**US Israel Iran War is Making Billionaires and You’re Paying For It — Transcript & Summary | SozAI**
Source: https://sozai.app/transcript/us-israel-iran-war-billionaires-paying/

ईरान-इजराइल-अमेरिका युद्ध में अरब देशों और हथियार कंपनियों के वित्तीय हितों का खुलासा। आम जनता को भारी आर्थिक बोझ उठाना पड़ रहा है।

## Key Takeaways

- युद्ध के पीछे अरब देशों और हथियार कंपनियों के वित्तीय हित हैं।
- ट्रम्प प्रशासन के अंदर भी युद्ध को लेकर नैरेटिव विवादित था।
- हथियार कंपनियों और लॉबिंग नेटवर्क युद्ध को बढ़ावा देते हैं।
- युद्ध से आम जनता को महंगाई और आर्थिक बोझ झेलना पड़ रहा है।
- एआई और क्रिप्टो कंपनियां भी युद्ध से लाभान्वित हो रही हैं।

## What the video covers

- ईरान और अमेरिका के बीच युद्ध की असली वजहों में अरब देशों की सैन्य और आर्थिक हित शामिल हैं।
- सऊदी अरब और यूएई ने जारेड कुश्नर के प्राइवेट इक्विटी फंड में भारी निवेश किया है जो इजराइल की हथियार कंपनियों से जुड़ा है।
- ट्रम्प प्रशासन के अंदर भी इस युद्ध को लेकर नैरेटिव में बदलाव और विवाद देखने को मिला।
- हथियार निर्माता कंपनियां जैसे लॉकहीड मार्टिन, बोइंग, जनरल डायनामिक्स आदि युद्ध से भारी लाभ उठा रही हैं।
- डिफेंस लॉबिंग और रिटायर्ड जनरलों का हथियार कंपनियों में जाना युद्ध को बढ़ावा देने वाला एक बड़ा कारण है।
- पैलेन्टियर जैसी एआई कंपनियां भी युद्ध से जुड़े बड़े ठेके पा रही हैं और उनका स्टॉक तेजी से बढ़ रहा है।
- युद्ध के कारण तेल की कीमतों में भारी वृद्धि हुई है, जिससे आम जनता को महंगाई का सामना करना पड़ रहा है।
- ट्रम्प परिवार के ड्रोन और क्रिप्टो व्यवसाय भी युद्ध से जुड़े वित्तीय लाभ उठा रहे हैं।
- इस युद्ध में अरब देशों के आर्थिक निवेश और हथियार कंपनियों के मुनाफे के बीच गहरा संबंध है।
- आम जनता युद्ध के आर्थिक बोझ को सीधे भुगत रही है, खासकर ऊर्जा और परिवहन लागत में वृद्धि के कारण।

Answers

## Questions about this video

वीडियो के अनुसार, ईरान पर हमले के लिए कौन लॉबी कर रहा था?

वीडियो के अनुसार, सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान (MBS) ने कथित तौर पर राष्ट्रपति ट्रंप से ईरान पर हमला करने का आग्रह किया था। सऊदी अरब ईरान को अपना शीर्ष क्षेत्रीय प्रतिद्वंद्वी मानता है और उसकी बढ़ती सैन्य क्षमताओं से चिंतित था।

अमेरिकी खुफिया विभाग ने ईरान के बारे में कांग्रेस को क्या बताया था?

अमेरिकी खुफिया विभाग ने कांग्रेस को निजी तौर पर बताया था कि ईरान किसी हमले की योजना नहीं बना रहा था और कोई आसन्न खतरा नहीं था। अमेरिकी सीनेटर मार्क वार्नर ने भी सार्वजनिक रूप से कहा था कि उन्हें इस बात का कोई सबूत नहीं मिला कि ईरान अमेरिका पर हमला करने वाला था।

जारेड कुश्नर का इस युद्ध के फैसले से क्या संबंध था?

जारेड कुश्नर, जो ट्रंप के दामाद हैं, एक निजी इक्विटी फंड 'एफिनिटी पार्टनर्स' चलाते हैं। सऊदी अरब के पीआईएफ ने इस फंड में 17,000 करोड़ रुपये का निवेश किया था, जिसे मोहम्मद बिन सलमान ने व्यक्तिगत रूप से ओवररूल करके मंजूरी दी थी। वीडियो के अनुसार, कुश्नर खाड़ी के पैसे और युद्ध के फैसले के बीच एक पुल का काम कर रहे थे।

## Full Transcript — Download SRT & Markdown

00:00

Speaker A

पूरी दुनिया की अटेंशन एक वॉर पे टिकी है।

00:06

Speaker A

पूरी दुनिया को लग रहा है कि दो पावर्स के बीच में ये लड़ाई हो रही है और सबको लग रहा है कि वो एक बॉक्सिंग मैच देख रहे हैं।

00:12

Speaker A

बट इन रियलिटी समथिंग एल्स माइट बी गोइंग ऑन सबसे इंपॉर्टेंट सवाल पूछने लायक ये है कि कौन इस वॉर के लिए लॉबी कर रहा था और अगर उसका फायदा हुआ है या नहीं हुआ है।

00:18

Speaker A

ऑफिशियल स्टोरी ये है कि ईरान वाज अ थ्रेट, अमेरिका हैड टू एक्ट।

00:21

Speaker A

बट यूनाइटेड स्टेट्स इंटेलिजेंस ने कांग्रेस को प्राइवेटली बोला कि ईरान वाज नॉट प्लानिंग अटैक, अटैक इमिनेंट नहीं था।

00:28

Speaker A

अमेरिकन सेनेटर मार्क वार्नर (D-VA), द टॉप डेमोक्रेट ऑन द इंटेलिजेंस कमिटी हु रिसीव्स क्लासिफाइड ब्रीफिंग्स, पब्लिकली उन्होंने कहा, आई सॉ नो एविडेंस दैट ईरान वाज ऑन द वर्ज ऑफ स्ट्राइकिंग अमेरिका, ये इनका ये इनका इनिशियल नैरेटिव था।

00:39

Speaker A

इनके ट्रंप के अपने खुद के ऑफिशियल्स रिजाइन कर रहे हैं क्योंकि वो इस वॉर को मोरली जस्टिफाई नहीं कर पा रहे।

00:46

Speaker A

ट्रंप हैड ऑलरेडी डिक्लेयर्ड इन 2025 दैट कि जो कि पिछले साल की 2025 की स्ट्राइक्स में ईरान का पूरा का पूरा न्यूक्लियर कैपेबिलिटी ऑब्लिटरेट हो गया है बट अगर वो ऑब्लिटरेट हो गया है तो कोई इमिनेंट थ्रेट होना चाहिए।

00:58

Speaker A

देयर शुड बी नो इमिनेंट थ्रेट एंड देन लेटर ट्रंप चेंज्ड हिज नैरेटिव्स।

01:01

Speaker A

ही सेड बेस्ड ऑन व्हाट स्टीव एंड जारेड एंड पीट वर टेलिंग मी।

01:07

Speaker A

अब ये स्टीव, जारेड और पीट कौन हैं?

01:08

Speaker A

ये हैं असली प्लेयर्स।

01:10

Speaker A

स्टीव विटकॉफ, ही इज द मिडिल ईस्ट एनवॉय।

01:13

Speaker A

जारेड कुश्नर इज अ सन इन लॉ।

01:15

Speaker A

पीटर हेगसेथ, दिस इज द सेक्रेटरी ऑफ वॉर।

01:18

Speaker A

ये क्या कह रहे थे और ये क्यों कह रहे थे?

01:21

Speaker A

लेट्स जस्ट फॉलो द मनी।

01:22

Speaker A

द कंट्री दैट वांटेड दिस वॉर।

01:24

Speaker A

वॉशिंगटन पोस्ट ने रिपोर्ट करा सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान (MBS) रिपोर्टेडली अर्ज्ड प्रेसिडेंट ट्रंप टू अटैक ईरान।

01:30

Speaker A

ईरान इज अ टॉप रीजनल राइवल ऑफ सऊदी अरेबिया।

01:34

Speaker A

एंड MBS हैड बिकम कंसर्न्ड अबाउट ईरान्स ग्रोइंग मिलिट्री कैपेबिलिटीज।

01:38

Speaker A

सऊदी अरेबिया का बिगेस्ट राइवल इज ईरान।

01:41

Speaker A

सीएनएन रिपोर्ट करता है कि यूएई ऑल्सो वाज डूइंग द सेम थिंग।

01:44

Speaker A

इन दोनों कंट्रीज को ईरान से दुश्मनी है, ये ईरान को कमजोर देखना चाहते थे।

01:48

Speaker A

अब दिस इज द पार्ट दैट एक्चुअली डिस्टर्ब्स यू।

01:51

Speaker A

दिस इज वेयर ट्रंप्स फैमिली कम्स इन टू द पिक्चर।

01:53

Speaker A

जारेड कुश्नर वाज सपोज्ड टू बी द पीस एनवॉय।

01:56

Speaker A

ही एंटर्स द पिक्चर नाउ।

01:57

Speaker A

लिसन केयरफुली एट व्हाट हैपेंस।

01:59

Speaker A

ही इज द ब्रिज बिटवीन गल्फ मनी एंड दिस वॉर डिसीजन।

02:02

Speaker A

जारेड कुश्नर एक प्राइवेट इक्विटी फंड रन करते हैं बाय द बाय द नेम ऑफ एफिनिटी पार्टनर्स।

02:07

Speaker A

एफिनिटी पार्टनर में सऊदी अरेबिया के फंड ने पीआईएफ ने 17000 करोड़ डाले।

02:13

Speaker A

दैट इज मोर देन द एनुअल रेवेन्यू ऑफ मोस्ट इंडियन लिस्टेड कंपनीज एंड दे वर गिवन टू वन मैन।

02:18

Speaker A

सऊदी अरेबिया की अपनी स्क्रीनिंग कमिटी ने इसको पहले रिजेक्ट किया बट मोहम्मद बिन सलमान ने पर्सनली ओवर रूल करके ये इन्वेस्टमेंट करी।

02:24

Speaker A

सऊदी अरेबिया इज पेइंग जारेड कुश्नर 58 लाख रुपीस एवरी डे इन मैनेजमेंट फी अलोन।

02:30

Speaker A

200 करोड़ रुपए से ज्यादा इनको दिए जा चुके हैं।

02:34

Speaker A

द यूएई ऑन द अदर हैंड पुट अनदर 1700 करोड़।

02:38

Speaker A

एंड इट गेट्स मोर इंटरेस्टिंग।

02:40

Speaker A

तो सऊदी अरेबिया और यूएई की तो ये इन्वेस्टमेंट हो गई।

02:44

Speaker A

अब कुश्नर का जो फर्म है, इट हैज़ फाइनेंशियल टाइज टू एल्बिट सिस्टम्स।

02:47

Speaker A

एल्बिट सिस्टम्स इज इजराइलस बिगेस्ट वेपन कंपनी।

02:50

Speaker A

जब से वॉर स्टार्ट हुआ इनके स्टॉक्स 45% ऊपर जा चुके हैं।

02:54

Speaker A

ऑलरेडी स्टॉक होल्डर्स हैव बिकम मिलियनेयर्स।

02:56

Speaker A

सो द कंट्रीज हु आर पेइंग कुश्नर करोड्स वांटेड ईरान अटैक।

03:00

Speaker A

कुश्नर इज वन ऑफ द पीपल जिसने ट्रंप को अटैक करने पे कन्विंस किया।

03:04

Speaker A

और जैसे ही वॉर स्टार्ट हुई कुश्नर ने एक और 42500 करोड़ मोर ही स्टार्टेड टू रेज।

03:12

Speaker A

42500 करोड़ इज वन थर्ड ऑफ इंडियाज एंटायर एजुकेशन बजट दैट इज बीइंग रेज्ड बाय वन मैन।

03:18

Speaker A

बट ये तो दिस इज जस्ट द टिप ऑफ द आइसबर्ग।

03:20

Speaker A

सऊदी अरेबिया का फंड है, उन्होंने लगभग 6000 करोड़ ट्रंप की ऑर्गेनाइजेशन में।

03:23

Speaker A

होटल्स में, गोल्फ कोर्सेज में, 500 लग्जरी मेंशंस में इन्वेस्ट करे।

03:29

Speaker A

कतर ने एक और 3400 करोड़ रुपए का बोइंग 747 गिफ्ट किया ट्रंप को टू रिप्लेस एयर फोर्स वन।

03:35

Speaker A

कंट्रीज लॉबिंग फॉर वॉर वर कॉन्स्टेंटली गिविंग हिम गिफ्ट्स एंड सम सम सॉर्ट ऑफ मनी ट्रांसफर वाज हैपनिंग।

03:40

Speaker A

बट इट गेट्स इवन मोर इंटरेस्टिंग।

03:42

Speaker A

ट्रंप के बेटे एरिक एंड डॉन जूनियर मर्ज देयर कंपनी विद अ ड्रोन टेक फर्म।

03:49

Speaker A

बिल्डिंग ड्रोन बिजनेसेस व्हाइल देयर फादर वाज वेजिंग अ ड्रोन वॉर।

03:52

Speaker A

ट्रंप की फैमिली इज इन्वॉल्व्ड इन द क्रिप्टो बिजनेस।

03:55

Speaker A

दे हैव फाउंडेड द वर्ल्ड लिबर्टी फाइनेंशियल व्हिच इज अ क्रिप्टो कंपनी।

04:00

Speaker A

को-फाउंडर इज हू?

04:01

Speaker A

स्टीव विटकॉफ।

04:02

Speaker A

द सेम स्टीव विटकॉफ जिसे जस्ट मेंशन द सेम पीस एनवॉय हु नेगोशिएटेड विद ईरान एंड दैट देन दैट नेगोशिएशन कन्वीनिएंटली फेल्ड एंड देन द बॉम्बिंग स्टार्टेड।

04:09

Speaker A

द यूएई इन्वेस्टेड 17000 करोड़ इन दिस क्रिप्टो बिजनेस थ्रू बाइनेंस।

04:14

Speaker A

एंड देन ट्रंप पार्डंड द बाइनेंस फाउंडर।

04:17

Speaker A

तो अगर आपको ये सारी की सारी इंफॉर्मेशन से कुछ समझ में आ रहा है तो आपको कंक्लूजन वही निकालना चाहिए जो कोई भी एक लॉजिकल इंसान निकालेगा।

04:23

Speaker A

सऊदी अरेबिया कुश्नर को पैसे देता है, इन्वेस्ट करता है उसके फंड में।

04:28

Speaker A

वो फंड एल्बिट सिस्टम्स इजराइल में जाते हैं सो देयर दिस दिस दीज आर द पार्टीज दैट आर बेनिफिटिंग द मोस्ट मॉनिटरली।

04:33

Speaker A

इसमें कोई डाउट नहीं है।

04:34

Speaker A

और ये अभी अभी की बात नहीं है, ये पहले से चल रहा था।

04:37

Speaker A

अब दूसरी पार्टी जो बेनिफिट करती है, ऑब्वियस है।

04:40

Speaker A

बट उतना ऑब्वियस नहीं है जितना आप सोचते हो।

04:42

Speaker A

ऑफ कोर्स द वेपन्स मैन्युफैक्चरर।

04:43

Speaker A

वेपन्स मैन्युफैक्चरर्स आर द वेल वन ऑफ द वेल्दिएस्ट पीपल, वन ऑफ द वेल्दिएस्ट फर्म्स इन द वर्ल्ड।

04:49

Speaker A

पांच हैं टोटल ग्लोबल वेपन मैन्युफैक्चरर जो डोमिनेट करते हैं।

04:53

Speaker A

लॉकहीड मार्टिन, रेथियन, बोइंग, जनरल डायनामिक्स और नॉर्थरोप ग्रुमैन।

04:58

Speaker A

2020 से 2024 तक इन पांच फर्म्स को पेंटागन ने 28 करोड़ रुपए।

05:04

Speaker A

अगर एक टोमोहॉक मिसाइल बिकती है जो कि जो कि 17 करोड़ की है।

05:10

Speaker A

17 करोड़ में 17 अपार्टमेंट खरीद सकते हो आप।

05:12

Speaker A

एक टोमोहॉक मिसाइल मिलती है तो उसका लॉन्चर भी साथ में बिकता है, रेडार सिस्टम्स, एनुअल सॉफ्टवेयर अपडेट्स, एनुअल मेंटेनेंस कॉन्ट्रैक्ट्स और सोल्जर्स की ट्रेनिंग जो उसको ऑपरेट करेंगे।

05:20

Speaker A

मोनोपोली के स्पेयर पार्ट्स एंड व्हेन यू फायर इट देन द रिप्लेसमेंट।

05:23

Speaker A

तो एक डील मिल जाने का मतलब रेकरिंग रेवेन्यू होता है।

05:25

Speaker A

एक थाड इंटरसेप्टर जो कि एक 108 करोड़ का है जिसमें इंडिया में पांच गवर्नमेंट हॉस्पिटल्स बन सकते हैं।

05:30

Speaker A

द यूएस हैज फायर्ड 92 इन वन कॉन्फ्लिक्ट दैट इज मोर देन वन इयर्स प्रोडक्शन।

05:34

Speaker A

और दे आर नॉट एबल टू क्रिएट देम इनफ।

05:36

Speaker A

हम जानते हैं कैसे ईरान के शाहेद ड्रोन इस मैथ्स को अपने फेवर में करके 15-20 लाख रुपए का एक ड्रोन।

05:43

Speaker A

एक करोड़ के इंटरसेप्टर को यूटिलाइज करके इस इस इन इन नंबर को लाता है।

05:46

Speaker A

बट सवाल ये है कि और हमको ऐसा लगता है कि एक साइड पैसे दे रही है बट हम ये नहीं पूछते हैं कि ये जो मैथ है ये मैथ पॉलिटिकली खुद के लिए पे करती है।

05:53

Speaker A

डिफेंस कंपनीज, दिस इज वेयर एक्चुअल सिस्टेमिक करप्शन ऑफ द वर्ल्ड कम्स इन टू द पिक्चर।

05:58

Speaker A

लॉबिंग।

05:59

Speaker A

डिफेंस कंपनीज स्पेंड 4.45 करोड़ एवरी सिंगल डे लॉबिंग विद पॉलिटिशियंस टू बाय मोर वेपन्स।

06:04

Speaker A

700 लॉबीस्ट्स हैं अमेरिका में।

06:06

Speaker A

दैट इज मोर देन देयर कांग्रेसमैन, एक कांग्रेसमैन के लिए एक से ज्यादा लॉबीस्ट है।

06:10

Speaker A

80% से ज्यादा जो आर्मी के फोर स्टार रिटायर्ड जनरल्स होते हैं अमेरिकन नेवी में, अमेरिकन आर्मी में।

06:16

Speaker A

80% फोर स्टार जनरल्स अल्टीमेटली वेपन कंपनीज में जा के रिक्रूट होते हैं।

06:20

Speaker A

द पेंटागन लिटरली स्पेंड्स।

06:22

Speaker A

तीसरे बेनिफिशियरी जो कि अब इस दुनिया के सबसे बड़े ओलिगार्क्स बन चुके हैं।

06:27

Speaker A

ऑलरेडी दे आर देयर।

06:28

Speaker A

दे आर एआई कंपनीज।

06:30

Speaker A

पर्टिकुलरली इन दिस केस पैलेंटियर।

06:32

Speaker A

पीटर थील की कंपनी है पैलेंटियर।

06:34

Speaker A

पैलेंटियर पैलेंटियर को 85000 करोड़ का आर्मी कॉन्ट्रैक्ट मिला।

06:38

Speaker A

85000 करोड़।

06:39

Speaker A

स्टॉक्स आर अप 12% और एस्टीमेट ये है कि 40% अप होंगे अगर ये वॉर लंबा चलता रहा तो।

06:43

Speaker A

सो द ऑब्वियस क्वेश्चन इज हु इज बेनिफिटिंग एंड हु इज नॉट।

06:48

Speaker A

आई मीन यू शुड रियलाइज दैट ऑल इन्वेस्टर्स विल बी इंटरेस्टेड कि स्टॉक तो बढ़ना ही चाहिए ना।

06:52

Speaker A

मार्केट कैप इज बिगर देन एवरी इंडियन आईटी कंपनी एक्सेप्ट टीसीएस एंड इंफोसिस।

06:57

Speaker A

ट्रंप्स ओन संस हैव इन्वेस्टेड इन ड्रोन टेक्नोलॉजी दैट बिकम्स मोर वैल्यूएबल विद एवरी बैटल।

07:02

Speaker A

यूक्रेन इज ओपनिंग रियल बैटलफील्ड ड्यू टू पूरा का पूरा वॉर उसकी सारी की सारी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की हॉर्स पावर।

07:08

Speaker A

पैलेंटियर प्रोवाइड कर रहा है एंड द लेवल ऑफ डिस्ट्रक्शन एंड द लेवल ऑफ डेटा दे आर एक्यूमलेटिंग इज स्टुपेंडस।

07:14

Speaker A

सिर्फ अमेरिकन सिटीजंस और उनके फ्यूचर डेट की बात नहीं है।

07:17

Speaker A

यू आर एक्चुअली पेइंग फॉर द वॉर टू।

07:21

Speaker A

यू एंड आई आर पेइंग फॉर द वॉर।

07:23

Speaker A

एंड डू यू नो हाउ हाउ इज दैट?

07:24

Speaker A

एंड डू यू नो हाउ दैट इज?

07:25

Speaker A

ऑफ कोर्स एनर्जी।

07:26

Speaker A

द मिडिल ईस्ट इज द हब ऑफ एनर्जी प्रोडक्शन।

07:28

Speaker A

दिस इज अ वॉर टैक्स ऑन आवर ओन किचंस।

07:31

Speaker A

जैसे ही वॉर स्टार्ट हुआ ऑयल जंप्ड फ्रॉम 70 टू 110 डॉलर्स।

07:36

Speaker A

टच्ड 120 डॉलर्स।

07:37

Speaker A

इंडिया इंपोर्ट करता है ज्यादातर ऑयल।

07:38

Speaker A

और जितना भी कॉस्ट इंक्रीज करता है उतना ही अल्टीमेटली हमारे को एक्सपेंसिव उतनी उतने ही प्राइसेस बंप अप हो जाते हैं।

07:47

Speaker A

और बात सिर्फ एनर्जी की नहीं है।

07:49

Speaker A

दिस इज हाउ इट हैपेंस।

07:50

Speaker A

आईओसी, बीपीसीएल।

07:52

Speaker A

खरीदते हैं एक हायर प्राइस पे।

07:55

Speaker A

क्योंकि हॉर्मूज बंद है।

07:57

Speaker A

और फ्यूल की शॉर्टेज हो रही है।

07:58

Speaker A

पेट्रोल बढ़ जाता है, डीजल बढ़ जाता है, पेट्रोल और डीजल बढ़ने की वजह से ट्रांसपोर्ट की कॉस्ट बढ़ जाती है, ट्रांसपोर्ट की कॉस्ट बढ़ने से वेजिटेबल्स की कॉस्ट बढ़ जाती है क्योंकि उनको भी ट्रांसपोर्ट चाहिए होता है।

08:07

Speaker A

सीमेंट की कॉस्ट बढ़ जाती है, एलपीजी की कॉस्ट बढ़ जाती है, आपके किचन के गैस की कॉस्ट बढ़ जाती है, आपके फर्टिलाइजर की कॉस्ट बढ़ जाती है।

08:13

Speaker A

इट्स एन इनविजिबल वॉर टैक्स ऑन 140 करोड़ इंडियंस दैट इज बीइंग कलेक्टेड थ्रू इन्फ्लेशन।

08:19

Speaker A

यू डोंट सी इट विजिबली बट इट्स हैपनिंग।

08:20

Speaker A

और एक और चीज जो हमको नहीं दिखती वो है सल्फर।

08:23

Speaker A

सल्फर इज एब्सोल्युटली क्रिटिकल फॉर फर्टिलाइजर्स।

08:26

Speaker A

अगर ऐसा ही हुआ तो ऑब्वियसली सल्फर भी महंगा होगा और सल्फर की क्वांटिटी कम होगी, चाइना ने रिसेंटली सल्फर सप्लाई करने से मना कर दिया इंडिया को क्योंकि वो अपनी इकॉनमी के लिए बचा के रखना चाहते थे।

08:34

Speaker A

अगर इंडिया के किसानों को फर्टिलाइजर नहीं मिला या सल्फर की कमी की वजह से फर्टिलाइजर महंगा हो गया।

08:40

Speaker A

तो ऑब्वियसली या तो उनकी क्रॉप की प्रोडक्शन कम हो जाएगी।

08:44

Speaker A

या वो अपने क्रॉप को महंगे पे बेचने पे मजबूर हो जाएंगे।

08:47

Speaker A

इन एनी केस अल्टीमेटली बर्डन आप ही पे पास ऑन होगा।

08:52

Speaker A

दैट इज हाउ द इकोनॉमिक्स ऑफ द वॉर टैक्स वर्क्स।

08:56

Speaker A

बट लेट मी गो फर्दर।

08:57

Speaker A

द फिफ्थ बेनिफिशियरी इज द इनविजिबल बिलियनेयर एंड दीज आर द कमोडिटी ट्रेडर्स।

09:01

Speaker A

ये वो ट्रेडर्स हैं जो रॉटरडैम में बैठे हैं, दे हैव बीन देयर फॉर सेंचुरीज।

09:07

Speaker A

एंड यू मे हैव मे हैव नेवर हर्ड ऑफ देम।

09:09

Speaker A

500 बिलियन डॉलर का बिजनेस करते हैं वो।

09:12

Speaker A

देयर इज अ ग्रुप कॉल्ड द विटॉल ग्रुप।

09:15

Speaker A

दे पे 450 सीनियर एग्जीक्यूटिव्स 90000 करोड़।

09:20

Speaker A

150 करोड़ रुपए पर पर्सन दे आर एबल टू पे।

09:25

Speaker A

दैट इज द अमाउंट ऑफ कमोडिटी कमोडिटी एक्सचेंज दैट दे डू।

09:28

Speaker A

एंड दिस इज जस्ट वन कंपनी, देयर आर मेनी अदर्स लाइक दिस।

09:30

Speaker A

वॉर से पहले इनके कंबाइंड प्रॉफिट्स लगभग 60000 करोड़ थे।

09:34

Speaker A

यूक्रेन के वॉर के बाद और ईरान के वॉर के बाद इनके कंबाइंड प्रॉफिट्स 4.5 लाख करोड़ से ऊपर हो गए हैं।

09:40

Speaker A

दिस इज दिस इज 8x मल्टीपल।

09:42

Speaker A

दे बाय ऑयल एट द ओल्ड प्राइस, दे सेल एट द न्यू प्राइस।

09:45

Speaker A

और डू यू नो इनसे बिजनेस कौन करता है?

09:47

Speaker A

इंडिया।

09:48

Speaker A

द बेस्ट बिजनेस आउट ऑफ ऑल ऑफ दिस इज रिकंस्ट्रक्शन।

09:51

Speaker A

आपने कभी सुना होगा कि सड़क को बनाने में उतने पैसे नहीं है जितने उसको रिपेयर करने में है।

09:57

Speaker A

तो जो ईरान की डिस्ट्रक्शन हो रही है और जो यूक्रेन की डिस्ट्रक्शन हो रही है उसको कोई तो रिकंस्ट्रक्ट करेगा ना।

10:02

Speaker A

समबडी हैज़ टू रिकंस्ट्रक्ट इट।

10:03

Speaker A

देयर इज मनी देयर।

10:04

Speaker A

अ लॉट ऑफ मनी देयर।

10:06

Speaker A

ईरान की रिकंस्ट्रक्शन में एस्टीमेट करा जा रहा है 42 लाख करोड़ विल बी रिक्वायर्ड।

10:10

Speaker A

ये इंडिया का एंटायर बजट का 85% है, इट इज ऑलमोस्ट एंटायर बजट ऑफ द कंट्री।

10:16

Speaker A

और इट इज द एनुअल अर्निंग ऑफ 85 करोड़ मिनिमम वेज इंडियन वर्कर्स जो ईरान को फिर से बनाने में लगेंगे।

10:22

Speaker A

और ये पहले हो चुका है।

10:23

Speaker A

2023 में जब इराक वॉर हुआ था, हैलीबर्टन सब्सिडरी गॉट द कॉन्ट्रैक्ट टू रिपेयर इट।

10:29

Speaker A

3.36 लाख करोड़ कॉन्ट्रैक्ट्स वर गिवन।

10:31

Speaker A

एंड डू यू नो एट दैट टाइम हु वाज द बेनिफिशियरी?

10:32

Speaker A

डिक चेनी।

10:33

Speaker A

जो कि हैलीबर्टन के सीईओ थे बिफोर बिकमिंग द वाइस प्रेसिडेंट।

10:36

Speaker A

तो ही केप्ट रिसीविंग 8.5 करोड़ एवरी ईयर व्हाइल ही वाज इन ऑफिस।

10:40

Speaker A

अब कॉन्ट्रैक्ट्स वर कॉस्ट प्लस।

10:42

Speaker A

एंड डू यू नो द अदर बेनिफिशियरी ऑफ दैट?

10:44

Speaker A

जॉर्ज डब्ल्यू बुश।

10:45

Speaker A

उनके प्रेसिडेंशियल कैंपेन में 60% हैड एंप्लॉइज हु हैड टाइज टू द एग्जीक्यूटिव ब्रांच हु हैड बेनिफिटेड फ्रॉम दीज रिकंस्ट्रक्शन कॉन्ट्रैक्ट्स।

10:51

Speaker A

तो जो लोग वॉर के लिए वोट करते हैं, वॉर कराते हैं, पहले उनको वॉर कराने के पैसे मिलते हैं, उसके बाद वॉर कराने के बाद उसको वॉर को फाइनेंस करने के पैसे मिलते हैं।

10:58

Speaker A

और उसके बाद जो डिस्ट्रक्शन होती है उस डिस्ट्रक्शन को रिपेयर करने के पैसे मिलते हैं।

11:03

Speaker A

यू टेल मी इफ दिस इज नॉट द बेस्ट बिजनेस इन द वर्ल्ड देन व्हाट इज।

11:08

Speaker A

दैट अदर रियल बिजनेसमैन इन द रूम इज चाइना।

11:10

Speaker A

चाइना ने ईरान के साथ 25 साल का एक कॉन्ट्रैक्ट साइन किया है।

11:14

Speaker A

34 लाख करोड़, 34 लाख करोड़ डील वाज साइंड विद ईरान इन 2021।

11:17

Speaker A

एनर्जी, इंफ्रास्ट्रक्चर, बैंकिंग।

11:19

Speaker A

चाइना बाय 80% ऑफ ईरान्स ऑयल।

11:20

Speaker A

अब इस केस में क्या होगा कि अमेरिका पेस टू डिस्ट्रॉय इट, चाइना पोजीशंस टू रीबिल्ड।

11:24

Speaker A

अमेरिकन टैक्स पेयर्स फंड द डेमोलिशन, चाइना रीकैप्चर्स द रिकंस्ट्रक्शन मार्केट।

11:28

Speaker A

एंड और चाइना के पास ये पैसे कहां से आते हैं?

11:30

Speaker A

फ्रॉम सेलिंग गुड्स टू द वर्ल्ड इंक्लूडिंग इंडिया एंड अमेरिका।

11:33

Speaker A

जो फोन हमारे फोन, हमारे इलेक्ट्रॉनिक्स, हमारी मशीनस, हमारे सोलर पैनल्स सब चाइनीज जनरेटेड हैं।

11:38

Speaker A

तो जो जो सरप्लस चाइना क्रिएट करता है अपने फॉरेन एक्सचेंज में और अपने रेवेन्यू से और अपने टैक्स से वो अल्टीमेटली इस रिकंस्ट्रक्शन बिजनेस में यूज होते हैं।

11:45

Speaker A

बट द फैक्ट ऑफ द मनी इज व्हेन द मनी हिट्स द बैंक।

11:48

Speaker A

द इंसेंटिव इज क्लियर।

11:49

Speaker A

यू कांट डिनाई दैट।

11:50

Speaker A

आई लीव द जजमेंट्स टू यू।

11:53

Speaker A

आई होप दिस हैज एडेड सम पर्सपेक्टिव टू योर लाइफ व्हेन यू सी अ मिसाइल फ्लाइंग यू शुड ऑल्सो इमेजिन सम अमाउंट ऑफ मनी हिटिंग समबडीज बैंक।

11:59

Speaker A

आई होप दैट लीव्स यू बेटर इनफॉर्म्ड एंड विद अ एंड विद अ रियल पर्सपेक्टिव अबाउट हाउ द वर्ल्ड वर्क्स।

12:04

Speaker A

थैंक यू।

Topics: ईरान इजराइल अमेरिका सऊदी अरब यूएई ट्रम्प परिवार हथियार कंपनियां युद्ध लॉबिंग महंगाई

Study this video

- [Flashcards from this video](https://sozai.app/tools/ai-flashcard-generator/?from=transcript&id=11502)
- [Quiz on this video](https://sozai.app/tools/quiz-generator/?from=transcript&id=11502)

Free, made by AI from this transcript. No signup.


---
This is the markdown twin of https://sozai.app/transcript/us-israel-iran-war-billionaires-paying/ — the same content, without the markup.
Published by SozAI (https://sozai.app). Reuse and quotation are allowed with attribution and a link back.
Machine-readable index: https://sozai.app/llms.txt · data API: https://sozai.app/api/
