा ना हां साइन तो लिया ही होगा साहब तो पर्ची लेके आ
37:38
Speaker A
लाता हूं साहब लाता हूं सर मेरी बात सुनिए सर ये झूठ बोल रहा है मुझे फंसाने की कोशिश हो रही है सर अरे हां पीयूष रुको क्या हुआ कुछ नहीं सर वो सीआईडी वाले चालान मांग रहे हैं हां दे दो
37:58
Speaker A
पर्ची लेने में इतनी देर क्यों लगा रहा? देखो जरा अंदर जाके। सर सर वो भाग गया। भाग गया। तुम्हें क्या लग रहा था कि बच के निकल जाओगे तुम सर सर मैंने कुछ नहीं किया सर हाय समय सर मैं झूठ नहीं बोल रहा
39:03
Speaker A
तो भाग क्यों रहा था सर सर मैं आप लोगों को देख के डर गया था सर ठीक है वो डिलीवरी तुमने किसको दी थी सर मैं मैं बताता हूं। बताता हूं सर। तो ये है राज इलेक्ट्रॉनिक बग्स का और उनके शिकार करने के तरीके का।
40:16
Speaker A
अरे अभी तो यहीं थी। ये लड़की कहां गायब हो गई? यहीं कहीं छुपी होगी। ढूंढो। सर इस तरफ नहीं सर सर यहां भी कोई नहीं है। यहां हूं मैं। तुम उन सबके पीछे ये तो पता चल चुका है। लेकिन ये सब किया क्यों तुमने?
40:50
Speaker A
बदला। दूसरों का हक छीनने वालों से बदला। किसका हक? कैसा बदला? मेरे पापा के हक का बदला, उनकी मौत का बदला। पापा की मौत का बदला? उनकी सारी जिंदगी की मेहनत चुरा ली गई। मेरे पापा एक बहुत बड़े इलेक्ट्रॉनिक जीनियस थे। उन्होंने रोबोटिक में एक ऐसी
41:14
Speaker A
टेक्नोलॉजी डिजाइन की जिससे मशीनंस इंटेलिजेंटली काम कर सकें। लेकिन आशीष ने मेरे पापा के रिसर्च के पेपर्स और सारे डिज़ चोरी कर लिए और फिर उन्हें अपने नाम पे रजिस्टर करवा लिया और बाद में वाशिंग मशीनंस और बाकी
41:35
Speaker A
इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स पे उनको फिट करवा के नाम, पैसा और इज्जत कमाने लगा। तुम्हारी दुश्मनी मिस्टर आशीष से थी। तो बाकी सबको तुमने क्यों मारा? उन्होंने तुम्हारा क्या बिगाड़ा था? यह सब एक ही गैंग के मेंबर हैं। इन सब ने मिलके मेरे
41:51
Speaker A
पापा को कंपनी से निकलवाया। खुद तो बहुत पैसा कमाया। पर मेरे पापा वो तो बेरोजगार हो गए। नौकरी चली गई उनकी। वो ये सदमा बर्दाश्त नहीं कर पाए। डिप्रेशन में चले गए। और फिर उनकी मौत हो गई। मैंने पहले तो मिस्टर प्रमोद के सिग्नेचर्स की प्रैक्टिस की।
42:15
Speaker A
और फिर मैंने फ्री वाउचर्स पे उनके साइन किए और फिर मैंने उन छह लोगों के सामान में बग डाल दी। तुम्हारे साथ जो कुछ हुआ वो गलत था। लेकिन तुमने जो कुछ किया वो भी गलत है। तुम्हें अपने आप को कानून के हवाले करना पड़ेगा।
42:35
Speaker A
नहीं बिल्कुल नहीं। जब तक मैं गौतम और आशीष को उनके पापों की सजा ना दिलवा दूं तब तक मैं कानून तो क्या अपने आप को किसी के हवाले नहीं करने वाली। आप लोग घबराइए मत। मैंने आप सबके मनोरंजन का भी बहुत खास इंतजाम किया है। देखना
42:55
Speaker A
नहीं चाहेंगे। बस स्किन से टच नहीं होना चाहिए। इलेक्ट्रॉनिक आइटम है। देखो कोई पासवर्ड वगैरह कोई गजट सर सर इससे गैजेट्स बंद नहीं हो रहे हैं। सर गोली मार देता हूं। नहीं नहीं गोली मत चलाना। यह फटेगा तो राइस पाडर उड़ेगा और खतरा हो सकता है। इन
43:32
Speaker A
कीड़े मकोड़ों के लिए इतने बड़े हथियार की जरूरत नहीं है। इनका इलाज है मेरे पास। जुर्म का रास्ता हमेशा जेल की कोठरी में खत्म होता है। रश्मि अच्छा दिमाग पाया था तुमने भी। ये सब इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स बनाए लेकिन इस्तेमाल
44:21
Speaker A
बदले के लिए किया। अगर इनका इस्तेमाल किसी अच्छे काम में लगाती तो अपने पिता का नाम रोशन करती और जेल भी नहीं जाना पड़ता। आज हम आपको सच्ची घटनाओं पे आधारित टीवी शो क्राइम इंडिया की शूटिंग दिखा रहे हैं।
44:40
Speaker A
क्राइम इंडिया के इस एपिसोड की कहानी रघुनाथ और उसके परिवार की है जो आज से 10 साल पहले अखबारों की सुर्खियों में छाई रही। फाइव फोर थ्री टू वन एक्शन। वेलकम फ्रेंड्स आपका स्वागत है क्राइम इंडिया के नए शो में। ये कहानी बहुत ही
44:58
Speaker A
रोमांचक और रहस्य से भरी है। ये कहानी 10 साल पहले शुरू हुई। इस बंगलो से। यहां रहते थे मिस्टर रघुनाथ अपने परिवार के साथ। एक खुश परिवार। फिर सारी खुशियां एक पल में छीन गई। 10 साल पहले इसी दरवाजे से रघुनाथ की 21
45:17
Speaker A
साल की बेटी अपने घर प्रवेश करती है। जहां उसे अपने पिता का सामना करना पड़ता है। जो थोड़े गुस्से में थे क्योंकि जूही अपने दोस्त के बर्थडे पार्टी से लेट वापस आई। पिता की प्रताड़ सुनते ही जूही अपने पिता को समझाने की कोशिश करती है कि पार्टियों
45:36
Speaker A
में तो अक्सर देर हो सकती है। उसमें इतना अपसेट नहीं होना चाहिए। रघुनाथ अपनी बेटी की बात सुनते ही चिल्लाने लगते हैं। जूही पिता का डर सह नहीं पाती। वो अपनी भरी आंखों से अपने कमरे की तरफ भागती है। कमरा बंद किए, बिना खाए पिए जूही सो जाती है।
45:57
Speaker A
इसका हम नाट्य रूपांतरण करते हैं। मम्मा पापा। मम्मा मम्मा पापा ये क्या घर में कोई नहीं है क्या? ऐसा तो कभी नहीं होता है। मम्मी मम्मी पापा ये क्या?
46:35
Speaker A
यहां पर भी कोई नहीं है। कहीं बेडरूम है तो नहीं है? मम्मी पापा मम्मी पापा ये क्या खा गए सब के सब? मम्मी मम्मी आप यहां पर हो। मैं कितनी परेशान हो गई थी पता है? मम्मी मम्मी मम्मी
47:15
Speaker A
ये क्या पानी का नल खुलना छोड़ के मम्मी तो ऐसा कभी नहीं करती मम्मी पापा राहुल राहुल राहुल राहुल अरे राहुल को स्कूल छोड़ने गई होगी मम्मी राहुल का स्कूल है चलो मम्मी राहुल को नहीं राहुल नहीं है मम्मी पापा
48:04
Speaker A
पापा की गाड़ी पापा की गाड़ी तो यही है। पापा तो ऐसा नहीं करते कभी। पापा। उस दिन से आज तक जूही को अपने माता-पिता और भाई के बारे में कोई खबर नहीं मिली। कहां खो गए वो तीनों? लेकिन जूही अपनी
48:34
Speaker A
आखिरी याद अब तक नहीं भूल पाई है। अपनी मम्मी की पिंक साड़ी और पापा के स्टाइलिश हेट को जो उन्होंने आखिरी दिन में पहना था वो आज तक नहीं भूल पाई है। जस्ट स्टॉप दिस नॉनसेंस। आप लोग किसी को चैन से जीने देंगे या
48:49
Speaker A
नहीं? प्लीज मैम। हां, प्लीज रुकिए। श टू हेल विद योर परमिशन। लोग मेरी जिंदगी को टेलीविजन शो का तमाशा समझते हैं। किसी के भी दर्द को स्टोरी बना देंगे। जिस घर से मेरी यादें जुड़ी है। हम उन्हीं यादों को एक्सपोज करेंगे।
49:17
Speaker A
ये मैं नहीं होने दूंगी। जस्ट गो फ्रॉम हियर। जाइए। ट्रस्ट मी मैम हम ऐसा वैसा कुछ नहीं दिखा रहे हैं। बल्कि ये तो आपके लिए अच्छा ही है कि हो सकता है कि इस शो के बाद आपको नए फोन कॉल्स आए कि आपके मिसिंग पेरेंट्स मिल
49:32
Speaker A
गए हैं। प्लीज मुझे और लालच मत दो। छोड़ दो मुझे मेरे हाथ में। आई सेड जस्ट गो फ्रॉम हियर। सर लाइव टेलीकास्ट चल रहा है। आप गलत ना समझे मैं। हम पूरे मसले को बहुत सेंसिटिवली हैंडल कर रहे हैं। सर समझाइए मैम को प्लीज।
50:04
Speaker A
समझाई समझाइए इन्हें कि क्या करेंगे ये? तुम लोग जाते हो यहां से जा मैं अपनी जान लूं। छोड़ो मुझे छोड़ो मुझे। छोड़ो मुझे और अपनी जान लेके इतनी कम पी उ कितना फ़ निकल रहा है?
50:20
Speaker A
पैक अप पैक अप। चलो चलो चलो इन्हें हॉस्पिटल लेके चलो। चल चल तुम बैठो। मैं तुम्हारे लिए हल्दी वाला दूध लाती हूं। थोड़ा आराम मिलेगा। छोड़ो आराम आराम। इतनी फिक्र करती हो तो अपने गुस्से को कंट्रोल में रखना सीखो।
50:49
Speaker A
मरने मारने पर उतर आई उस वक्त। तो फिर क्या करती? वो लोग मेरे घर वालों की इज्जत के साथ खिलवाड़ कर रहे थे। मेरे जख्म को रेद रहे थे। मेरे इमोशंस को कभी समझते ही नहीं हो। ऐसा नहीं है। नहीं समझता मैं तुम्हारे
51:09
Speaker A
इमोशंस। जूही मैंने ही कहा था। बहुत हिम्मत वाली लड़की हो। जिस तरह से तुमने इस दुख को समेटा और जिंदगी को फिर राह पर ले आए कोई और होता कब का टूट जाता। तुम जैसा हमसफर बहुत नसीब से मिलता है।
51:28
Speaker A
और तुम जैसा हस्बैंड भी हर लड़की को नहीं मिलता। इसी बात पर दूध नहीं ग्रीन टी हो जाए। ठीक है। बैठो मैं अभी लाती हूं। क्या हुआ जूही?
52:01
Speaker A
आपको क्यों लगता है कि ये हैट आपके पापा का है? कोई निशानी, कोई पहचान?
52:05
Speaker A
ये उनका फेवरेट हैट था। मैंने बचपन से उन्हें यही हट पहनते देखा था। देखिए जूही जी प्लीज बुरा मत मानिएगा लेकिन इससे यह प्रूफ नहीं होता कि यह हैट आपके पापा का है। कोई खास दूसरी पहचान कुछ भी।
52:20
Speaker A
उदय इन्हें पापा के वो सारे फोटोज दिखाओ जिनमें उन्होंने यही हैट पहना था। मैं पापा से कई बार कहती थी कि ये हैट पुराना हो गया है। इसे फेंक दो। पापा कहते थे मेरा सर भी पुराना हो गया है। उसे भी फेंक दूं क्या?
52:51
Speaker A
जोश जी इसे देख के तो यह जाहिर नहीं होता कि ये हेड यही वाला है। हां ये जरूर पता लगता है कि ये हेड भी इस जैसा ही है। आपको क्या लगता है? मैं आपसे झूठ बोल रही हूं।
53:07
Speaker A
एक काम करो जरा आप घर की खिड़की दरवाजे चेक करो। प्लीज सर जोई जी आप जो कह रही हैं वो तो हम मान लेते हैं। लेकिन ये हट यहां पे आया कैसे?
53:19
Speaker A
अपने आप तो नहीं आया। जी सर। किसी ने तो इसे यहां रखा ही है। आपको किसी पे शक नहीं। सर पीछे के सारे दरवाजे और खिड़कियां अंदर से बंद है सर। इसका मतलब जो भी अंदर आया उसके पास मेन डोर की चाबी थी। जोई जी आपने अपने घर की
53:39
Speaker A
चाबी किसी और को भी दी है क्या? नहीं तो हां मुझे याद आया। एक्चुअली कुछ दिन पहले शॉपिंग मार्केट में मेरा पर्स चोरी हो गया था। और घर की चाबियां भी उसी में थी। हम बड़ी लंबी प्लानिंग की गई है। लेकिन 10 साल बाद ये हैट यहां रखने का
54:00
Speaker A
क्या मतलब हो सकता है? पूरा का पूरा परिवार गायब होता है और किसी को भी पता नहीं चलता। ऐसे कैसे कोई गायब हो सकता है?
54:09
Speaker A
सर पुलिस रिपोर्ट में लिखा है कि ना किसी ने चीखने चिल्लाने की आवाज सुनी ना ही कोई गोली चलने की आवाज सुनी। सर जब ये हुआ तब जूही अपने ऊपर वाले बेडरूम में सो रही थी। और बाकी के परिवार के लोग नीचे थे। तो अगर शोरशराबा होता तो
54:24
Speaker A
जूही को जरूर सुनाई देता। एक्साक्टली एक्साक्टली। अच्छा इस वॉचमैन का क्या कहना है? सर उसने बताया कि उसने ना किसी ऐसे आदमी को और ना ही ऐसी किसी गाड़ी को बाहर जाते हुए देखा। सर यहां तक कि उसने रघुनाथ जी की फैमिली
54:37
Speaker A
को भी उस घर से बाहर जाते हुए नहीं देखा। सर रिपोर्ट में ये भी लिखा है कि घर में जबरदस्ती अंदर आने का कोई निशान भी नहीं मिला था। सर एक बात समझ में नहीं आ रहा जब घर के सारे लोग गायब है। तो ये जूही कैसे बच गई?
54:52
Speaker A
वही तो जूही को क्यों छोड़ा? हैं? सर हो सकता है उसे जानबूझकर किडनैप नहीं किया गया हो। ये भी कोई साजिश हो। अच्छा उस हैट पर से कोई उंगलियों के निशान मिले हैं? हां सर उस हैट पे पांच लोगों की उंगलियों
55:05
Speaker A
के निशान मिले हैं। दो तो जूई और उसके हस्बैंड के हैं। बाकी के मैच नहीं हुए। जूई और उसके पति की उंगलियों के निशान। हो सकता है 10 साल बाद जब अपने पिता की हैट देखी तो दोनों ने उठाई होगी। सर अखबार की एक कटिंग में लिखा था कि
55:21
Speaker A
रघुनाथ जी के एक भाई हैं हिमांशु। जिनसे उनकी ज्यादा बनती नहीं थी। दोनों भाइयों में प्रॉपर्टी को लेकर कोई झगड़ा चल रहा था। और बाद में हिमांशु ने जूही से कुछ पुराने इन्वेस्टमेंट्स लौटाने के लिए कहा था सर।
55:34
Speaker A
दया इस हिमांशु के बारे में पता लगाना पड़ेगा। सर एक और बात पता चली है। क्या?
55:40
Speaker A
सर जब हम इस केस के फाइल्स लेने गए तो वहां से पता चला कि ये फाइल्स इंस्पेक्टर विजय भी दो-ती दिन पहले लेकर गए थे। इंस्पेक्टर विजय दया इंस्पेक्टर विजय तो रिटायर हो चुका है। और फिर भी उसे इस केस में दिलचस्पी क्यों?
55:55
Speaker A
रिटायरमेंट के बाद में तो केस छोड़ देना पड़ता है। नहीं नहीं नहीं ये नहीं हो सकता। या तो रघुनाथ जी का केस सॉल्व होगा या तो रिटायर्ड इंस्पेक्टर विजय डिॉल्व होगा। ये मेरी भी जिद है। और रंजीत मैं बहुत नजदीक पहुंच गया हूं। किसी भी दिन कमिश्नर के पास पहुंच सकता हूं।
56:17
Speaker A
सर्विस के दौरान 99 केस और रिटायरमेंट के बाद यह पहला केस यानी हो गए पूरे 100 जी मैं बाद में फ़ करता हूं। मैं देख के आता हूं क्या गिरा है। इंस्पेक्टर विजय शायद तू भूल गया है कि अभी तू इंस्पेक्टर
57:16
Speaker A
नहीं है। रिटायर्ड इंस्पेक्टर हो गया है। बस अब तेरी कहानी खत्म। कौन हो तुम? कौन हो तुम?
57:30
Speaker A
बहुत ठोका था ना मुझे। अभी तक मेरी हड्डियां बोलती हैं। बस अब बस चार्जशीट भूल जा। फाइल भूल जा। क्यों दबे हुए केस को हवा दे रहा है? बंद कर दे वो केस। बंद कर दे। रघुनाथ भाई साहब को गुजरे तो तकरीबन 10 साल हो गए और अब तो सिर्फ उनकी यादें हम
58:10
Speaker A
जानते हैं जो भी हुआ। लेकिन उनके केस के बारे में कुछ नई बातें सामने आई हैं। तो सोचा क्यों ना आपसे ही पूछ लें। नई बातें आप लोगों को पता चली है और आप पूछना मुझसे चाहते हैं। आप कुछ
58:31
Speaker A
टेंशन में लग रहे हैं। मैं टेंशन में नहीं तो दरअसल भाई साहब को गुजरे इतने साल हो गए और आज आप लोग आए भाई साहब के बारे में इंक्वायरी करने के लिए। चलिए उनके बारे में नहीं तो आप ही के बारे में बात कर लेते हैं।
58:52
Speaker A
कल दोपहर में कहां थे आप? कल था। ऑफिस में था। ऑफिस रियली? इसमें हैरान होने वाली क्या बात है?
59:07
Speaker A
आप कल 12:00 से 3:00 तक ऑफिस में ही थे। एक्चुअली मैं लंच आवर्स में घर आता हूं। दो-ती घंटा रेस्ट करने के लिए। आपके घर का एड्रेस 54 गुलमोहर रोड है ना? जी नहीं। लेकिन आपकी कार कल उस वक्त उसी बंगले के सामने खड़ी थी।
59:35
Speaker A
मेरी याददाश्त दरअसल मैं सठियाने लगा हूं। मैं कल रुक गया था एक दोस्त के यहां। वो भी वहीं गुलमोहर में ही रहते हैं। मिस्टर हिमांशु जी झूठ बोल रहे हैं आप। वहां पे आपका कोई दोस्त नहीं बल्कि आपकी भतीजी जूही रहती
59:53
Speaker A
है। समझे आप? इसलिए झूठ बोल के कोई फायदा नहीं है। हम जानते हैं कि आप जूही से मिलने गए थे उसके घर। हां। मुझे उससे कुछ काम था। हम काम था इन्हें। हां। फिर आप उससे मिले क्यों नहीं? बल्कि आप तो
60:14
Speaker A
छिपते-छिपाते उसके घर गए। उसके किचन के प्लेटफार्म पर उसके पिता रघुनाथ जी की हैट रखी और बड़े आराम से वहां से निकल गए। क्यों?
60:25
Speaker A
हैट? कौन सा हैट? मिस्टर हिमांशु आपको लगता है कि आप ऐसी गोल-गोल बातें करके सीआईडी से बच सकते हैं। कसम से ना तो मैं भाई साहब के किसी हैट के बारे में जानता हूं और ना ही उनके लापता
60:40
Speaker A
होने के बारे में। हिमांशु जी ये क्या है? बोंड्स है मेरे ही है। यही चुराने गया था मैं वहां। बोंड्स हिमांशु जी आप अपने ही बॉन्ड्स चुराने गए थे? मिस्टर हिमांशु आप क्या बचपन से ही ऐसी बेफिजूल की पहेलियां बुझाते रहते हैं?
61:07
Speaker A
पहेली नहीं सच कह रहा हूं। मैंने और भाई साहब ने मिलकर इन्वेस्ट किया था इनमें लाखों के हैं। भाई साहब लापता हो गया और जूही कब्जा करके बैठ गई दे ही नहीं रही थी। क्या करता अपनी ही चीज चुरानी पड़ी।
61:28
Speaker A
हिमांशु जी चलिए मान लिया एक पल के लिए कि आप सच बोल रहे हैं। लेकिन मैं सच ही कह रहा हूं। लेकिन एक बात आप लोगों को बोलना भूल गया हूं। जैसे ही मैं बॉन्ड्स लेकर वहां से निकल ही रहा था कि अचानक दरवाजा खुलने की
61:43
Speaker A
आवाज आई। मैं घबरा कर छुप गया। मुझे लगा कि शायद उदय या जूही होंगे लेकिन कोई और ही था। कौन था?
61:55
Speaker A
मैं उसका चेहरा तो नहीं देख पाया। सिर्फ पीठ ही देख पाया। लेकिन इतना तो तय है कि वो उदय नहीं था। क्योंकि वो उदय से काफी लंबा और तगड़ा था। बाल लंबे थे, जैकेट पहन रखी थी और शायद जींस थी। अच्छा और कोई खास बात याद है आपको? कोई
62:13
Speaker A
खासियत? जैसे उसे भीड़ में देखे तो पहचान लें। हां। उसके शूज क्रोकोडाइल लेदर के थे। क्रोकोडाइल लेदर। विजय विजय विजय सर सर सर सर दरवाजे में से धुआं आ रहा है सर। म गॉड दुष्यंत दरवाजा खोलो। विजय विजय
63:14
Speaker A
विजय विजय पेपर जल रहा है। जल्दी से पूछो उन्हें। यस सर। विजय विजय सर। सर सर जल्दी आइए क्या हुआ पंकज ओह माय गॉड विजय सर सर ये मर चुके सिर्फ वार किया है। गोली भी चली है सीने में। सो दो-दो गोलियां लगी हैं।
64:06
Speaker A
म गॉड पंकज पलटो इन्हें। सर सर ये कैसे हो सकता है सर? विजय जी इतने सीनियर और एक्सपीरियंस ऑफिसर हैं। फिर इन्हें इन्हीं के घर में गोली मार दी। जिसने भी ये किया है पंकज तो खिड़की का शीशा तोड़ा बोल्ट नीचे किया। खिड़की खोल कर अंदर आके यहां चुप कर बैठा होगा। शायद
64:53
Speaker A
आवाज सुनकर विजय इस कमरे में आया तो उसने विजय के सिर पर वार किया और फिर दो गोलियां भी डाल दी। सर लगता है कि खूनी और विजय जी की कोई पुरानी दुश्मनी थी। इसीलिए रिटायरमेंट के बाद मौका मिलते ही इन्हें मार डाला।
65:07
Speaker A
यह भी तो हो सकता है ना दुष्यंत कि विजय किसी मुजरिम के लिए खतरा बन गया था। शायद उसी ने किया हो। ढूंढो इस कमरे को अच्छी तरह। एक-एक कोना चालू और पंखा कुछ ना कुछ तो मिलना चाहिए। ढूंढो अच्छी तरह से।
65:45
Speaker A
सर हां ये देखिए रघुनाथ जी की केस फाइल लेकिन इसमें कोई पेपर नहीं है सर बाकी सब केस फाइल के पेपर्स हैं ये देखिए सर सब में पेपर्स हैं सिवाय इसके तो विद्युष इसका एक ही मतलब है इसके अंदर जो पेपर्स से वहां चलाए जा रहे थे।
66:04
Speaker A
वही नहीं चाहता था कि रघुनाथ के केस के बारे में हमें कुछ पता चले। सर सर विजय जी का मोबाइल मिला और आखिरी कॉल उन्होंने किसी अनुज को किया था। तो फ़ करो इस अनुज को। हेलो अनुज कुल्फी वाले। अरे यार मैंने 10 कार्टून मलाई कुल्फी बोल थी। क्या हुआ?
66:26
Speaker A
अभी तक भिजवाई क्यों नहीं? क्या कुल्फी वाले नहीं हो? तो फिर कौन हो तुम?
66:33
Speaker A
मॉडल मॉडल है। मॉडल अनुज मॉडल और पुलिस वाले का क्या कनेक्शन हो सकता है?
66:43
Speaker A
सर कनेक्शन ये है कि आज से 3 साल पहले तक जूही मेरी गर्लफ्रेंड थी और 10 साल पहले जूही का पूरा परिवार गायब हो गया था। पर इंस्पेक्टर विजय को यह लगता था कि शायद मैं उनके गायब होने के बारे में उन्हें कुछ इंफॉर्मेशन दे सकता हूं। हम तो क्या
67:00
Speaker A
कहा तुमने इंस्पेक्टर विजय को? कुछ नहीं सर। मैंने उन्हें वही कहा जो मैं पहले से कहता आ रहा हूं कि मैं कुछ नहीं जानता। तुम्हें कुछ नहीं पता। पंकज। अरे ये किधर जा रहे हैं आप लोग? तुम्हारे घर की तलाशी ले रहे हैं।
67:20
Speaker A
अच्छा अनुज ये बताओ कि जूही के घर से उसके पिता की हैट मिली है। इतने दिनों बाद वो हैट वहां कैसे आई? सर मैं आपसे सच कह रहा हूं। ना तो मैं किसी हैट के बारे में जानता हूं और ना ही किसी गायब हुए परिवार के बारे में।
67:34
Speaker A
अनुज तुम्हारे और जूही के परिवार एक दूसरे को अच्छी तरह से जानते थे और फिर भी तुम कह रहे हो कि तुम्हें कुछ नहीं मालूम। हैं?
67:44
Speaker A
चलो ठीक है। तो अब बताओ कल दोपहर को कहां थे तुम? कल मैं अपने एक फ्रेंड के एक्बिशन की ओपनिंग में गया था। फ्रेंड के एक्सिबिशन की ओपनिंग में गए थे। अच्छा। सर सर इसके घर में तो कुछ नहीं मिला और वो जूते भी नहीं जिसके बारे में हिमांशु ने
68:04
Speaker A
हमें बताया था। अनुज तुम होशियार बनने की बहुत कोशिश करते हो। मगर हो नहीं फिर से मुलाकात होगी। तो समझ में नहीं आ रहा ये आदमी चाहता क्या है? जो एक तरफ वो जूही के घर में हाथ रखता
68:29
Speaker A
है और दूसरी तरफ विजय को मारकर केस के फाइल्स, पेपर्स और फोटोस मिटा देता है। क्यों? क्या लगता है उसे पता चल गया था कि विजय जल्दी अपराधी को पकड़ने वाला है। लेकिन एक बात समझ में नहीं आ रही है कि उसने रघुनाथ की हट जूही के घर में क्यों
68:46
Speaker A
रखी? क्या? क्या सोच रहा है वो? कोई ना कोई चाल तो जरूर है दया। इसके कोई ना कोई चाल तो है। ये केस कुछ ज्यादा ही उलझा हुआ है सर। वैसे विजय के काम करने के तरीके को मैं अच्छी तरह से जानता हूं। वो सारे के सारे अंडे एक ही टोकरी में कभी
69:08
Speaker A
नहीं रखता। इन्वेस्टिगेशन की अलग-अलग कड़ियां वो अलग-अलग जगह पर रखता था। सर विजय के सारे रिलेटिव्स से पता किया। किसी को भी मालूम नहीं है कि वो कर क्या रहा है। उसके मोबाइल से कुछ पता चला है?
69:22
Speaker A
नहीं सर कुछ पता नहीं चला। अबे देखना पड़ेगा मौत के कुछ दिन पहले विजय कहां-कहां गया था। किस-किस से मिला था। सर सर, इंस्पेक्टर विजय के घर पे हमें जो जले हुए कागज के टुकड़े मिले थे, उनमें से यह टुकड़ा आधा जला हुआ है और इस पर नवदीप
69:41
Speaker A
गराज लिखा हुआ है। नवदीप गराज विजय ने यह नाम ऐसे नहीं लिखा है। जरूर इस गराज का इस रघुनाथ के केस से गहरा संबंध है। जरूर कोई ना कोई गहरा संबंध है। विजय सर हाल ही में एक सेकंड हैंड कार के
70:01
Speaker A
बारे में पूछने आए थे। सेकंड हैंड कार। जी हां। एक वाइट कलर की सेडान कार बेची थी 10 साल पहले। विजय सर उसी के बारे में पूछने आए थे। उस गाड़ी के कोई रिकॉर्ड्स या पेपर्स होंगे आपके पास? जरूर सर। हम रिकॉर्ड हमेशा पक्का रखते
70:16
Speaker A
हैं। गाड़ियों का मामला है। क्या पता कब कोई चोरी की निकल आए। शेखर वो जरा गाड़ियों की सेल डिटेल की फाइल लेके आना। याद है ये गाड़ी किसने खरीदी थी? जी हां। कोई गिरीश साहब थे उन्होंने खरीदी थी। ये लीजिए सर। ये लीजिए। ऊपर ही रखे हुए हैं। विजय सर को दिखाने के लिए ही
70:34
Speaker A
निकाले थे। ये देखो। ये कार 14 अप्रैल 2004 को बेची गई थी। रघुनाथ जी के गायब होने के ठीक दो दिन पहले सर राइट इसका मतलब है कि इस कार को और रघुनाथ की फैमिली के गायब होने के बीच कोई ना कोई
70:53
Speaker A
ताल्लुक जरूर है। मतलब सर विजय जी ने गाड़ी तक पहुंचने का जो रास्ता चुना है वो जरूर रघुनाथ जी तक जाता होगा। एक काम करते हैं। पहले तो आरटीओ से यह पता करते हैं कि ऐसी किसी कार का रजिस्ट्रेशन
71:05
Speaker A
हुआ था या नहीं। और विजय जी के मोबाइल पोजीशनिंग रिकॉर्ड से यह पता करते हैं कि पिछले दिनों वो कहां-कहां गया था। हो सकता है इस केस को सॉल्व करने में हमें कोई मदद मिल जाए। सर ये लैटीट्यूड 345 नॉर्थ और 23 ईस्ट है।
71:21
Speaker A
सर एग्जैक्ट वही लोकेशन है जो विजय जी के मोबाइल फोन में स्टोर है। सर विजय जी इस जंगल में यहां आए थे। लेकिन उन्हें यहां मिल क्या सकता था?
71:31
Speaker A
करण वो जरूर इस केस से जुड़े हुए कुछ सबूत ढूंढने के लिए यहां आया। ये भी तो हो सकता है कि वो उस सफेद गाड़ी के पीछे आया हो। लेकिन सर ये जंगल बहुत दूर तक फैला हुआ है। कई किलोमीटर्स तक। ऐसे में इस जंगल की कॉम्बिंग कर पाना
71:48
Speaker A
थोड़ा मुश्किल होगा सर। हां मुश्किल हो सकता है मगर नामुमकिन भी तो नहीं। दिव्या ये कितना एरिया छान मारा था उसने?
72:03
Speaker A
सर यहां से 200 मीटर के घेरे में। 200 मीटर। बस सुबह फैल जाओ चारों तरफ। सर हां हां निखिल सर हां ये देखिए सर MS01 वाई 5371 सर ये तो वही सफेद कार है जो उस गैरेज से बेची गई थी। देखो जरा गाड़ी साफ करो अच्छी तरह से।
73:16
Speaker A
साफ करो अच्छी तरह से साफ करो। सर हां सर ये गाड़ी इतनी ऊपर खाई से नीचे गिरी कैसे होगी? एक्सीडेंट हुआ होगा। मगर सर अगर जूही का परिवार इस गाड़ी में था तो इस गाड़ी में कुछ तो होना चाहिए।
73:42
Speaker A
कंकाल वगैरह पूरी गाड़ी खाली है सर। सर 10 साल हो गए। कीड़े सब खा गए होंगे अंदर। हां मगर कविन कुछ तो मिलता। कुछ तो मिलता। है ना? एक काम करो ये गाड़ी के अंदर जितनी भी धूल मिट्टी है सब इकट्ठा करो। करंट
73:59
Speaker A
जाकर वैक्यूम क्लीनर लेके आओ। सर ऐसा भी तो हो सकता है कि वो लोग कभी गाड़ी में थे ही नहीं। कविन ये भी तो हो सकता है कि गाड़ी के अंदर जितने भी परिवार वाले थे उनकी लाशों को कहीं और फेंक दिया और गाड़ी को यहां खाई में लाकर नीचे धकेल दिया।
74:27
Speaker A
सर ये देखिए सर लॉकेट सर ये तो जूही की मां का लॉकेट है। बिल्कुल ऐसा ही लॉकेट मैंने उन्हें एक फोटो में पहने हुए देखा है। जूही की मां का लॉकेट। जी तो फिर इसका एक ही मतलब हो सकता है कि
74:49
Speaker A
जूही के परिवार वालों को इसी गाड़ी में लाया गया। और फिर उनकी लाशों को कहीं और ठिकाने लगा दिया और गाड़ी को यहां इस खाई में लाके धकेल दिया ताकि कोई सबूत ना रहे ना रहेगा बांस ना बजेगी बांसुरी
75:11
Speaker A
जी साके साहब कुछ पता चला अरे यार अभिजीत ये बात गलत है यार आते ही धन्य से सवाल कर देते हो यार आए हो हालचाल पूछो अपने बताओ मतलब हालचाल अरे हालचाल पूछने वाला था सर कैसी है तारिका जी
75:27
Speaker A
अरे भाई साहब हां मैं अपने बारे में बात कर रहा हूं भाई। मेरे भी तो हालचाल पूछ सकते हो ना यार। आपके हां क्यों?
75:38
Speaker A
क्यों नहीं क्यों नहीं आपके हालचाल? कैसे कैसे हैं आप? हां मैं अच्छा हूं। ये हुई ना बात। अब आओ पूछो। अरे हाय हो हालचाल पूछो। हाय हेलो करो। काम तो होता ही रहता है। बताएंगे ही ना। अब बताओ। क्या पूछ रहे थे तुम?
75:53
Speaker A
ये जो धूल मिट्टी मिली थी कार में से। हां। इसमें से आपको कुछ मिला? हां अभिजीत इस मिट्टी में से हमें एक नाखून का टुकड़ा मिला और कुछ बाल मिले। उनमें से एक बाल किसी 40 साल की महिला का है। और ये नाखून
76:06
Speaker A
का टुकड़ा किसी 10-12 साल के बच्चे का है। और इन दोनों का रिकॉर्ड नहीं है हमारे पास। जरूर ये जूही की मां और उसके भाई का होगा। और बाकी बाल के टुकड़ों का अभी भी टेस्ट चल रहा है। रिपोर्ट लेने गई है श्रेया। सर
76:21
Speaker A
पता चला है कि रघुनाथ जी की फैमिली के गायब होने के कुछ दिन पहले ही उन्होंने अपने खास एम्प्लई मुकेश को नौकरी से निकाल दिया था। मुकेश कहीं सबके पीछे इस मुकेश का हाथ तो नहीं सर जो बाल के टुकड़े टेस्ट के लिए गए थे उनमें से एक बाल का डीएनए मैच हो गया है।
76:39
Speaker A
किसका है? भानु नाम है उसका। अंडरवर का कॉन्ट्रैक्ट किलर है। सुपारी लेके मर्डर्स करता है। और कई मर्डर केसेस भी चल रहे हैं उस पर। भानू ओके सुबह पूरा यकीन है ये बाइक वाला आदमी भानु ही है। हां सर सिग्नल तो यही बता रहा है। हां
77:27
Speaker A
ये अचानक गायब कहां हो गया? दिखाई नहीं दे रहा। ओह माय गॉड। सर गोली चली यहां से। बताओ भानु कैसे हुआ ये सब बोलो भानू कैसे हुआ बोलो भानू टाइगर पॉइंट टाइगर पॉइंट पे क्या भानू भानू ओह माय गॉड
78:00
Speaker A
ये तो मर चुका सर सर इसके मोबाइल में एक अनइडेंटिफाइड नंबर से मैसेज आया था। एक मिनट मैसेज एक काम करो। पता लगाओ कि ये नंबर है किसका? रघुनाथ जी की कंपनी में 20 साल पूरे काम किया हूं मैं।
78:36
Speaker A
फ्लोर मैनेजर था, प्रोडक्शन, लेबर मैं ही संभालता था। तो तुम्हें नौकरी से क्यों निकाल दिया मुकेश?
78:45
Speaker A
जी। सच तो यह है कि दोनों पार्टनर्स में यानी कि कुमार साहब और रघुनाथ जी के रिश्तों में दरार आ गई थी। दरार?
78:57
Speaker A
इस दरार की वजह क्या थी? जी वो कुमार साहब को लगा कि रघुनाथ जी उनके साथ कुछ धोखा कर रहे हैं। चोरी छिपे कुछ डीलिंग्स भी कर लेते हैं। और इसलिए कुमार ने तुम्हें रघुनाथ पर नजर रखने के लिए कहा।
79:13
Speaker A
हम जी हां। मैं रघुनाथ जी की हर खबर कुमार साहब को देता था। वो किससे मिलते हैं?
79:20
Speaker A
क्या डील करते हैं? क्या लेनदेन है? सब और जब रघुनाथ ने तुम्हें पकड़ लिया यह सब करते हुए तो उन्होंने तुम्हें काम से निकाल दिया। जी हां। और उसके ठीक एक साल बाद में कुमार जी और रघुनाथ जी ने अपनी पार्टनरशिप खत्म कर दी। जी हां ये तो होना ही था।
79:38
Speaker A
अच्छा वैसे इंस्पेक्टर विजय क्या जानना चाहते थे तुमसे? जी वो कुमार साहब के एक्सीडेंट के बारे में पूछने आए थे। जिनमें उनकी बच्ची और बीवी भी चली गई थी। और इंस्पेक्टर विजय को ऐसे लगता था कि ये एक्सीडेंट नहीं बल्कि एक मर्डर है।
79:57
Speaker A
और जब पार्टनरशिप रही नहीं तो मर्डर की भी बात नहीं आती। जी दोनों पार्टनर अलग भी इस तरह हुए जैसे रजामंदी नहीं थी। और फिर दोनों एक ही बिजनेस में कंपटीशन करने लगे। और वो भी इस तरह के जैसे एक दूसरे को बर्बाद कर देंगे।
80:13
Speaker A
और हां कुमार साहब की मौत के बाद सबसे ज्यादा तरक्की और फायदा रघुनाथ सेठ को हुआ। कुमार की मौत का सबसे ज्यादा फायदा हुआ रघुनाथ को। सबसे ज्यादा फायदा। इस कुमार फैमिली के एक्सीडेंट के सारे डिटेल्स निकालो। देखें तो सही कि क्या ये वाकई एक्सीडेंट
80:34
Speaker A
था या फिर? सर आपको क्या लगता है? कुमार की फैमिली की मौत के पीछे क्या रघुनाथ का हाथ था? कविन रघुनाथ को बिजनेस में कुमार से फायदा हुआ। इसका मतलब ये नहीं कि रघुनाथ ने ही कुमार को मारा होगा।
80:51
Speaker A
ओके थैंक यू सो मच। हां लेकिन क्या पता चला एक्सीडेंट के बारे में? सर मिस्टर कुमार हर रोज की तरह ऑफिस से घर पहुंचे। घर से वो लोग एक रिसोर्ट के लिए निकले। उनकी पत्नी ने एक सरप्राइज वेगेशन
81:04
Speaker A
प्लान किया था। क्योंकि अगले दिन मिस्टर कुमार का बर्थडे था। वो लोग उसी रिसोर्ट में बर्थडे सेलिब्रेट करने वाले थे। जब ये जा रहे थे इनका बच्चा भी इनके साथ में था और उसी दौरान ये एक्सीडेंट हुआ। किस्मत भी अजीब खेल खेलती है। जहां एक पल खुशियां थी
81:19
Speaker A
अगले ही पल मातम छा गया। सर लेकिन ये एक्सीडेंट हुआ कैसे होगा? गाड़ी का अचानक ब्रेक फेल हो गया। मिस्टर कुमार की गाड़ी की स्पीड बहुत तेज थी। वो गाड़ी को काबू में नहीं कर पाए और गाड़ी लुढ़ते-लुड़कते खाई में जा गिरी।
81:33
Speaker A
कार के ब्रेक्स अचानक फेल हो गए। अचानक। बड़ी अजीब बात है। सर गाड़ी बिल्कुल नहीं थी। मिस्टर कुमार ने एक हफ्ते पहले ही वो गाड़ी खरीदी थी। तो ब्रेक फेल होने का सवाल ही पैदा नहीं होता सर। वही तो सर ऐसा भी तो हो सकता है कि कुमार की ही
81:48
Speaker A
फैमिली के किसी मेंबर ने रघुनाथ की फैमिली से बदला लेने के लिए ये सब किया हो। कुमार परिवार की मौत के 20 साल बाद कौन बदला लेना चाहता है?
82:01
Speaker A
जहां पर एक्सीडेंट हुआ वहां पर मिस्टर एंड मिसेज कुमार की लाश मिली थी। बच्चे की लाश नहीं मिली। है ना? एक मिनट एक मिनट। क्या हुआ सर? गाड़ी घुमा लो। काविन पता चल गया ये खूनी कौन है। हेलो। हां, मैं पहुंच गया हूं 42 माइलस्टोन के पास। अब क्या करना है?
82:47
Speaker A
या पुल के नीचे? 42 माइलस्टोन की तरफ। अच्छा ठीक है। हेलो हां अब किधर आना है?
83:19
Speaker A
ये लेफ्ट राइट लेफ्ट राइट ये क्या लगा रखा है? पागल समझ रखा है क्या?
83:39
Speaker A
हेलो मुझे क्या पागल समझा है क्या? कब से इधर-उधर घुमा रही है? चुपचाप सामने आजा। नहीं तो मैं वापस चला जाऊंगा। इधर मेरा मुंह खुला और तुम जेल के अंदर। इसलिए जल्दी से सामने आ और मुझे मेरा रोकड़ा दे ताकि मैं जाऊं यहां से।
83:58
Speaker A
मैं जा रहा हूं। घबराओ मत अनुज। तुम्हारा पैसा पेड़ के पीछे रखा है। वाह रे वाह। क्या तकदीर है मेरी। तो जैसे सोने के अंडा देने वाली दो-तीन और मुर्गियां मिल जाए तो लाइफ सेट। कहां हो तुम?
84:29
Speaker A
तुम मेरी चिंता मत करो अनुज। वादे के मुताबिक ये तुम्हारी आखिरी पेमेंट है। अरे बेवकूफ सोने का अंडा देने वाली मुर्गी को कभी छोड़ता है कोई?
84:41
Speaker A
अनुज भूलो मत। तुमने वादा किया था। अरे एक ब्लैकमेलर की बात पे तुमने यकीन कर लिया। चलो थैंक यू। ये ये क्या कर रहे हो जो तुम तुम क्या समझते हो अनुज तुम मुझे ब्लैकमेल करते रहोगे और मैं सहती रहूंगी
85:10
Speaker A
हमसे उस्तादी बहुत भारी पड़ेगा तुमको शट अप यहां वही होगा जो मैं चाहूंगी सोचो अनुज अगर मैं तुम्हारा मर्डर ऑर्डर करवा दूं। तुम्हारे टुकड़े-टुकड़े करके चील कौों को डलवा दूं। तो यहां तो किसी को इस बात की हवा तक नहीं होगी।
85:31
Speaker A
जैसा तुमने अपनी फैमिली के साथ किया था। एक बात याद रखना जो आदमी शर्ट सिलवाता है वो उसके अंदर बटन की जगह भी छोड़ता है। अगर मैं मरा तो मेरा एक पैकेट सीआईडी को पहुंच जाएगा। और फिर तेरा डम डम डिगा डिगा।
85:48
Speaker A
जस्ट शट अप। तू क्या समझता है? तू झूठ बोलता रहेगा और मैं मानती रहूंगी। तुझ जैसा लालची इंसान अपने नुकसान के लिए कुछ नहीं करेगा। सीपी सर आप तो आखिर आपको पता चल ही गया। या या गो आ
86:44
Speaker A
उठ देखो इस प्यारी बिटिया को जिसने अपने ही माता-पिता का खून कर दिया। बताओ क्यों मारा तुमने अपने माता-पिता को? वो मेरे माता-पिता नहीं थे। उन्होंने सिर्फ मुझे गोद लिया था। मेरे असली पापा मिस्टर कुमार थे जिनकी मौत एक कार एक्सीडेंट में हुई और वो एक्सीडेंट रघुनाथ ने करवाया था
87:28
Speaker A
और अपने माता-पिता की मौत का बदला लेने के लिए तुमने रघुनाथ और उसकी बीवी को मारने का प्लान बनाया और उसके लिए तुमने भानु को पैसे भी दिए है ना हां और भानु ने उस काम को पूरा अंजाम दिया
87:43
Speaker A
उसके बाद तुमने भानु के हाथों विजय जी को मरवा दिया और फिर भानू को भी अपने रास्ते से हटा दिया। हां क्योंकि मैं अपने खिलाफ कोई कोई सबूत नहीं छोड़ना चाहती थी। सारे इल्जाम अनुज पर आ जाए। है ना?
87:58
Speaker A
और अनुज तुम जूही के घर पे रघुनाथ जी की हट रख के तुमने एक बंद केस को खोल दिया। चोर चोर मौसे रे भाई। वाह रे वाह। लेकिन एक बात याद रखना मुजरिम चाहे कितना भी चालाक हो उसका आखिरी ठिकाना तो जेल की चार दीवारी में भी होता है। अब जेल की
88:20
Speaker A
सलाखों के पीछे सड़ते बैठना फांसी का आर्डर आने तक। अटेंशन प्लीज लेडीज एंड जेंटलमैन मैं आप लोगों से कुछ कहना चाहती हूं। मैं आप लोगों का तहे दिल से शुक्रिया अदा करना चाहती हूं कि आप लोग मेरी प्यारी बहन
89:45
Speaker A
जैसमीन और मेरे सीधे साधे जीजू की शादी की सालगिरह में यहां उनकी खुशियां बांटने आए हैं। थैंक यू सो मच। अब क्योंकि दूल्हा दुल्हन को आने में थोड़ा सा वक्त लग रहा है तो आई रिक्वेस्ट यू ऑल कि आप लोग सब पार्टी का फुल ऑन मजा लीजिए।
90:03
Speaker A
जस्ट एंजॉय द पार्टी। ओके? अभी तो शादी को बस 2 साल हुए और पति पत्नी दोनों खुद की ही पार्टी से गायब। सोचा 10 साल के बाद क्या होगा?
90:14
Speaker A
प्लीज यार मेरे दीदी और जीजू की शादी को नजर मत लगाओ तुम। अरे यह भी तो हो सकता है ना कि वो आप सब मेहमानों से दूर कहीं अकेले में रोमांटिक पल बिता रहे हो। ना फ़ोन उठा रहे हैं ना कर रहे हैं। समझ ही नहीं आ रहा क्या करूं। पार्टी में ऐसे
90:51
Speaker A
अकेले जाने में मुझे बहुत अजीब लगेगा। नीचे सादा करके उन्हीं के दोस्त हैं। अरे अरे ये कैसी आवाज है? ये तो जैसमीन की आवाज है। जैसमीन जैसमीन दरवाजा खोलो। जसमीन दरवाजा खोलो जसमीन। कहीं उसे फिर से अस्थमा का
91:27
Speaker A
दौरा तो नहीं पड़ गया। ओ गॉड चश्मे करो। चश्मे चश्मे जोड़ दोस्ता ये क्या हुआ यहां पे? ये ये सब क्या है? हां ओह माय गॉड जैसमीन। लगता है किसी ने जजमेंट को किडनैप कर लिया है। जैसमीन ओह माय गॉड क्या करें?
91:57
Speaker A
हेलो सीआईडी काम करो कमरे का कोना कोना छानो और एक एक इंच ढूंढो देखो ओ कोई ना कोई सुराग तो मिलना ही चाहिए। हैं जाओ काम फिर से। क्या लगता है तुम्हें? जसमीन को कोई उठा के लेकर गया या फिर
92:43
Speaker A
नहीं सर। मुझे कुछ नहीं पता सर। मुझे कुछ नहीं पता। मुझे कुछ समझ में नहीं आ रहा। मुझे बहुत डर लग रहा है। आप प्लीज कुछ कीजिए ना सर। जसमीन के पति मानव वो कहां है? वो अहमदाबाद गया था एक बिज़नेस मीटिंग के
92:57
Speaker A
लिए। जसमीन और मानव साथ में शामिल होने वाले थे पार्टी में। पर पर मानव अभी तक आया क्यों नहीं? पता नहीं सर। वैसे आप मैं ललित मानव का दोस्त हूं। सर आका तो क्या मिला है? सर यहां पे खून के निशान मिले हैं खिड़की
93:18
Speaker A
पे इधर इस तरफ। खून के निशान तो हैं। हो सकता है ये खून जसमीन का ही हो। और फिर किडनैपर शायद जसमीन को इस खिड़की के रास्ते से ले गया होगा। और फिर हाथापाई में जसमीन को चोट आ सकती है। शायद ये खून इसीलिए जसमीन का भी
93:34
Speaker A
हो सकता है। सर सर ये देखिए कहने और पैसे ऐसे के ऐसे ही हैं। सर मतलब ये किडनैपिंग लूटपाट के इरादे से नहीं हुई। सर अगर ऐसा है तो इस किडनैपिंग की वजह क्या है? कोई ना कोई तो वजह जरूर है।
93:54
Speaker A
कोई ना कोई तो वजह जरूर है। कमिंग ये देखो। खून से सने उंगलियों के निशान। इससे तो बात पक्की होती है कि किडनैपर जसन को इसी रास्ते से ले गया। इसी रास्ते से। सर किडनैप करने वाला इन मेहमानों में से
94:13
Speaker A
कोई हो सकता है सर। पार्टी में इतने सारे लोग थे। किसी ने किडनैपर को देखा किसी ने?
94:18
Speaker A
वही तो किसी ने तो देखा होता। आप आप लोग हम पर शक कर रहे हैं। क्यों नहीं कर सकते? मुजरिम जो कोई भी है उसे इतना साफ-साफ मालूम था कि जैसमीन के कमरे में चुपचाप कहां से घुसा जा सकता है। सर आपको जो करना है कीजिए। लेकिन प्लीज
94:35
Speaker A
मेरी बहन को ढूंढ के लाइए प्लीज। मुझे बहुत डर लग रहा है। पता नहीं वो कहां कैसे हो गई। प्लीज उसे ढूंढ के लाइए। घबराइए मत। तुम्हारी बहन को हम सही सलामत वापस ले आएंगे। लेकिन एक बात याद रखना यहां जितने भी मेहमान हैं कोई इस घर से बाहर नहीं जाएगा
94:55
Speaker A
जब तक हम उन सबकी उंगलियों के निशान नहीं लेते। कोई नहीं जाएगा यहां से। यार इतनी खामोशी क्यों आ आ आ सर मोबाइल कंपनी से पता चला है कि मानो के फोन का आखिरी लोकेशन धान रोड में ड्रेस
98:50
Speaker A
हुआ है। उसके बाद से फोन बंद आ रहा है सर। तो कहीं जैसमीन के साथ मानो को भी तो किडनैप नहीं किया इस किडनैपर ने। सर इसका मतलब यह जो कोई भी है वो इन दोनों को जानता था। मतलब उसे पता था कि जैसमीन कहां मिलेगी और यह मानव कहां होगा?
99:06
Speaker A
है तो इन्हीं में से कोई कोई करीबी पर कौन कौन हो सकता है? इनमें से तो किसी के हाथ पर या शरीर पर कोई हाथापाई के या किसी चोट के या खरोच के निशान भी नहीं। कौन हो सकता है?
99:27
Speaker A
क्या हुआ ललित जी? हैं? आपका फोन बज रहा है। उठाइए। जी। किसका फोन है ललित जी? पता नहीं कोई लैंडाइन का नंबर है। कहीं ये किडनैपर्स का फोन तो नहीं। तो फिर बात कीजिए। जी हेलो खून लाशे। जैसमीन जैसमीन तुम हो कहां?
99:51
Speaker A
मेरी मेरी मदद कीजिए। मेरी मेरी जान को खतरा है। सर जैसमीन का फ़ है। बात करो। स्पीकर ऑन करो। ऑन करो ऑन। हेलो हेलो जसमीन। तुम हो कहां? आवाज नहीं आ रही सर। सर प्लीज मेरी बहन को बचा लीजिए सर। प्लीज पता नहीं वो पता नहीं वो किस हाल में
100:18
Speaker A
होगी। सर एक मिनट। प्लीज सर। दोबारा फ़ोन लगाओ। इसी नंबर पे क्या हुआ? सर फ़ोन लग नहीं रहा। लग नहीं रहा है। एक काम करो। देखो जैस्मन की जान को खतरा है। पता लगाओ ये फ़ कहां से आया था।
101:03
Speaker A
ओह माय गॉड इतने सारे चाकू और हर हर एक चाकू पर खून लगा हुआ है। ऐसा क्या हुआ यहां पे? अब समझ में आया। जसमीत की आवाज में इतना डर क्यों था? कहीं खूनी ने उसे भी अपना शिकार ना बना
101:38
Speaker A
लिया। देखो जितना ज्यादा खून यहां पर पड़ा हुआ है और इतने सारे चाकू और हर चाकू पर ये खून मुझे लगता है यहां पर एक से ज्यादा हत्या हुई है। यस एक मिनट ये क्या है सचिन वहां पर कुछ है चेक इट
102:17
Speaker A
कट कंच अरे कट कंच संभाल के थैंक यू सर आप लोगों ने मुझे बचा लिया वरना मेरी हड्डी पोटली छूट जाती थी शायद ये वही तहखाना है जिसके बारे में जसमीन ने हमें बताया था सर जरूर लाशें यहीं कहीं होंगी
102:31
Speaker A
हां सर तहखाना खरे का एक काम करो तहखाने में जा कर के देखो कुछ मिलता है लाशें या कुछ और करन तुम तारिका के साथ जाओ सर यहां पे तो कोई लाश नहीं। शॉप्स देना जरा। पंकज घर के बाहर वाले हिस्से में चेक करो। शायद जैसमीन वं कहीं छिपी बैठी हो।
104:05
Speaker A
खून का भी कोई निशान नहीं दिखाई दे रहा है। कहीं कोई दूसरा केमिकल तो नहीं इस्तेमाल किया। जरा प्लीज लेजर टॉर्च देना। सलूके साहब सारे के सारे चाकू बिलकुल नए लगते हैं। ऐसा लगता है जैसे खूनी ने जुर्म करने के इरादे से ही खरीदा था। नहीं नहीं सचिन ये
104:31
Speaker A
चाकू नए नहीं है। ये देखो इन चाकुओं पर अभी भी जंग लगी हुई है। दरअसल ये चाकू है पुराने खूनी ने हमें गुमराह करने के लिए इन्हें नया जैसा दिखाने की कोशिश की है। लेकिन इस तरह गुमराह करके मुजरिम पाना
104:51
Speaker A
क्या चाहता था? अगर इस कमरे में किसी केमिकल का इस्तेमाल किया गया है तो इस लेजर टॉर्च की रोशनी में वो हिस्सा नारंगी दिखाई देगा। ये क्या है?
105:23
Speaker A
बहुत सिरफिरा है दुशंत। अरे बात इन सभी चाकुओं पर जो ये खून लगा हुआ है ना ये खून असली खून है। हां सर लेकिन पता नहीं के इन सारे चाकुओं पे खून एक ही इंसान का है या फिर
105:39
Speaker A
अलग-अलग इंसान के। जिन्होंने यहां पे हमला किया। सबसे बड़ी बात यह है कि ये चाकू उस वक्त यहीं थे जब जैसमीन ने ललित को फोन किया था। अगर खूनी फरार हो गया था तो फिर वो अपने साथ ये चाकू क्यों नहीं लेकर गया?
105:52
Speaker A
सही कह रहे हो दुष्यंत। क्योंकि अगर खूनी को लाशें ठिकाने लगाने का वक्त मिला था तो फिर उसे ये हथियार भी यहां छोड़ने नहीं चाहिए थे। लाशें ठिकाने लगाने मतलब तहखाने में लाश नहीं मिली?
106:08
Speaker A
नहीं सर। नीचे लाशें तो नहीं थी। मगर एक अजीब तरह के दो केमिकल्स मिले हैं। ओह! टेस्ट करना बाकी है। इसका मतलब यह है कि जब लाशें देखकर जैस्मीन ने ललित को फोन किया। उस वक्त वो खूनी इसी फार्म हाउस में मौजूद था। आई जस्ट होप जैसमीन सही सलामत हो। दुष्यंत आप
106:30
Speaker A
लोग एक काम करो। आप लोग बाकी का फार्म हाउस अच्छी तरह से चेक करो। मैं तब तक यहीं पर एक टेंपरेरी फॉरेंसिक लैब बना लेता हूं। क्योंकि काफी सारे सबूत बिखरे पड़े हैं यहां पर। कहीं कोई सबूत खराब नहीं होना चाहिए।
107:24
Speaker A
कुछ पता चला है सर उनके साथ वो केमिकल का मिश्रण आगे रह गया हम पता तो चला है दुष्यंत लेकिन मैं यह सोच कर हैरान हूं कि उस केमिकल का यहां पर क्या कहा सर बताइए तो सही शायद हम किसी नतीजे में पहुंच सके।
107:43
Speaker A
तारिका को यहां पर जो केमिकल मिला है वो एक एंबालिक फ्लूइड है। फ्लूइड हां सचिन एक ऐसा तेल जो लाशों पर लगाया जाता है लाशों को सड़ने से रोकने के लिए। ये काम तो अक्सर फ्यूनरल होम्स वगैरह में होता है ना।
108:00
Speaker A
राइट? यू आर एब्सोलुटली राइट दुष्यंत। और यही सोच कर मैं परेशान हूं कि कोई आदमी इस तरीके का तेल लेकर के क्यों घूमेगा?
108:13
Speaker A
कोई खूनी लाशों को प्रिजर्व करने की कोशिश क्यों करेगा? शायद इसी वजह से जिस वजह से उसने इन सारे चाकुओं को नया दिखाने की कोशिश की ताकि हमें गुमराह कर सके पर मौत के सही वक्त का पता ना चले।
108:29
Speaker A
दैट्स अ पॉइंट सचिन। मुझे ऐसा लगता है कि जैसमीन ने जो लाशें देखी हैं हो सकता है कि वो लाशें आज की ना हो बल्कि बहुत पुरानी लाशें हो। एक्सक्टली तारिका यू आर अब्सोलुटली राइट। और मुझे लगता है खूनी जब लाशों को तहखाने
108:45
Speaker A
से बाहर लेकर के जा रहा था जरूर किसी ना किसी लाश का कोई ना कोई हिस्सा फर्श से रगड़ खा गया। और इसीलिए वो अंबाल में फ्लूइड फर्श पर लग गया। सर सर जल्दी चलिए। बाहर मार मिला है। जैसमीन
109:02
Speaker A
का पति बहुत घायल है। सर बाहर कहीं भी जैसमीन नहीं है। सर वहां वहां पर है मानव। निकालो उसे। मानव मानव किसने किया ये?
109:40
Speaker A
मानव मानव मानव उठो मानव आगे करो मानव इसकी हालत तो बहुत गंभीर है। इशिदा एंबुलेंस को फ़ करो जल्दी। यस सर। किसी ने बड़ी बेरहमी से मारा है इसे। ललित जैसमीन ने तुमसे मानव के बारे में कुछ कहा था।
109:56
Speaker A
नहीं वो तो खुद बहुत बुरी हालत में थी। शब्द तक नहीं निकल रहे थे उसकी जुबान से। शायद मानव यहां तब आया था जब जैसमीन को इधर से ले जाया जा रहा था। सर प्रॉब्लम्स 5 मिनट में आ रही है। ठीक है। चलो इसे बाहर गेट पे ले चलते हैं।
110:09
Speaker A
उठो सर साहब और कितना समय लगेगा? 2ाई घंटे हो गए हैं सर। सचिन रुको यार। फॉरेंसिक साइंस के एनालिसिस में वक्त लगता है। जानते हो ना तुम? एनीवे ये देखो हीमोग्लोबिन ट्रांसफॉर्मेशन के जरिए हमने पता लगा लिया है कि इस घर में जहां कहीं भी खून पड़ा हुआ था और जिन चाकू
110:33
Speaker A
पर खून लगा हुआ था वो खून दो दिन पुराना है। इसका मतलब यह है कि इस फार्म हाउस में गुनाह हुए पूरे दो दिन बीत चुके हैं। हां दुष्यंत इनमें से किसी भी खून का सैंपल फ्रेश नहीं है। और एक बात हर खून का
110:49
Speaker A
डीएनए अलग-अलग है। मतलब अलग-अलग लोगों के खून अच्छा सर ये कुल मिला के कितने डीएनए मिले हैं आपको?
110:58
Speaker A
सचिन जितने चाकू हैं सब पर अलग-अलग लोगों का खून है। इसका मतलब जितने चाकू हैं उतने ही लोगों के खून का डीएनए है। ये एक मुजरिम जरूर इस फार्म हाउस से पहले कभी आया होगा तभी उसको यहां के कोनेकोने का
111:35
Speaker A
पता है। पंकज पंकज पंकज पंकज पंकज पंकज देखो तुम पंकज पंकज आंखें खोलो। ओके, पंकज माइक गॉड, पंकज। हेलो, हेलो एम्बुलेंस। एक खोनी इस वक्त भी तो यहां मौजूद नहीं। छोड़ दो। छोड़ दो मेरे जैसमीन को। 120/80 जैस्मीन।
112:38
Speaker A
रुको। रुको एक घंटे के बाद इनको इंजेक्शन दे देना। डॉक्टर साहब कैसी तबीयत है मानव की? इनकी किस्मत अच्छी है। वह इंटरनल ब्रीडिंग नहीं हुआ। वरना बचना मुश्किल था। बात कर सकते हैं?
113:00
Speaker A
जी हां। अभी होश में आए हैं। कहां से? जैसमीन। जैसमीन मानो रुको मानो घबराओ मत जैसमीन को हम लोग कुछ नहीं होने देंगे तुम तुम जरा ठीक से याद करके बताओ कि फार्म हाउस में क्या हुआ था मेरी जान को खतरा था
113:32
Speaker A
और जैस्मीन की भी जान को खतरा किससे किससे था? कई कई दिनों से कुछ लोग मुझे फोन करके 55 करोड़ की मांग कर रहे थे और एनिवर्सरी की रात को भी मेरा पीछा कर रहे थे। मुझे क्या पता था? अगर मैं उनकी बात नहीं
113:56
Speaker A
मानूंगा तो वो मेरी जैसमीन को निशाना बनाएंगे। क्या? क्या तुम्हें पता था कि उन्होंने जैसमीन को फार्म हाउस में रखा हुआ है?
114:06
Speaker A
हां, क्योंकि जैसमीन ने मुझे वहां से फोन किया था मदद के लिए। हम उन लोगों का चेहरा याद है तुमको? हां हां सर। कौन थे वो लोग? मानो। कौन थे वो लोग? ओह नो। ज्यादा स्ट्रेस होने की वजह से यह
114:30
Speaker A
फिर से बेहोश हो गए हैं। हेलो क्या पंकज बेहोश हो गया? सर ये पंकज ठीक तो हो जाएगा ना। पर ये इसके गले में जो पिन लगा हुआ था ये क्या है? सचिन एक रिफ्लेक्स फ्रीजर है और इस पिन के
114:59
Speaker A
चुभने की वजह से पंकज अपने चलने फिरने हिलने डोलने की ताकत खो चुका है। ये टेंपरेरी पैरालिसिस हो चुका है इसे। वेल घबरा मत टेंपरेरी है। फिर भी सर इलाज तो है ना? मैंने कहा ना टेंपरेरी है। इसका असर
115:15
Speaker A
धीरे-धीरे अपने आप खत्म हो जाएगा। डोंट वरी सचिन। ये जो इंजेक्शन मैं रेडी कर रही हूं इससे पंकज तुरंत ठीक हो जाएगा। सर कैसी तबीयत है पंकज की? माच बेटा। मगर सर पंकज को ये सुई लगी तो लगी कैसे? दुष्यंत मुझे लगता है खूनी ने वहां उस तरफ
115:42
Speaker A
जरूर कोई ऐसा जुगाड़ फिट करके रखा है जिससे यह सुई उसने पंकज को मारी है। तुम लोग उधर चेक करो। जरूर कुछ मिलेगा। आई एम श्योर। जिस वक्त पंकज यहां नीचे गिरा वो यहां था। यानी कि सुई उसे यहीं आसपास से लगी है।
116:04
Speaker A
सुई पंकज को कॉलर बोन के ऊपर लगी है। वो भी आगे की तरफ से। मगर उसे वो दिखी नहीं। मतलब कि यहां से ये देखो ये ड्रर आधा खुला हुआ है। तो ये चक्कर है। इसका मतलब यह है कि जब पंकज ने ये ड्रर
116:29
Speaker A
खोला होगा तो इस पिस्टन के जरिए वो सुई उसे यहां लगी होगी और वो नीचे गिर गया। हम तो ये सारी की सारी प्लानिंग खोनी ने जैसमीन के लिए की थी। लेकिन फंस गया बेचारा पंकज। एक्साक्ट्ली। ये जैसमीन को अस्थमा अटैक
116:46
Speaker A
आया था ना। हम और जब किसी को अस्थमा अटैक आता है तो सबसे पहली चीज ढूंढता है वो पंप जो शायद इसी ड्रोन में होगा। ये रहा यानी हुआ कुछ ऐसा होगा कि जैसमीन को यहां लाया गया। और ये खून चाकू वगैरह देखकर उसे अस्थमा अटैक आया होगा। लेकिन ड्रर से यह
117:10
Speaker A
पंप निकालने की बजाय उसने ललित को फोन कर दिया। और वही मुजरिम की प्लानिंग उल्टी पड़ गई। हम और जैसमीन को यह पहले से ही पता था कि यह अस्थमा पंप इस ड्रर में रखा हुआ है। बिल्कुल। अब उन सभी लाशों के राज तक हमें
117:25
Speaker A
वो केमिकल ले जाएगा जिसका इस्तेमाल उन लाशों को प्रिजर्व करने के लिए किया जाता है। इंडियन मेडिकल ग्रुप से आए हैं। मुर्दा घर की जांच करनी है। क्या हुआ सर? क्या बात है?
117:38
Speaker A
बाद में बताएंगे। पहले जरा लाशें दिखाओ। लाशें क्यों देखनी है आपको? लाशें तो बिल्कुल ठीक हैं। ठीक है? तो फिर आप इतना टेंशन में क्यों आ गए हैं? नहीं तो हमें पक्की खबर मिली है। लाशों को बाहर ले जाया गया यहां से।
117:54
Speaker A
क्या बात कर रहे हैं सर आप? ऐसा कैसे हो सकता है? जरूर आपको किसी ने गलत बताया है। सर लाशें तो कब की वापस आ गई?
118:01
Speaker A
हम वापस आ गई। मतलब बाहर गई थी। देखा सर चोर की दाढ़ी में तिनका। देखो सब कुछ पूरी सच्चाई के साथ ठीक-ठीक बताओ। सीआईडी के सामने झूठ बोलना ठीक नहीं है। समझे? क्या सीआईडी? आप लोग सीआईडी से हैं?
118:21
Speaker A
जी हां। सच उगलवाने के लिए कभी-कभी ऐसे खेल खेलने पड़ते हैं। क्या चक्कर है ये?
118:28
Speaker A
हैं। साहब अब से तीन दिन पहले हम दोनों ने थोड़ी ज्यादा पी ली थी। मुर्दा घर में कोई आया और लाशें चुरा कर ले गया। लेकिन लाशें तो अगले दिन दोपहर को अपने आप ही वापस आ गई थी। नहीं इसके लिए हमने किसी को बताना जरूरी
118:46
Speaker A
नहीं समझा। अच्छा जरूरी नहीं समझा। हैं और ये लाश गले नहीं इसके लिए जो तेल लगाते हैं लाशों पे वो तुम लोग लगाते हो। नहीं साहब। नहीं सर। वो काम इन्हें कहां आता है? ये काम करने के लिए तो कुछ खास लोग होते हैं और कुछ खास दुकानें। ऐसी दो दुकान है इस इलाके
119:03
Speaker A
में। कौन-कौन सी दुकानें हैं? एक्सक्यूज मी। कहिए साहब किसकी मौत हो गई? मौत तो किसी की नहीं हुई। किसी की नहीं तो फिर आप यहां क्या करने आए?
119:35
Speaker A
सस्सी आईडी जी अच्छा ये बताओ कि आज से दो दिन पहले यहां से 25 कि.मी. दूर एक फार्म हाउस पे हमें काफी लाशें मिली है जिन्हें बाम किया गया था। यानी कि साफ सुथरा करके सजाया गया था जैसे कि तुम करते हो।
119:47
Speaker A
लेकिन लेकिन मैं तो किसी भी फार्म हाउस पर गया ही नहीं सर लाशों को सजाने। अगर आप नहीं गए थे तो फिर हो सकता है कि वो चोर जिसने मुर्दा घर से लाशें चुराई वो लाशें लेके तुम्हारे पास आया हूं। हां। मुर्दा घर से चुराई लाशें। लेकिन कोई
120:04
Speaker A
लाशें क्यों चुराएगा सर? ये तो अब आप बताएं। यहां तो आप ही रहते हैं। ये ये काम जरूर अशोक का होगा साहब। क्योंकि मेरे अलावा एक वही है जो लाशों को सजाने का काम करता है। अशोक को तो लकवा मार चुका है पर वो चल फिर नहीं सकता। और बचे सिर्फ तुम तो हो सकता
120:23
Speaker A
है कि यह काम तुम्हारा हो। नहीं साहब। मेरे और अशोक के अलावा यह काम एक और आदमी कर सकता है। कौन है वो?
120:33
Speaker A
ये वही चोर है साहब। जिसने 3 दिन पहले मेरी दुकान से लाशों को सजाने वाला तेल चुरा लिया। आइए सर मैं आपको बताता हूं उसने तेल कहां से चुराया? यहीं से चुराया उसने लाशों पे लगाने वाला तेल। ये तेल? किसने चुराया ये तेल? यही तो पता नहीं है साहब। अगर मुझे मालूम
120:58
Speaker A
चल जाए तो उसकी टंगड़ी तोड़ दूंगा मैं। एक मिनट एक मिनट। तेल के अलावा यहां से कुछ और भी चोरी हुआ क्या? पैसे वगैरह नहीं सर सिर्फ तेल यानी कि कोई ऐसा इंसान जिसका मकसद सिर्फ तेल चुराना था उन लाशों पर लगाने के लिए
121:14
Speaker A
और वो खुद ये काम जानता था है ऐसा कोई आदमी साहब मैंने यह कला तो सिर्फ केतन को सिखाई थी केतन कौन है ये केतन एक लड़का था मेरी दुकान पे काम करता था बहुत अच्छा था लेकिन पता नहीं कहां से उसे शराब पीने की लत लग गई साहब बस मजबूरी की
121:33
Speaker A
वजह से मैंने मैंने उसे नौकरी से निकाल दिया। अभी कहां मिलेगा ये किधर? पप्पू रोनाल्डो पता है रोनाल्डो उसकी तरह हवा में आऊंगा और बैकम्प की तरह गोल करूंगा। अब देखा देख तू पप्पू पप्पू देखा अरे कौन है भाई?
122:08
Speaker A
कौन है भाई तू? लगता है तेरा नशा बहुत हो गया। उतारना पड़ेगा। ए ये क्या कर रहे हैं आप? तेरा नशा उतार रहे हैं। क्यों भाई? अभी-अभी तो चढ़ी है। उतार क्यों रहे हैं?
122:30
Speaker A
क्योंकि सीआईडी के गोल करने का तरीका तुझे सिखाना है। सीआईडी हां सीआईडी बता। लाश को प्रिजर्व करने का तेल किसके लिए चुराया था? बताता हूं। बताता हूं साहब। दो लगती है साहब। मुझे मैट्रिक बार में मिले थे। वो कह रहे थे कि
122:47
Speaker A
अगर तुम हमारे लिए तेल चुराओगे और लाश को प्रिजर्व करोगे तो हम हर बार तुम्हारे शराब का बिल देंगे साहब। नाम नंबर एड्रेस कुछ है उनका। हे साहब एक मिनट देखता हूं। मिर्चू रुक जाओ। ए कौन हो तुम लोग? यहां आने की हिम्मत कैसी करी तुम लोगों
124:34
Speaker A
ने? हिम्मत तो सीआईडी को फ्री में मिलती है। सीआईडी हां सीआईडी ऐसा जुर्म करके सीआईडी से बच सकते हो। ओह माय गॉड ये तो जास्म है। बच्चे अच्छे नहीं भाग पाए इसी से। तू भागेगा। अब बताओ एक मासूम की जान लेकर क्या मिला तुम दोनों को?
125:22
Speaker A
हमारी कोई आपसे दुश्मनी नहीं थी सर। हमने सिर्फ उसे पैसे के लिए मारा है। किसने दिए तुम्हें वो पैसे? बोलो। ऑपरेशन इज सक्सेसफुल। पेशेंट को स्पेशल वार्ड में लेके जाओ। ओके। आपने तो कमाल ही कर दिया मैडम। वैसे इस पेशेंट की बचने की कोई उम्मीद ही नहीं थी।
126:03
Speaker A
कमाल तो करना ही था। आखिर शहर की नामी गिरामी आर्ट सर्जन तो कह रहे हैं आप। आप लोग सीआईडी सीआईडी क्या बात है सर? वो क्या है कि हमें एक ऐसे सर्जन की जरूरत है। सीआईडी वाले किसी सर्जन को ढूंढ रहे हैं?
126:22
Speaker A
किसी सर्जन को नहीं। हम इसी सर्जन को ढूंढ रहे हैं। मेरी तलाश लेकिन मैंने क्या किया है?
126:38
Speaker A
गुनाह किया है तुमने। गुनाह। चलो। हां। मैंने इन दोनों से कहा था जैसमीन को किडनैप करने के लिए। मगर क्यों?
126:50
Speaker A
पैसों के लिए। 55 करोड़ की मांग रखने के लिए। तुम्हें पैसों की क्या जरूरत? तुम्हारा तो सर्जन का करियर भी अच्छा खासा चल रहा है। फिर अपनी बहन के साथ ऐसा क्यों किया तुमने?
127:03
Speaker A
क्योंकि मुझे और पैसे चाहिए थे। हां ये पैसे कितने भी हो कम ही होते हैं ना। ओ तो तुम मानती हो कि पैसों के लालच ने तुमसे ये गुनाह करवाया। हां पैसों के लिए जैसमीन को किडनैप किया तुमने।
127:22
Speaker A
फिर मानव को धमकी भरे फोन करने बंद क्यों कर दिए? देखिए प्लीज आप लोग मुझसे और सवाल मत पूछिए। मेरा सर पहले से बहुत दर्द हो रहा है। प्लीज आप मुझे और सवाल मत पूछिए। मैंने अपना गुनाह कबूल कर लिया है ना? तो आपको मुझे जो सजा देनी है आप दे दीजिए।
127:44
Speaker A
लेकिन प्लीज मुझसे और सवाल मत पूछिए प्लीज। तुम्हारे सर दर्द की दवाई मेरे पास है। दूं?
127:50
Speaker A
लेकिन मैं आपको और क्या बताऊं? मैंने सब कुछ तो आपको बता दिया है ना। मैं आपको और क्या बताऊं? मानव को जिंदा क्यों छोड़ा तुमने?
128:00
Speaker A
क्योंकि अगर उसे मार देती तो पैसे कौन देता? और वो ड्रार में जो पिन थी उसका क्या चक्कर है? किसने लगाया था वो?
128:11
Speaker A
क्या नाम है उसका? वो उसका ना सर आप लोग यहां अनुष्का कहीं जेल से भाग तो नहीं गई?
128:46
Speaker A
सीआईडी के हाथों से आज तक कोई खुद ही भागा नहीं और कभी भागेगा भी नहीं। तो फिर आप लोग यहां आप लोग यहां कैसे? दो दो सवाल पूछने हैं। सवाल कैसे सवाल है? सवाल नंबर एक अगर बिरजी और कालिया ने
129:04
Speaker A
जसमीन को अपने कमरे में से किडनैप किया तो फिर वहां पर जो खून मिला था वो उन दोनों का क्यों नहीं? सर शायद ऐसा हो सकता है कि उन्होंने किसी और को भेजा हो जैसमीन को उठाने के लिए। हां किसी और को भेजा होगा।
129:21
Speaker A
सवाल नंबर दो अगर खूनी ने वो जहरीला पिन उस डोर में लगाया था जसमीन के लिए उसे यह कैसे पता था कि जैसमीन आकर वो डोर खोलेगी ही खोलेगी ये तो कोई अंदर का ही आदमी कर सकता है ना तो फिर बताओ कौन हो सकता है वो
129:39
Speaker A
सर वो मैं एक्चुअली मैं आपको बताना भूल गया मुझे ललित पे शक है ललित का नाम लेने से कोई फायदा नहीं है क्योंकि क्योंकि जसमीन को तुमने मारा है। सर मैंने मैं भला अपनी बीवी को क्यों मारूंगा? ये ये सब झूठ है। मैंने अपनी
129:56
Speaker A
बीवी को नहीं मारा। जैसमीन के कमरे में जो खून मिला है वो तुम्हारा ही है मानव। वो खून तुम्हारा है। हां। और सीआईडी को तुम्हारे बारे में सब कुछ मैंने बताया। समझे? तो तुम सबका खत्म होगा। हट जाओ यहां से।
131:15
Speaker A
क्या लगा तुम्हें कि अनुष्का की बेटी को किडनैप करके उससे सारे अपने गलत काम करवाने से सारे उल्लम उस मुझ पर जाएंगे। तो अनुष्का ने जब अपना बयान दिया ना तभी हम समझ गए कि अनुष्का सच छुपा रही है। बस ये एक-एक गलती कर बैठा मैं। जैसमीन को
131:37
Speaker A
मारा मेरी मजबूरी थी। उसकी असमय बीमारी से मैं तंग आ गया था। छुटकारा पाना चाहता था उससे मैं। अगर उसकी जगह तुम्हें ऐसी कोई बीमारी होती तो क्या उसे तुम्हारे साथ ऐसे ही करना चाहिए था?
131:53
Speaker A
टेंशन की वजह से जसमीन का अस्थमा बढ़ता है। ये तुम्हें पता था और तुमने उसका गैर फायदा लिया। तुम उसे फार्म हाउस ले गए। फिर मैंने उसे नींद की गोली देकर सुला दिया। और सोचा जब वो सुबह उठेगी तो लाश और
132:11
Speaker A
खून देकर उसका अस्थमा भर जाएगा। और जैसे ही वो अपना पंप निकालने डोर खोलेगी उसे जहरीली पिंड छुप जाएगी मगर वो बच गई और फिर मैंने उसे रखा ओवरडोज देकर खत्म कर दिया लानत है तुम पर मानव लानत है अपनी पत्नी से छुटकारा पाने के लिए तुमने
132:38
Speaker A
उसका खून कर दिया तुम्हें जीने का कोई हक नहीं कोई भी हक नहीं। कानून तुम्हें बराबर सजा देगा। फॉर मोर अपडेट्स सब्सक्राइब टू आवर चैनल। क्लिक द शो लिंक्स एंड एंजॉय वाचिंग द वीडियोस।
Topics:सीआईडीराइसिन जहरमर्डर मिस्ट्रीगायब लोगइलेक्ट्रॉनिक स्टोरजांचप्रमोदमाइक्रोपिन कैमरामुंबईक्राइम थ्रिलर

Frequently Asked Questions

राइसिन जहर क्या है और यह कैसे काम करता है?

राइसिन एक बहुत खतरनाक जहर है जो बहुत जल्दी शरीर में असर करता है। यह चाय की चुस्की जितनी मात्रा में भी हो, शरीर को अंदर से नुकसान पहुंचाता है और इंटरनल ब्लीडिंग शुरू कर देता है।

मृतकों और गायब लोगों के बीच क्या संबंध है?

मृतक घनश्याम और चंद्रा एक ही कंपनी के कर्मचारी थे और गायब लोग भी संभवतः इसी मामले से जुड़े हैं। सीआईडी को लगता है कि इनके बीच कोई गहरा कनेक्शन है।

मौत के समय घर के दरवाजे और खिड़कियां बंद होने के बावजूद जहर कैसे पहुंचा?

दरवाजे और खिड़कियां बंद होने के कारण बाहरी व्यक्ति का प्रवेश असंभव था। इसलिए जहर अंदरूनी तरीके से दिया गया होगा, जो जांच का मुख्य फोकस है।

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